नई दिल्ली: नागरिक उड्डयन मंत्रालय (MoCA) ने हवाई यात्रियों की शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए पैसेंजर असिस्टेंस एंड कंप्लेंट रिजॉल्यूशन (PACR) प्रणाली की स्थापना की है. अधिकारियों के अनुसार, इस व्यवस्था के जरिये पिछले 6 महीने में अब तक 73 हजार से अधिक यात्रियों की शिकायतों का समाधान किया गया है.
PACR क्या है?
अधिकारियों के अनुसार, यह कंट्रोल रूम की तरह है, जो 24x7 सक्रिय है. इसमें एयरपोर्ट, नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA), ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी (BCAS) और भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) के प्रतिनिधि एक साथ मिलकर काम करते हैं. यहां एयर सेवा, ई-मेल, सोशल मीडिया और कॉल के माध्यम से प्राप्त शिकायतों को पैसेंजर असिस्टेंस एंड कंप्लेंट रिजॉल्यूशन में एकीकृत किया जाता है, और फिर उन पर तत्काल कार्रवाई होती है. मंत्रालय का दावा है कि अब यात्रियों की समस्याओं का समाधान पहले की तुलना में तेजी से हो रहा है.
तीन स्तरों पर होती है निगरानी
पीएसीआर के कामकाज की निगरानी तीन स्तरों-ASO, US/SO और JS- पर की जाती है. शिकायत निवारण से जुड़ी नियमित रिपोर्ट सक्षम प्राधिकारी को भेजी जाती हैं. मंत्रालय का कहना है कि यह व्यवस्था यात्री कल्याण, विभिन्न हितधारकों के बीच बेहतर समन्वय और जवाबदेही सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है.

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शिकायतों का दायरा बढ़ा
नागरिक उड्डयन सचिव समीर कुमार सिन्हा ने कहा कि हाल के दिनों में शिकायतों का दायरा काफी बढ़ा है. मंत्रालय सभी माध्यमों से आने वाली शिकायतों की निगरानी कर रहा है, जिनमें सोशल मीडिया सबसे प्रमुख माध्यम बनकर उभरा है. उन्होंने कहा कि यात्रियों की शिकायतों का समाधान तत्काल हो इसीलिए यह नई व्यवस्था लाई गई और इसके अच्छे परिणाम भी देखने को मिले हैं. मंत्रालय का दावा है कि इस व्यवस्था की सफलता 98 प्रतिशत रही है.
नया वर्जन एयर सेवा का होगा लॉन्च
सिन्हा ने बताया कि अगले 90 दिनों में एयर सेवा प्लेटफॉर्म का नया वर्जन लॉन्च किया जाएगा, जिससे शिकायत निवारण प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा. अधिकारियों के अनुसार, यात्रियों की शिकायतों के समाधान के लिए नागरिक उड्डयन मंत्रालय (MoCA) आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और नई तकनीकों का भी सहारा ले रहा है.
संयुक्त सचिव स्तर पर मॉनिटरिंग
नागरिक उड्डयन मंत्रालय के अनुसार, शिकायतों के निपटारे की निगरानी के लिए वरिष्ठ अधिकारियों को रियल-टाइम डैशबोर्ड उपलब्ध कराया गया है, जिससे वे हर शिफ्ट में हो रही कार्रवाई पर नजर रख सकें. इसके अलावा शिकायतों के निपटारे की प्रगति की समीक्षा के लिए प्रतिदिन वरिष्ठ अधिकारी PACR का दौरा भी करते हैं. वहीं जिन मामलों का तत्काल समाधान नहीं हो पाता, उन्हें उच्च स्तर पर भेजकर हल कराने का प्रयास किया जाता है.
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