CM Mohan Yadav Announcement: मध्यप्रदेश सरकार ने उद्योग, निवेश, किसानों और युवाओं को केंद्र में रखकर आने वाले वर्षों की विकास रणनीति का खाका सामने रखा है. अंतरराष्ट्रीय एमएसएमई दिवस-2026 के अवसर पर भोपाल के रवींद्र भवन में आयोजित 'सशक्त उद्यमी-समृद्ध मध्यप्रदेश समिट' में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं. उन्होंने बताया कि वर्ष 2027 को प्रदेश में ‘युवा कल्याण वर्ष' के रूप में मनाया जाएगा, जबकि आगामी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS) जनवरी 2027 में भोपाल में आयोजित होगी. कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने उद्यमियों, स्टार्टअप्स और उद्योगों को वित्तीय सहायता वितरित की तथा निवेश और रोजगार को लेकर सरकार के नए विजन को सामने रखा. उन्होंने कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य में विकसित मध्यप्रदेश की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होगी.
जनवरी में भोपाल बनेगा निवेश का केंद्र
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घोषणा की कि आगामी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS) भोपाल में आयोजित की जाएगी. सरकार ने इसके लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं. उन्होंने कहा कि वैश्विक निवेशकों को मध्यप्रदेश की ओर आकर्षित करने के लिए राज्य लगातार नई औद्योगिक नीतियां और बुनियादी सुविधाएं विकसित कर रहा है. राज्य का लक्ष्य केवल निवेश प्रस्ताव प्राप्त करना नहीं बल्कि उन्हें जमीन पर उतारना है. मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में आमंत्रित किए जाने का संकेत दिया.
आगामी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन भोपाल में किया जाएगा, जिसके लिए प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी को आमंत्रित किया गया है। वहीं, राज्य सरकार ने वर्ष 2027 को 'युवा वर्ष' के रूप में मनाने का निर्णय लिया है : CM@DrMohanYadav51 @minmsme @minmpmsme pic.twitter.com/fGPf97TEpm
— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) June 27, 2026
2027 होगा 'युवा कल्याण वर्ष'
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश देश के सबसे युवा राज्यों में शामिल है और युवाओं की ऊर्जा को विकास से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता है. इसी उद्देश्य से वर्ष 2027 को ‘युवा कल्याण वर्ष' घोषित किया जाएगा. इसके तहत शिक्षा, कौशल विकास, रोजगार, स्टार्टअप और उद्यमिता से जुड़ी गतिविधियों पर विशेष फोकस किया जाएगा. उन्होंने कहा कि सरकार गरीब, अन्नदाता, महिला और युवा—इन चार प्रमुख वर्गों को केंद्र में रखकर योजनाएं संचालित कर रही है.

CM Mohan Yadav Announcement: कार्यक्रम के दौरान सीएम मोहन यादव
पिछले वर्षों को भी दिए गए विशेष विषय
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने विकास को थीम आधारित स्वरूप देने का प्रयास किया है. जैसे
- वर्ष 2024 : गरीब कल्याण वर्ष
- वर्ष 2025 : उद्योग एवं रोजगार वर्ष
- वर्ष 2026 : कृषक कल्याण वर्ष
- वर्ष 2027 : युवा कल्याण वर्ष
उन्होंने कहा कि प्रत्येक वर्ष को एक विशेष लक्ष्य के साथ जोड़कर योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन किया जा रहा है.
MSME और स्टार्टअप्स को मिली बड़ी सहायता
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने सिंगल क्लिक के माध्यम से 760 से अधिक इकाइयों को प्रोत्साहन राशि वितरित की. इसके अलावा प्रदेश के 137 स्टार्टअप्स को लगभग 1.5 करोड़ रुपये की सहायता दी गई. वहीं निवेश प्रोत्साहन योजना के तहत बड़े उद्योगों को 1274 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की गई. उद्योग स्थापना के लिए उद्यमियों को भूमि आवंटन पत्र और ऋण स्वीकृति पत्र भी वितरित किए गए.
कई जिलों को मिली औद्योगिक सौगात
राज्य सरकार ने विभिन्न जिलों में औद्योगिक विकास को गति देने के लिए नए भूखंडों का आवंटन किया. प्रमुख आवंटन इस प्रकार हैं :
- मंदसौर : 288 भूखंड
- मंडला : 165 भूखंड
- जबलपुर : 61 भूखंड
- बैतूल : 50 भूखंड
- कटनी : 68 भूखंड
- नीमच : 127 भूखंड
- खरगोन : 103 भूखंड
इसके अलावा देवास, पांढुर्ना, टीकमगढ़ और उज्जैन को नए MSME भवनों की सौगात भी दी गई.
