आजकल कई लोगों को एक अजीब तरह की कॉल आ रही है. फोन बजता है, आप कॉल उठाते हैं, लेकिन दूसरी तरफ से कोई आवाज नहीं आती. ना कोई बात, ना कोई बैकग्राउंड साउंड, बस पूरी खामोशी. अक्सर लोग इसे नेटवर्क की समस्या समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन असल में यह एक नया तरह का AI स्कैम हो सकता है.
इस तरह की कॉल्स का मकसद आपसे तुरंत बात करना नहीं होता, बल्कि आपको पहले बोलने के लिए मजबूर करना होता है. जैसे ही आप “हेलो” कहते हैं, वहीं से स्कैमर्स का काम शुरू हो जाता है.
साइलेंट कॉल स्कैम कैसे काम करता है?
इस स्कैम का तरीका काफी स्मार्ट और खतरनाक है. स्कैमर आपको एक कॉल करता है और जानबूझकर चुप रहता है. आमतौर पर लोग कंफर्म करने के लिए “हेलो” बोलते हैं या पूछते हैं कि कौन बोल रहा है.
बस यही छोटी-सी आवाज रिकॉर्ड कर ली जाती है. अब AI टूल्स की मदद से इस छोटी सी वॉइस सैंपल को प्रोसेस किया जाता है. इससे आपकी आवाज की कॉपी यानी क्लोन तैयार की जा सकती है.
इसके अलावा स्कैमर्स आपकी बोलने की स्टाइल और टोन को भी समझने की कोशिश करते हैं. धीरे-धीरे वे यह भी ट्रैक कर सकते हैं कि आप किस समय कॉल उठाते हैं और कितनी जल्दी जवाब देते हैं. यह सारी जानकारी बाद में बड़े और टारगेटेड फ्रॉड के लिए इस्तेमाल होती है.

किन लोगों को ज्यादा खतरा है?
यह स्कैम किसी के साथ भी हो सकता है, लेकिन कुछ लोग ज्यादा रिस्क में होते हैं. जैसे बुजुर्ग लोग, जो कॉल पर ज्यादा देर तक बने रहते हैं और समझने की कोशिश करते हैं कि क्या हो रहा है.
माता-पिता भी जल्दी रिएक्ट करते हैं, खासकर जब उन्हें लगता है कि कोई इमरजेंसी हो सकती है. इसके अलावा बिजनेस करने वाले लोग और प्रोफेशनल्स भी खतरे में होते हैं, क्योंकि वे अक्सर अनजान नंबर से आने वाली कॉल्स उठाते हैं.
साइलेंट कॉल आने पर क्या नहीं करना चाहिए
अगर आपके पास इस तरह की साइलेंट कॉल आती है, तो सबसे सुरक्षित तरीका है कि आप कुछ भी न बोलें. “हेलो” कहना, सवाल पूछना या बातचीत शुरू करना भी रिस्की हो सकता है. कुछ सेकंड की आपकी आवाज भी स्कैमर्स के लिए काफी हो सकती है. इसलिए बेहतर है कि आप कॉल को बिना बोले ही कट कर दें.
अगर कॉल आती है, तो आप उसे स्पीकर पर कुछ देर के लिए छोड़ सकते हैं, लेकिन खुद कुछ न बोलें. बैकग्राउंड में टीवी या म्यूजिक चलाने से रिकॉर्डिंग बेकार हो सकती है. कुछ लोग जानबूझकर अस्पष्ट या टूटी-फूटी आवाज में बोलते हैं, जिससे रिकॉर्डिंग की क्वालिटी खराब हो जाती है. यह भी एक तरीका है खुद को बचाने का.
यह स्कैम हमेशा तुरंत पैसे चुराने के लिए नहीं होता. कई बार स्कैमर्स धीरे-धीरे आपकी जानकारी इकट्ठा करते हैं और बाद में बड़े फ्रॉड की प्लानिंग करते हैं. अगर आप समझदारी से काम लें और अनजान कॉल्स पर कम से कम बोलें, तो आप खुद को इस तरह के स्कैम से बचा सकते हैं. छोटी सी सावधानी आपको बड़े नुकसान से बचा सकती है.
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