Shivpuri News: मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले की नगर पालिका में पदस्थ एक बाबू ने अपने ही विभाग के निलंबित बाबू से रिश्वत मांग ली. आरोपी बाबू ने निलंबित बाबू से ₹60,000 की रिश्वत मांगी, शिकायत के बाद लोकायुक्त पुलिस ने उसे ₹40,000 रुपये लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया. इस घूसकांड में CMO की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है. पुलिस ने आरोपी बाबू के खिलाफप भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
सौदा तय होने के बाद लोकायुक्त की शिकायत
जानकारी के अनुसार, शिवपुरी नगर पालिका में पदस्थ बाबू भगवान लाल अपने ही विभाग में पदस्थ सहायक राजस्व निरीक्षक हरि बल्लभ चंदोरिया को निलंबन से बहाल कराने के बदले ₹60,000 की रिश्वत मांग रहा था. बाद में ₹40,000 में सौदा तय हुआ. लेकिन, इसके बाद हरि बल्लभ ने लोकायुक्त पुलिस ग्वालियर में इसकी शिकायत कर दी. शिकायत के सत्यापन के बाद लोकायुक्त पुलिस ने आरोपी को पकड़ने की योजना बनाई.
दुल्हन बारात लेकर पहुंची, दूल्हे से शादी की और विदा कराकर अपने घर ले गई, खूब रोया दूल्हा
₹40,000 लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
लोकायुक्त पुलिस ने योजना के तहत ₹40,000 रुपये देकर फरियादी हरि बल्लभ को नगर पालिका शिवपुरी के बाबू भगवान लाल के पास भेजा. जैसे ही भगवान लाल ने पैसे लिए, लोकायुक्त टीम ने उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया.

Shivpuri bribery case: लोकायुक्त पुलिस की गिरफ्त में आरोपी बाबू.
नगर पालिका सीएमओ की भूमिका की होगी जांच
प्राथमिक जांच के बाद लोकायुक्त पुलिस ने आशंका जताई है कि इस मामले में नगर पालिका सीएमओ ईशांत धाकड़ की भूमिका भी हो सकती है. फिलहाल, मामले की जांच की जा रही है. लोकायुक्त पुलिस का कहना है कि आरोपी से पूछताछ और जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
BJP विधायक के बेटे ने थार से 5 को कुचला, पीड़ित अपने हाल पर, न मदद...न संपर्क; आरोपी 'आजाद'
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं