पश्चिम बंगाल के सोनारपुर में हमले का शिकार हुए टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी ने घटना के तुरंत बाद बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि यह हमला उन्हें खत्म करने की साजिश थी और इसके पीछे राजनीतिक हाथ है.
हमले के बाद क्या बोले अभिषेक बनर्जी?
हमले के बाद पत्रकारों से बातचीत में अभिषेक बनर्जी ने सीधे तौर पर भारतीय जनता पार्टी को निशाने पर लिया. उन्होंने कहा, 'यह सब बीजेपी प्रायोजित है. देखो उन्होंने क्या किया है. यह उनके लोकतंत्र का उदाहरण है. एक महीना भी नहीं हुआ है और पुलिस कहीं दिखाई नहीं दे रही है.'
#WATCH | Sonarpur, West Bengal: TMC MP Abhishek Banerjee says, "...They wanted to kill me... The whole incident has been captured on camera. We will definitely let the high court know about this. We will also let the governor know about this... I will definitely move to court..." https://t.co/MIZUJSZi3y pic.twitter.com/LWBApD95oC
— ANI (@ANI) May 30, 2026
उन्होंने आरोप लगाया कि उन पर जानलेवा हमला किया गया और कहा, 'वे मुझे मारना चाहते थे. पूरी घटना कैमरे में कैद हो गई है. हम इस मामले को हाई कोर्ट के सामने रखेंगे और गवर्नर को भी जानकारी देंगे. मैं निश्चित रूप से कोर्ट जाऊंगा.'
यह भी पढ़ें- अभिषेक बनर्जी पर हमला हुआ तो ममता बनर्जी, अखिलेश यादव और मल्लिकार्जुन खरगे ने बीजेपी को घेरा
सोनारपुर में क्या हुआ था?
बता दें कि यह घटना दक्षिण 24 परगना जिले के सोनारपुर इलाके में हुई, जहां अभिषेक बनर्जी पोस्ट-पोल हिंसा के पीड़ितों से मिलने पहुंचे थे. इसी दौरान स्थानीय प्रदर्शनकारियों ने उनके काफिले को घेर लिया और उन पर पत्थर और अंडे फेंके. हालात इतने बिगड़ गए कि धक्का-मुक्की और मारपीट की नौबत आ गई.
पीड़ितों से मिलने का था प्लान
टीएमसी के मुताबिक, अभिषेक बनर्जी के दो कार्यक्रम तय थे, जिनमें वे चुनाव बाद हिंसा से प्रभावित पार्टी कार्यकर्ताओं से मिलने वाले थे. सोनारपुर-दक्षिण सीट के कार्यकर्ता संजू कर्मकार और कोलकाता के बेलेघाटा इलाके के बिस्वजीत पटनायक से मुलाकात उनके कार्यक्रम का हिस्सा थी, लेकिन इससे पहले ही सोनारपुर में हमला हो गया.

सुरक्षा में कटौती के बीच हमला
इस घटना के पीछे एक और अहम पहलू यह है कि चुनाव नतीजों के बाद अभिषेक बनर्जी की हाई-प्रोफाइल सुरक्षा कम कर दी गई थी. अब उन्हें केवल सांसद के तौर पर मिलने वाली सीमित सुरक्षा ही दी जा रही है. ऐसे में उन्होंने कानून-व्यवस्था और पुलिस की गैरमौजूदगी पर भी सवाल उठाए.
कानूनी लड़ाई की तैयारी
अभिषेक बनर्जी ने साफ कहा है कि वे इस मामले को अदालत तक ले जाएंगे. उन्होंने हाई कोर्ट और राज्यपाल को पूरे मामले की जानकारी देने की बात कही है. पहले से ही उनके खिलाफ दर्ज मामलों और कोर्ट की शर्तों के बीच यह नया विवाद राजनीतिक तौर पर और गरमाने की संभावना है.
यह भी पढ़ें- बंगाल के सोनारपुर में TMC सांसद अभिषेक बनर्जी पर हमला, पत्थर फेंके, हेलमेट पहनकर भागना पड़ा
ममता ने सरकार पर साधा निशाना
बंगाल में चुनाव के बाद हिंसा और आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है. अभिषेक बनर्जी पर हमला और उसके बाद उनके तीखे बयान ने राज्य की सियासत को और गरमा दिया है. आने वाले दिनों में इस मामले पर सियासी टकराव और तेज हो सकता है.
ममता बनर्जी ने इस पर सरकार को घेरते हुए कहा है कि उन्हें शर्म आनी चाहिए. टीएमसी ने अपने आधिकारिक अकाउंट से पोस्ट किया कि बीजेपी समर्थित उपद्रवियों के क्रूर हमले के बाद भी, हमारे राष्ट्रीय महासचिव ने पीछे हटने का विकल्प नहीं चुना. इसके बजाय, वे परिवार के साथ खड़े रहे. ममता बनर्जी ने इसी ट्वीट को री ट्वीट करते हुए बयान जारी किया.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं