
बेटे अबराम के साथ शाहरुख।
मुंबई:
सुपरस्टार शाहरूख खान ने अपने बेटे आर्यन के लिए पुरानी हिंदी और अंग्रेजी क्लासिक फिल्मों का संग्रह किया है । शाहरूख ने कहा कि वह चाहते हैं कि आर्यन ये फिल्में देखें ताकि उन्हें बालीवुड में आने की प्रेरणा मिले। आर्यन जल्द ही संयुक्त राज्य अमेरिका के एक प्रतिष्ठित संस्थान में फिल्मों के क्षेत्र में औपचारिक शिक्षा प्राप्त करना शुरू करेंगे।
शाहरूख ने कहा, "मैं आर्यन को बहुत सी फिल्में दिखा रहा हूं क्योंकि अब वह फिल्म स्कूल जाएगा। मैंने एक फोल्डर बनाया है जिसमें 'द अनटचेबल', 'गुडफेलास' और 'माइकल डगलस', 'फॉलिंग डाउन' जैसी सभी महान अंग्रेजी क्लासिक फिल्में हैं। मैं अभी उसे अंग्रेजी फिल्में दिखा रहा हूं।" उन्होंने कहा, "मैंने अलग से एक हिंदी क्लासिक फिल्मों का फोल्डर भी बनाया है। इसमें 'जाने भी दो यारों', 'शोले', 'दो आंखे बारह हाथ', दिलीप साहब और मेरी दोनों की 'देवदास' जैसी फिल्में हैं। मैं चाहता हूं कि वह अधिक से अधिक फिल्में देखे और वह देखता भी है, जिनमें अधिकतर मेरी फिल्में होती हैं।"
शिक्षा बेहद जरूरी
शाहरुख ने कहा, "लोगों का शिक्षित होना बेहद जरूरी है। मैं चाहता हूं कि मेरे देश का युवा कम से कम स्नातक तक पढ़ा हो। मैं इसकी प्रार्थना और उम्मीद करता हूं।"
अबराम है 'छोटा सरगना'
शाहरुख ने कहा कि वे अपने तीनों बच्चों को बराबर प्यार करते हैं। उन्होंने बताया कि उनका बड़ा बेटा आर्यन उनके दोस्त जैसा है, बेटी सुहाना एक प्यारी लड़की है और छोटा बेटा अबराम छोटा सरगना है।
उन्होंने बताया कि अबराम इस बात को समझता है कि लोग उसके पिता को पसंद और प्यार करते हैं। शाहरूख ने कहा, "जब ईद, दिवाली या मेरे जन्मदिन पर लोग हमारे घर के बाहर आ जाते हैं और वे आवाज लगाते हैं और मेरा नाम लेते हैं। तो उनकी आवाज हमारे घर के भीतर गूंजती है। जब अबराम इसे सुनता है तो वह कहता है "पापा बच्चे आ गये हैं।"
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
शाहरूख ने कहा, "मैं आर्यन को बहुत सी फिल्में दिखा रहा हूं क्योंकि अब वह फिल्म स्कूल जाएगा। मैंने एक फोल्डर बनाया है जिसमें 'द अनटचेबल', 'गुडफेलास' और 'माइकल डगलस', 'फॉलिंग डाउन' जैसी सभी महान अंग्रेजी क्लासिक फिल्में हैं। मैं अभी उसे अंग्रेजी फिल्में दिखा रहा हूं।" उन्होंने कहा, "मैंने अलग से एक हिंदी क्लासिक फिल्मों का फोल्डर भी बनाया है। इसमें 'जाने भी दो यारों', 'शोले', 'दो आंखे बारह हाथ', दिलीप साहब और मेरी दोनों की 'देवदास' जैसी फिल्में हैं। मैं चाहता हूं कि वह अधिक से अधिक फिल्में देखे और वह देखता भी है, जिनमें अधिकतर मेरी फिल्में होती हैं।"
शिक्षा बेहद जरूरी
शाहरुख ने कहा, "लोगों का शिक्षित होना बेहद जरूरी है। मैं चाहता हूं कि मेरे देश का युवा कम से कम स्नातक तक पढ़ा हो। मैं इसकी प्रार्थना और उम्मीद करता हूं।"
अबराम है 'छोटा सरगना'
शाहरुख ने कहा कि वे अपने तीनों बच्चों को बराबर प्यार करते हैं। उन्होंने बताया कि उनका बड़ा बेटा आर्यन उनके दोस्त जैसा है, बेटी सुहाना एक प्यारी लड़की है और छोटा बेटा अबराम छोटा सरगना है।
उन्होंने बताया कि अबराम इस बात को समझता है कि लोग उसके पिता को पसंद और प्यार करते हैं। शाहरूख ने कहा, "जब ईद, दिवाली या मेरे जन्मदिन पर लोग हमारे घर के बाहर आ जाते हैं और वे आवाज लगाते हैं और मेरा नाम लेते हैं। तो उनकी आवाज हमारे घर के भीतर गूंजती है। जब अबराम इसे सुनता है तो वह कहता है "पापा बच्चे आ गये हैं।"
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