- मुंबई में 38 वर्षीय बांग्लादेशी महिला को अवैध तरीके से देश में प्रवेश करने के आरोप में हिरासत में लिया गया.
- महिला को पहले अगस्त 2025 में भारत से निष्कासित किया गया था और उसे बांग्लादेशी अधिकारियों को सौंपा गया था.
- महिला ने पुलिस को बताया कि वह चोरी-छिपे भारत-बांग्लादेश सीमा के जंगलों के रास्ते दोबारा भारत में घुसी थी.
मुंबई के गेटवे ऑफ इंडिया के पास एक 38 वर्षीय बांग्लादेशी महिला को पुलिस ने हिरासत में लिया है. चौंकाने वाली बात यह है कि यह वही महिला है जिसे पहले देश से निष्कासित किया जा चुका था. आरोप है कि वह अवैध तरीके से फिर भारत में दाखिल हुई. कोलाबा पुलिस ने विदेशी अधिनियम के तहत नया केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई
पुलिस सूत्रों के अनुसार, 5 जनवरी की सुबह करीब 9 बजे कोलाबा पुलिस स्टेशन के एंटी-टेररिज़्म सेल में तैनात पुलिस हवलदार बंडू बाबुराव सावंत को सूचना मिली थी कि एक बांग्लादेशी महिला बिना किसी वैध दस्तावेज के गेटवे ऑफ इंडिया इलाके में मौजूद है. सूचना मिलते ही PSI मोरे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने इलाके में तलाश शुरू की.
यह भी पढ़ें- थाईलैंड में बड़ा ट्रेन हादसा, चलती ट्रेन पर गिरी भारी-भरकम क्रेन, 22 यात्रियों की दर्दनाक मौत, 30 घायल
करीब 4:30 बजे शाम को गेटवे ऑफ इंडिया के गेट के बाहर एक महिला संदिग्ध हालत में दिखाई दी. पूछताछ करने पर उसने अपना नाम जुलेखा जमाल शेख (38) बताया और कहा कि वह नागपाड़ा के कामाठीपुरा इलाके में फुटपाथ पर रहती है.
पूछताछ में हुआ बड़ा खुलासा
महिला को कोलाबा पुलिस स्टेशन लाकर जब गहन पूछताछ की गई तो उसने स्वीकार किया कि वह बांग्लादेश की नागरिक है. जांच के दौरान उसने यह भी बताया कि अगस्त 2025 में उसे मुंबई के अग्रिपाड़ा पुलिस द्वारा भारत से डिपोर्ट कर बांग्लादेशी अधिकारियों के हवाले किया गया था.
हालांकि, इसके कुछ समय बाद वह भारत-बांग्लादेश सीमा के जंगलों के रास्ते चोरी-छिपे दोबारा भारत में घुस आई. जब उससे पासपोर्ट, वीजा या किसी भी तरह के वैध यात्रा दस्तावेज मांगे गए, तो वह कोई कागजात पेश नहीं कर सकी.
यह भी पढ़ें- जेल से बाहर आने की कोशिश में अबू सालेम... भाई के निधन पर मांगी 14 दिन की पैरोल, सरकार ने रखा 2 दिन का विकल्प
पहचान और पुराने रिकॉर्ड की पुष्टि
पुलिस जांच में महिला का मूल पता बांग्लादेश के खुलना राज्य के जशोर जिले के राजाघाट गांव के रूप में सामने आया है. स्पेशल ब्रांच के रिकॉर्ड से भी पुष्टि हुई कि 6 अगस्त 2025 के आदेश के तहत उसे पहले भारत से निष्कासित किया गया था.
आगे की जांच जारी
फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि महिला ने किन लोगों की मदद से सीमा पार की और अवैध घुसपैठ के पीछे कोई संगठित नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है.
ऐसा ही एक और मामला आया सामने
इसके अलावा मुंबई एंटी टेररिज़्म स्क्वॉड (ATS) ने एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए 30 वर्षीय बांग्लादेशी महिला को मुंबई में अवैध रूप से रहते हुए गिरफ्तार किया है. महिला के पास कोई भी वैध पासपोर्ट, वीज़ा या इमिग्रेशन से जुड़े दस्तावेज़ नहीं पाए गए हैं. गिरफ्तार महिला की पहचान बिलकिस बेगम सिरमिया अख्तर के रूप में हुई है. उसे मुंबई एटीएस और कफ़ परेड पुलिस की संयुक्त टीम ने एक रेड के दौरान हिरासत में लिया.
खुफिया इनपुट के बाद छापा
ATS को खुफिया जानकारी मिली थी कि एक विदेशी महिला अवैध तरीके से भारत में घुसी है और दक्षिण मुंबई के कफ़ परेड इलाके में रह रही है. इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए ATS अधिकारियों ने कफ परेड पुलिस के साथ मिलकर इलाके में निगरानी शुरू की. सूचना के आधार पर एक महिला को संदिग्ध हालत में रोका गया. पहले तो उसने पुलिस के सवालों के सीधे जवाब नहीं दिए और टालमटोल करती रही. इसके बाद एक मुखबिर की मदद से उसकी पहचान की पुष्टि की गई. स्थिति को देखते हुए निर्भया मोबाइल-5 पेट्रोलिंग वाहन को मौके पर बुलाया गया और महिला को हिरासत में ले लिया गया.
पूछताछ में सामने आया सच
पुलिस पूछताछ के दौरान महिला ने आखिरकार कबूल किया कि वह बांग्लादेश की नागरिक है. उसने यह भी बताया कि अगस्त 2025 में उसे क्राइम ब्रांच ने अवैध रूप से भारत में रहने के आरोप में डिपोर्ट किया था.
डिपोर्ट होने के बावजूद उसने बॉर्डर पेट्रोल से बचते हुए एक बार फिर गैरकानूनी तरीके से भारत में प्रवेश किया. इसके बाद वह कफ़ परेड इलाके में एक किराए के कमरे में रह रही थी, वो भी बिना किसी वैध इमिग्रेशन दस्तावेज़ के.
मोबाइल से मिले अहम सबूत
तलाशी के दौरान पुलिस ने महिला के पास से एक Infinix कंपनी का मोबाइल फोन जब्त किया. मोबाइल की जांच में उसमें बांग्लादेश का नेशनल आईडी नंबर और उससे जुड़ी तस्वीरें मिलीं. पुलिस ने इन सभी डिजिटल डिटेल्स को सबूत के तौर पर सुरक्षित कर लिया है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं