Sawan Shivratri 2026 Vrat Recipes: इस साल सावन महीने की शिवरात्रि मंगलवार,11 अगस्त को है. इस दिन शिव भक्त मंदिरों में जाकर भोलेनाथ को जल चढ़ाते है और अपनी मनोकामना मांगते हैं. बहुत से श्रद्धालु इस दिन व्रत भी रखते हैं. सावन के महीने में ढेरों श्रद्धालु उपवास में रहते हैं. लेकिन उपवास के दौरान अपना ख्याल रखना भी जरूरी होता है. आपको फलाहार में हाई प्रोटीन फूड को शामिल करना चाहिए ताकि व्रत के दौरान आपको किसी तरह की कमजोरी न महसूस हो. आइए व्रत में बनने वाले कुछ हाई प्रोटीन रेसिपीज के बारे में जानते हैं.
सावन शिवरात्रि व्रत में हाई प्रोटीन फूड क्यों जरूरी हैं?
व्रत के दौरान लंबे समय तक भोजन न करने की वजह से शरीर में ऊर्जा की कमी महसूस हो सकती है. ऐसे में हाई प्रोटीन फूड्स पेट को लंबे समय तक भरा रखने में मदद करते हैं और बार-बार भूख लगने की समस्या को कम कर सकते हैं. पनीर, दही, मूंगफली, मखाना और कुट्टू जैसे खाद्य पदार्थ शरीर को जरूरी पोषण देने के साथ मांसपेशियों की सेहत बनाए रखने में भी मदद करते हैं. इसलिए व्रत के फलाहार में प्रोटीन से भरपूर चीजों को शामिल करना फायदेमंद माना जाता है.
व्रत के लिए 5 हाई-प्रोटीन रेसिपी (5 High-Protein Recipes for Fasting)
व्रत के दौरान कमजोरी और भूख से बचने के लिए फलाहार में शामिल करें मूंगफली, पनीर, मखाना और कुट्टू से बनी 5 हाई प्रोटीन रेसिपी.
मूंगफली वाली साम चावल की खिचड़ी

High-Protein Recipes for Fasting.
सावन के व्रत के दौरान आप समा के चावल खा सकते हैं, ये जल्दी पक भी जाते हैं. कटे हुए आलू, हरी मिर्च, जीरा और सेंधा नमक के साथ इसकी खिचड़ी बनाएं. इसमें अधिक पोषण और प्रोटीन ऐड करने खिचड़ी में मूंगफली डालें. आप इस खिचड़ी के ऊपर मूंगफली डाल कर सर्व कर सकते हैं.
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कुट्टू का चीला और दही

High-Protein Recipes for Fasting.
कुट्टू का आटा प्रोटीन और फाइबर का अच्छा सोर्स है. इससे आप आसानी से चीला बना सकते हैं, जो प्रोटीन से भरपूर और पेट भरने वाला लंच या डिनर हो सकता है. कुट्टू के आटे, पानी, हरी मिर्च और हल्के मसालों का घोल बनाएं. इसे कम घी में तवे पर पकाएं और गाढ़े दही के साथ सर्व करें. यह कॉम्बिनेशन आपको लंबे समय तक एनर्जी देगा और पेट भरा रखेगा.
सिंघाड़े के आटे और पनीर का पराठा विद मूंगफली-दही डिप

High-Protein Recipes for Sawan Fasting
प्रोटीन की जरूरत पूरी करने के लिए सिंघाड़े के आटे का पराठे बनाएं. मैश किए हुए पनीर, सेंधा नमक, जीरा पाउडर और उबले हुए आलू के साथ आटा गूंथ लें. पराठे बेलें और कम घी में पकाएं. डिप के लिए, दही में मूंगफली, सेंधा नमक और जीरा पाउडर मिलाएं.
पनीर मखाना करी

High-Protein Recipes for Sawan Fasting
टमाटर, हल्के मसालों और थोड़ी सी क्रीम के साथ ग्रेवी बनाएं. इसमें भुने हुए मखाने और पैन में फ्राई किए हुए पनीर के टुकड़े डालें, धीमी आंच पर पकने दें और सिंघाड़े के आटे के पराठे के साथ सर्व करें.
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मूंगफली के साथ साबूदाना पोहा
साबूदाना व्रत में खाया जाने वाला पसंदीदा और कार्ब्स से भरपूर फलाहार है. इसमें प्रोटीन बढ़ाने के लिए इसमें भुनी हुई मूंगफली और पनीर के छोटे टुकड़े मिलाएं. इसे ज्यादा टेस्टी बनाने के लिए घी, जीरा और हरी मिर्च का तड़का लगाएं.
साबूदाना पोहा में प्रोटीन कैसे बढ़ाएं?
साबूदाना मुख्य रूप से कार्बोहाइड्रेट का स्रोत है और इसमें प्रोटीन बहुत कम होता है. इसे अधिक पौष्टिक बनाने के लिए आप इसमें भुनी हुई मूंगफली, पनीर के छोटे टुकड़े और मखाना मिला सकते हैं. चाहें तो इसे दही के साथ भी खा सकते हैं. इससे न केवल प्रोटीन की मात्रा बढ़ेगी, बल्कि पेट भी लंबे समय तक भरा रहेगा और व्रत के दौरान शरीर को लगातार ऊर्जा मिलती रहेगी.
व्रत में कमजोरी से बचने के लिए क्या खाएं?
व्रत में कमजोरी से बचने के लिए सिर्फ साबूदाना या आलू पर निर्भर रहने के बजाय संतुलित फलाहार लेना जरूरी है. दही, पनीर, मूंगफली, मखाना, दूध, कुट्टू और सिंघाड़े के आटे से बनी चीजें बेहतर विकल्प हो सकती हैं. साथ ही पर्याप्त पानी पीते रहें और एक बार में बहुत ज्यादा खाने के बजाय थोड़ी-थोड़ी मात्रा में खाएं. इससे शरीर में ऊर्जा बनी रहती है और थकान या कमजोरी की संभावना कम हो सकती है.
व्रत के दौरान किन संकेतों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए?
व्रत के दौरान शरीर कुछ ऐसे संकेत देता है जिन्हें हल्के में नहीं लेना चाहिए. अगर आपको अत्यधिक कमजोरी, चक्कर आना, हाथ कांपना, ज्यादा पसीना आना, तेज सिरदर्द, धुंधला दिखना, दिल की धड़कन बढ़ना या बार-बार प्यास लगना जैसी समस्याएं महसूस हों, तो तुरंत सावधान हो जाएं. डायबिटीज, दिल या किडनी के मरीजों के लिए ये लक्षण और भी गंभीर हो सकते हैं. ऐसे में जरूरत पड़ने पर व्रत तोड़ें और डॉक्टर से सलाह लें. आस्था के साथ स्वास्थ्य की सुरक्षा भी उतनी ही जरूरी है.
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