महिला उद्यमियों की बढ़ी भागीदारी
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में 4.41 लाख से अधिक एमएसएमई इकाइयों का संचालन महिलाओं द्वारा किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि वर्ष 2024 से 2026 के बीच एमएसएमई क्षेत्र में महिला सहभागिता में लगभग 59 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई है. यह प्रदेश की आर्थिक गतिविधियों में महिलाओं की बढ़ती भूमिका का संकेत है.
GI टैग और ODOP में भी मिली सफलता
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि प्रदेश ने "एक जिला-एक उत्पाद" (ODOP) योजना के तहत उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं. उन्होंने कहा कि वर्ष 2025-26 के दौरान राज्य के 20 उत्पादों को GI टैग प्राप्त हुआ है, जिससे स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है.
कृषकों को मिली नई राहत
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2026 को कृषक कल्याण वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है. उन्होंने किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर ऋण सुविधा का उल्लेख करते हुए बताया कि अब किसानों को ऋण चुकाने के लिए 31 मार्च तक की अनिवार्यता नहीं रहेगी. जिस तारीख को ऋण लिया जाएगा, उसके 12 महीने के भीतर भुगतान किया जा सकेगा. उन्होंने कपास और तुअर उत्पादक किसानों से जुड़े शुल्क संबंधी फैसलों का भी जिक्र किया.
विदेशी निवेश में बढ़ रही रुचि
मुख्यमंत्री के अनुसार राज्य में विदेशी निवेश तेजी से बढ़ रहा है. उन्होंने बताया कि कनाडा, ब्रिटेन, जापान, चीन, आयरलैंड और दक्षिण कोरिया की कंपनियां मध्यप्रदेश में निवेश कर रही हैं. सरकार के अनुसार विभिन्न एमओयू के माध्यम से हुआ लगभग 9300 करोड़ रुपये का निवेश धरातल पर उतर चुका है.
'निवेश अब जमीन पर दिख रहा'
मुख्य सचिव अनुराग जैन ने कहा कि GIS के दौरान मिले निवेश प्रस्तावों में से करीब 9 लाख करोड़ रुपये के निवेश की प्रक्रिया जमीन पर दिखाई देने लगी है. उन्होंने कहा कि राज्य ने व्यवसायिक सुधारों के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है. कई अनावश्यक कानूनी प्रावधानों को समाप्त या सरल बनाया गया है, जिससे उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार हुआ है.
स्टार्टअप इकोसिस्टम में तेज उछाल
एमएसएमई विभाग के अनुसार दिसंबर 2023 में प्रदेश में लगभग 4800 स्टार्टअप थे, जिनकी संख्या बढ़कर 7500 से अधिक हो गई है. इनमें 50 प्रतिशत से अधिक स्टार्टअप्स का नेतृत्व महिलाएं कर रही हैं. सरकार का मानना है कि आने वाले वर्षों में स्टार्टअप और नवाचार रोजगार सृजन के प्रमुख माध्यम बनेंगे.
विकसित मध्यप्रदेश के लक्ष्य पर फोकस
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य केवल निवेश आकर्षित करना नहीं, बल्कि रोजगार, औद्योगिक विकास, कृषि आधुनिकीकरण और युवाओं को अवसर उपलब्ध कराकर विकसित मध्यप्रदेश की नींव मजबूत करना है. जनवरी में प्रस्तावित GIS और 2027 के युवा कल्याण वर्ष को इसी व्यापक विकास रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है.
यह भी पढ़ें : मध्य भारत में है अंग्रेजों के जमाने का इकलौता कॉफी बागान; क्यों खास है कुकरू, CM मोहन के दौरे से जगी उम्मीद
यह भी पढ़ें : मैहर बैंड को मिली राष्ट्रीय अमूर्त सांस्कृतिक विरासत में जगह, 108 साल पुरानी संगीत परंपरा को राष्ट्रीय पहचान
यह भी पढ़ें : पूर्व मुख्यमंत्री से लेकर विधायकों तक; छत्तीसगढ़ के 20 से अधिक जनप्रतिधियों के मामले कोर्ट में, HC की रिपोर्ट
यह भी पढ़ें : उज्जैन में मोहर्रम जुलूस के दौरान फिर बवाल: नई सड़क पर लाठी-डंडे चले, वायरल VIDEO से खुला मामला
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं