- मध्य प्रदेश सरकार ने लाड़ली बहना योजना की 32वीं किस्त जारी कर दी है
- इस किस्त के तहत कुल 1836 करोड़ रुपये का भुगतान DBT के जरिए महिलाओं को किया गया है
- लाड़ली बहना योजना का उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना और उनके स्वास्थ्य व पोषण में सुधार करना है
Ladli Behna Yojana 32nd installment: मध्य प्रदेश की लाड़ली बहनों का इंतजार आखिरकार खत्म हो गया है. राज्य सरकार ने लाडली बहना योजना की 32वीं किस्त जारी कर दी है. मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नर्मदापुरम जिले के माखन नगर (बाबई) से डीबीटी (Direct Bank Transfer) के जरिए 1.26 करोड़ से अधिक महिलाओं के बैंक खातों में 1500 रुपये ट्रांसफर किए. कुल मिलाकर सरकार ने इस बार 1836 करोड़ रुपये की बड़ी राशि बहनों के खातों में भेजी है, जो उनके रोजमर्रा के खर्च, बच्चों की जरूरतों और आर्थिक सुरक्षा में अहम भूमिका निभाती है.
32वीं किस्त की पूरी जानकारी
लाड़ली बहना योजना के तहत यह 32वीं मासिक किस्त है. इससे पहले योजना की 31 किस्तें सफलतापूर्वक जारी की जा चुकी हैं. पिछली किस्त 9 दिसंबर को ट्रांसफर की गई थी. जनवरी महीने की इस किस्त का बेसब्री से इंतजार किया जा रहा था, जिसे अब सरकार ने पूरा कर दिया है.
- लाभार्थी महिलाएं: 1.26 करोड़
- प्रति महिला राशि: 1500 रुपये
- कुल ट्रांसफर राशि: 1836 करोड़ रुपये
- भुगतान माध्यम: DBT (डायरेक्ट बैंक ट्रांसफर)
'महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाया जा रहा है'
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस अवसर पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X के जरिए कहा कि “नारी सशक्तिकरण मध्य प्रदेश सरकार का दृढ़ संकल्प है. लाड़ली बहन योजना के जरिए महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाया जा रहा है, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें.” उन्होंने यह भी कहा कि पंचायतों और स्थानीय निकायों की मजबूती से ही योजनाएं जमीन पर प्रभावी ढंग से लागू होती हैं.
पैसे आया या नहीं? ऐसे करें चेक
अगर आप जानना चाहती हैं कि आपके खाते में पैसे आए हैं या नहीं, तो नीचे दिए गए आसान स्टेप्स फॉलो करें:
- ऑफिशियल वेबसाइट cmladlibahna.mp.gov.in पर जाएं
- “आवेदन एवं भुगतान की स्थिति” पर क्लिक करें
- आवेदन क्रमांक दर्ज करें
- कैप्चा भरें और OTP भेजें पर क्लिक करें
- OTP डालकर खोजें पर क्लिक करें
- स्क्रीन पर भुगतान की स्थिति दिख जाएगी
योजना का मकसद
लाड़ली बहना योजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है. इसके साथ ही यह योजना-
- महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य व पोषण में सुधार
- परिवार के फैसलों में महिलाओं की सशक्त भूमिका
- आर्थिक सुरक्षा के जरिए महिलाओं का आत्मविश्वास बढ़ाना जैसे लक्ष्यों पर काम करती है.
कैसे इस योजना का फायदा ले सकते हैं?
इस योजना का लाभ वही महिलाएं ले सकती हैं जो, मध्य प्रदेश की निवासी हों, उम्र 21 से 60 वर्ष के बीच हो, विवाहित, विधवा, तलाकशुदा हों. साथ ही परिवार की सालाना आय 2.5 लाख रुपये से कम हो, आधार लिंक DBT-enabled बैंक खाता हो. वहीं, अविवाहित महिलाएं इस योजना के लिए पात्र नहीं हैं.
जरूरी दस्तावेज
- आधार कार्ड
- आधार से लिंक बैंक खाता
- रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर
पहले कितनी मिलती था अमाउंट?
योजना की शुरुआत मई 2023 में हुई थी. तब महिलाओं को 1000 रुपये प्रति माह दिए जाते थे. बाद में राशि बढ़ाकर 1250 रुपये की गई और अब सरकार 1500 रुपये प्रति माह दे रही है
सरकार का क्या है टारगेट?.
सरकार का लक्ष्य है कि आने वाले सालों में इस राशि को और बढ़ाया जाए. सरकारी बयान के मुताबिक, 2028 तक लाड़ली बहनों को 3000 रुपये प्रति माह देने का लक्ष्य रखा गया है.
लाड़ली बहना योजना आज मध्य प्रदेश की महिलाओं के लिए सिर्फ एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि आर्थिक संबल और आत्मसम्मान का जरिया बन चुकी है. 32वीं किस्त के जारी होने से एक बार फिर सरकार ने यह साफ कर दिया है कि महिला सशक्तिकरण उसकी प्राथमिकता में सबसे ऊपर है. आने वाले समय में इस योजना का दायरा और लाभ दोनों बढ़ने की उम्मीद है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं