PNG Scam Alert: आजकल डिजिटल सुविधाएं जितनी तेजी से बढ़ रही हैं, साइबर ठगी के मामले भी उतनी ही तेजी से सामने आ रहे हैं. अब ठगों ने PNG (पाइप्ड नेचुरल गैस) कनेक्शन को नया हथियार बना लिया है. गौरतलब है कि सरकार के नए नियमों के बाद लोग तेजी से PNG कनेक्शन ले रहे हैं, इसी स्थिति का फायदा उठाकर स्कैमर्स लोगों को निशाना बना रहे हैं. सरकार के निर्देश के अनुसार, जिन इलाकों में PNG की सुविधा है, वहां लोगों को तय समय के अंदर कनेक्शन लेना जरूरी है. इसी बात का फायदा उठाकर ठग लोगों को डराकर पैसे ऐंठ रहे हैं. ऐसे में सतर्क रहना बेहद जरूरी है.
क्या है PNG गैस स्कैम?
ठग अब आम लोगों को गैस कंपनी के नाम पर फर्जी कॉल या मैसेज भेज रहे हैं. वे खुद को गैस कंपनी का अधिकारी बताकर कॉल करते हैं और लोगों को कनेक्शन काटने का डर दिखाते हैं. या फर्जी मैसेज भेजते हैं. इन मैसेज में लिखा होता है कि 'आपका गैस कनेक्शन बंद किया जा रहा है, तुरंत पेमेंट करें.' इसके लिए वे फर्जी लिंक, QR कोड या पेमेंट रिक्वेस्ट भेजते हैं. वहीं, डर और जल्दबाजी में लोग बिना जांचे पैसे भेज देते हैं और ठगी का शिकार हो जाते हैं.
किन लोगों को बनाया जा रहा निशाना?जहां PNG कनेक्शन ज्यादा हैं, वहां यह स्कैम तेजी से फैल रहा है. दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद जैसे शहरों में इसके कई मामले सामने आए हैं. 'अभी पेमेंट करो, नहीं तो कनेक्शन कट जाएगा' जैसे मैसेज पढ़कर अक्सर लोग घबरा जाते हैं और डर के कारण अनजान नंबर पर भरोसा कर लेते हैं या बिना सोचे-समझे लिंक पर क्लिक कर देते हैं. कुछ लोग OTP भी शेयर कर देते हैं या फर्जी ऐप डाउनलोड कर लेते हैं, जिससे ठग उनके अकाउंट तक पहुंच जाते हैं.
कैसे पहचानें फर्जी मैसेज?सबसे पहले तो जिस नंबर से आपको मैसेज आया है, उसकी पहचान करें. इसके अलावा ध्यान रखें कि फर्जी मैसेज में अक्सर डराने वाली भाषा होती है और जल्दी कार्रवाई करने का दबाव होता है. अगर आपको जल्दबाजी करने के लिए कहा जाए, तो तुरंत सतर्क हो जाएं. असली कंपनियां हमेशा सामान्य भाषा में जानकारी देती हैं और किसी भी तरह का दबाव नहीं डालती हैं, न ही कोई संदिग्ध लिंक या QR कोड भेजतीं हैं.
पेमेंट करते समय इन बातों का रखें ध्यानअगर आपको PNG कनेक्शन से जुड़ा कोई भी मैसेज या कॉल आता है, तो घबराएं नहीं. किसी अनजान लिंक, कॉल या मैसेज पर भरोसा न करें. पेमेंट करने के लिए हमेशा गैस कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप पर जाएं और इन्हीं के जरिए पेमेंट करें. OTP, PIN या बैंक डिटेल्स किसी के साथ शेयर न करें, साथ ही पेमेंट करने से पहले हर जानकारी को अच्छी तरह जांच लें.
अगर ठगी हो जाए तो क्या करें?अगर गलती से आपके साथ फ्रॉड हो जाए, तो तुरंत बैंक को सूचना दें और ट्रांजैक्शन ब्लॉक करवाएं. साथ ही 1930 हेल्पलाइन पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें. जितनी जल्दी आप कार्रवाई करेंगे, पैसे वापस मिलने की संभावना उतनी ही ज्यादा होगी.
ध्यान रखें PNG कनेक्शन से जुड़ा स्कैम तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन थोड़ी सी सावधानी से इससे बचा जा सकता है. ऐसे में जागरूक रहना ही सबसे बड़ा बचाव है.
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