आज यानी 7 सितंबर, सोमवार को अजा एकादशी का व्रत रखा गया. हिंदू धर्म में एकादशी तिथि का विशेष महत्व माना जाता है. यह व्रत भगवान विष्णु को समर्पित होता है. ऐसे में भक्त इस दिन भगवान विष्णु की पूजा करते हैं और नियम के साथ उपवास रखते हैं. मान्यता है कि श्रद्धा से रखा गया एकादशी व्रत जीवन में सुख-शांति लाता है और परेशानियों को दूर करने में मदद करता है. हालांकि, धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, एकादशी व्रत का पूर्ण फल तभी मिलता है, जब व्रत का पारण सही मुहूर्त में किया जाए. ऐसे में अगर आपने भी आज अजा एकादशी का व्रत रखा है, तो आइए जानते हैं इसका पारण कब किया जाएगा-
अजा एकादशी व्रत पारण का शुभ समय
पंचांग के अनुसार, अजा एकादशी व्रत का पारण अगले दिन यानी 8 सितंबर की सुबह 6 बजकर 2 मिनट से 8 बजकर 33 मिनट के बीच किया जा सकता है. इस समय के दौरान विधि के अनुसार व्रत खोलना सबसे शुभ रहेगा. द्वादशी तिथि का समापन 8 सितंबर को दोपहर 2 बजकर 42 मिनट पर होगा.
एकादशी व्रत का पारण कैसे करें?- पारण वाले दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और साफ कपड़े पहनें.
- इसके बाद भगवान विष्णु का ध्यान करके उनकी पूजा करें.
- पूजा के दौरान भगवान विष्णु को तुलसी दल जरूर अर्पित करें. धार्मिक मान्यता है कि तुलसी भगवान विष्णु को बहुत प्रिय है.
- पूजा पूरी करने के बाद आप सबसे पहले जल ग्रहण करके व्रत खोल सकते हैं. इसके बाद हल्का और सात्विक भोजन करें.
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, एकादशी व्रत का पारण हरिवासर के समय नहीं करना चाहिए. इसके अलावा व्रत खोलने के बाद सात्विक भोजन का सेवन करना ही उचित माना जाता है. द्वादशी के दिन चावल खाना भी शुभ माना गया है. साथ ही आप अपनी क्षमता के अनुसार जरूरतमंद लोगों को दान कर सकते हैं.
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. एनडीटीवी इसकी पुष्टि नहीं करता है.)
यह भी पढ़ें- Vastu Tips: घर में इन 5 जगहों पर लगाएं ये पेंटिंग, वास्तु के अनुसार बढ़ सकती है पैसों की बरकत
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं