ऑनलाइन डेटिंग की दुनिया में 'Women-First' एप्रोच के साथ एक समय क्रांति लाने वाला मशहूर डेटिंग ऐप- बंबल (Bumble) इन दिनों बड़े वित्तीय संकट से जूझ रहा है. रॉयटर्स ने मामले की जानकारी रखने वाले सूत्रों के हवाले से बताया है कि बंबल पर बिकवाली का साया मंडरा रहा है. कंपनी खुद को बेचने की जुगत में है और इसके लिए 'मोर्गन स्टेनली' (Morgan Stanley) के इंवेस्टमेंट बैंकर्स की मदद भी ली जा रही है.
इसके पीछे की वजह ऑनलाइन डेटिंग सेक्टर में सुस्त पड़ती ग्रोथ और यूजर्स की घटती संख्या बताई जा रही है. अगर ऐसा है तो ये जाहिर तौर पर संकेत दे रहा है कि Gen-Z, जो सबसे बड़ा कंज्यूमर वर्ग है, उनका इंटरेस्ट ऑनलाइन डेटिंग में कम हो रहा है और शायद वे इसमें पैसे खर्च नहीं करना चाहते. बंबल की बिकवाली जैसी स्थिति के पीछे कुछ और भी तकनीकी वजहें हो सकती हैं.
कोई डील अब तक फाइनल नहीं
टेक्सास के ऑस्टिन में स्थित इस कंपनी ने संभावित बिक्री प्रक्रिया पर काम करने के लिए निवेश बैंक 'मोर्गन स्टेनली' (Morgan Stanley) के इंवेस्टमेंट बैंकर्स की मदद ली है. हालांकि, सूत्रों ने यह भी साफ किया है कि अभी तक कोई डील फाइनल नहीं हुई है और कंपनी स्वतंत्र रूप से काम जारी रखने का फैसला भी ले सकती है. इस मामले पर बंबल और मोर्गन स्टेनली दोनों ने ही कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया है. हालांकि मौजूदा वित्तीय आंकड़े बंबल के फेवर में नहीं दिखते हैं.
लगातार गिर रही है मार्केट वैल्यू
शेयर बाजार में पिछले 12 महीनों के दौरान बंबल के शेयरों में 48% की भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे अब इसकी मार्केट वैल्यू घटकर सिर्फ 38.8 करोड़ डॉलर ($388 मिलियन) रह गई है. टिंडर (Tinder) की को-फाउंडर व्हिटनी वोल्फ हर्ड ने साल 2014 में बंबल की शुरुआत की थी. साल 2021 में जब बंबल का आईपीओ (IPO) आया था, तब इसकी वैल्युएशन 7 बिलियन डॉलर से ज्यादा थी. एसेट मैनेजर कंपनी 'ब्लै Blackstone', जिसके पास बंबल की करीब 22% हिस्सेदारी है, उसने भी इस महीने 2.82 करोड़ डॉलर के शेयर बेचे हैं.
पेड यूजर्स में भारी गिरावट
जानकारों का मानना है कि युवाओं, खासकर 'जेन जी' (Gen Z) के बीच अब डेटिंग ऐप्स को लेकर एक तरह की थकान (Fatigue) देखी जा रही है. युवा अब इन ऐप्स पर पैसे खर्च करने से कतरा रहे हैं.
आंकड़ों के मुताबिक, साल 2025 में बंबल के कुल पेड यूजर्स 11% से अधिक घटकर 37 लाख रह गए थे, जबकि सालाना रेवेन्यू भी 10% घटकर लगभग 96.6 करोड़ डॉलर पर आ गया.
साल 2026 की पहली तिमाही में तो स्थिति और खराब हो गई, जब सालाना आधार पर पैसे देने वाले ग्राहकों की संख्या में करीब 20% की भारी गिरावट दर्ज की गई.
नाकाफी साबित हुए प्रयास
बंबल ने यूजर्स की इस कमी को पूरा करने के लिए अपनी फीस बढ़ाई और कमाई के नए तरीके ढूंढे, जिससे प्रति यूजर औसत रेवेन्यू में थोड़ी बढ़ोतरी जरूर हुई, लेकिन यह ऐप को संकट से उबारने के लिए काफी नहीं है. जानकारों का कहना है कि बाजार में बढ़ती प्रतिस्पर्धा, बदलती प्राथमिकताएं और 'विमेन-फर्स्ट' ब्रांडिंग का अब उतना स्पेशल न रह जाना कंपनी के लिए बड़ी चुनौतियां बन गया है. हालांकि बंबल ने 'बंबल फॉर फ्रेंड्स' और 'बंबल बिज' (प्रोफेशनल नेटवर्क) जैसे नए फीचर्स भी जोड़े, लेकिन ये अभी भी कंपनी के बिजनेस का बहुत छोटा हिस्सा हैं.
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