Grayscale के डिजिटल एसेट्स एक्सचेंज ट्रेडेड फंड की यूरोप में होगी लिस्टिंग

इस ETF की लिस्टिंग लंदन स्टॉक एक्सचेंज, इटली के Borsa Italiana और जर्मनी के Deutsche Börse Xetra पर होगी

Grayscale के डिजिटल एसेट्स एक्सचेंज ट्रेडेड फंड की यूरोप में होगी लिस्टिंग

Grayscale ने इसी इंडेक्स को ट्रैक करने वाला एक ETF न्यूयॉर्क में लॉन्च किया था

खास बातें

  • यह पहली बार है कि जब अमेरिका की Grayscale का एक फंड यूरोप में लिस्ट होगा
  • पिछले कुछ सप्ताह में क्रिप्टोकरेंसीज में भारी गिरावट आई है
  • इन्फ्लेशन बढ़ने की आशंका से इनवेस्टर्स बिकवाली कर रहे हैं

क्रिप्टोकरेंसी एसेट मैनेजमेंट फर्म Grayscale के फाइनेंस सेक्टर में बदलाव लाने से जुड़ी कंपनियों के एक एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ETF) को यूरोप में लिस्ट कराया जाएगा. "Bloomberg Grayscale Future of Finance Index" को ट्रैक करने वाले इस ETF की लिस्टिंग लंदन स्टॉक एक्सचेंज, इटली के Borsa Italiana और जर्मनी के Deutsche Börse Xetra पर होगी. 

यह पहली बार है कि जब अमेरिका की Grayscale का एक फंड यूरोप में लिस्ट होगा. इस इंडेक्स में एसेट मैनेजमेंट फर्मों, एक्सचेंजों, ब्रोकरेज फर्मों, टेक्नोलॉजी फर्मों और क्रिप्टोकरेंसी की माइनिंग से जुड़ी फर्मों को शामिल किया गया है. Grayscale के CEO Michael Sonnenshein ने कहा, "हमारे लिए फाइनेंस का डिजिटल सेगमेंट डिजिटल एसेट्स में ग्रोथ से जुड़ा है." इससे पहले फरवरी में Grayscale ने इसी इंडेक्स को ट्रैक करने वाला एक ETF न्यूयॉर्क में लॉन्च किया था. यह ETF पिछले सप्ताह लगभग 14.60 डॉलर पर ट्रेड कर रहा था. 

इस इंडेक्स की टॉप तीन फर्मों में पेमेंट्स फर्म PayPal, फिनटेक फर्म Block और रिटेल ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म Robinhood शामिल हैं. पिछले कुछ सप्ताह में क्रिप्टोकरेंसीज और क्रिप्टो से जुड़े स्टॉक्स में गिरावट आई है क्योंकि इन्फ्लेशन बढ़ने की आशंका और कई देशों में सेंट्रल बैंकों की ओर से रेट बढ़ाए जाने के बाद इनवेस्टर्स अधिक रिस्क वाले एसेट्स में बिकवाली कर रहे हैं. क्रिप्टो से जुड़े रूल्स में सुधार के लिए ग्लोबल मार्केट रेगुलेटर्स अगले वर्ष एक संयुक्त संस्था शुरू कर सकते हैं. भारी बिकवाली होने से मार्केट कैपिटलाइजेशन के लिहाज से सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन का प्राइस लगभग 20 प्रतिशत टूटा है.  

इंटरनेशनल ऑर्गनाइजेशन ऑफ सिक्योरिटीज कमीशन (IOSCO) के प्रमुख Ashley Alder का कहना है कि बिटकॉइन जैसी डिजिटल करेंसीज में आई तेजी कोरोना और क्लाइमेट चेंज जैसे एरिया के साथ अथॉरिटीज के फोकस वाले प्रमुख एरिया में शामिल है. उन्होंने कहा, "अगर आप रिस्क को देखें तो वह बहुत अधिक है और इसे लेकर इंस्टीट्यूशनल स्तर पर बातचीत करने की जरूरत है." उन्होंने क्रिप्टो सेगमेंट के प्रमुख रिस्क में सायबर सिक्योरिटी और ट्रांसपैरेंसी की कमी को बताया. रेगुलेटर्स ने पहले भी क्रिप्टोकरेंसीज में वोलैटिलिटी अधिक होने पर चिंता जताई है.स्टेबलकॉइन TerraUSD के प्राइस में बहुत अधिक गिरावट आने के बाद अमेरिका में सीनेट बैंकिंग कमेटी के अध्यक्ष की ओर से अमेरिकी सांसदों से क्रिप्टो रेगुलेशंस को कड़ा बनाने का निवेदन किया गया है. 
 


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