- DSP संतोष कुमार पटेल का बालाघाट से भोपाल पुलिस कमिश्नरेट में सहायक पुलिस आयुक्त के पद पर तबादला हुआ है
- सात गांवों के लोगों ने डीएसपी पटेल को बैलगाड़ी में बैठाकर आदिवासी रीतिरिवाज से भावुक विदाई दी और आशीर्वाद दिया
- DSP पटेल ने 18 माह तक नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में कार्य करते हुए जनजाति के बीच पुलिस के प्रति भरोसा बढ़ाया
मध्य प्रदेश पुलिस में जिस डीएसपी संतोष कुमार पटेल का तबादला उनकी पत्नी रोशनी पटेल की फेसबुक पोस्ट के बाद हुआ, अब उनकी बालाघाट से विदाई का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. सात गांवों के लोगों ने उनको बैलगाड़ी पर बैठाकर विदा किया. बारिश के दौरान भी उनकी गाड़ी को रोककर आशीर्वाद देने की होड़ सी लगी रही.
हॉकफोर्स बालाघाट से भोपाल कमिश्नरेट हुआ तबादला
दरअसल, डीएसपी संतोष कुमार पटेल का हाल ही में हॉकफोर्स, बालाघाट में सहायक सेनानी के पद से पुलिस कमिश्नरेट भोपाल में सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) कोतवाली पद पर तबादला हुआ है. भोपाल में उनकी यह पहली पोस्टिंग है. वह जल्द ही भोपाल पहुंचकर ज्वाइन करने वाले हैं. एनडीटीवी से बातचीत में पटेल ने अपने विदाई समारोह की अनूठी कहानी बयां की है.
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बैगा जनजाति के लोगों में जागा खाकी के प्रति भरोसा
2018 बैच के डीएसपी संतोष कुमार पटेल ने बताया कि उनका विदाई समारोह नक्सल प्रभावित रहे गांवों में बदलाव की नई कहानी कह गया. बैगा जनजाति के लोगों में खाकी में बढ़ते भरोसे का प्रतीक बन गया, क्योंकि यही बैगा जनजाति के लोग कभी प्रशासन व पुलिस का नाम तक नहीं लेते थे. ऐसा पहली बार देखा गया है कि ये लोग किसी पुलिस अफसर की विदाई में शामिल हुए और भावुक हो गए हों.
डैम उद्घाटन के दौरान ग्रामीणों को पता चली ट्रांसफर की बात
मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ़ सीमा पर नक्सल प्रभावित रहे जिलों में से एक बालाघाट में हॉकफोर्स में करीब 18 माह तक तैनात रहे डीएसपी संतोष पटेल का घने जंगलों के बीच स्थित शक्तिझोड़ी व आस-पास के गांवों में अक्सर जाना हुआ. यही वजह है कि पुलिस और वहां के लोगों के बीच गहरा जुड़ाव हो गया था. 2 जुलाई 2026 को विधायक की मौजूदगी में डैम का उद्घाटन समारोह हुआ, तो उसी दौरान आस-पास के सात गांवों को डीएसपी के तबादले का पता चला और उन्होंने हाथों-हाथ इंतजाम कर समारोह स्थल से मुख्य सड़क तक डीएसपी को बैलगाड़ी में बैठाकर विदाई दी और आदिवासी जनजाति के रीति-रिवाज से जश्न मनाया.

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विदाई में उमड़ी भीड़, पुसली बाई अम्मा ने दिए 20 रुपये
डीएसपी संतोष कुमार कहते हैं कि विदाई के दौरान उनके लिए टेमनी, सायर, संदूका, केरा डी, खामर डी, शक्तिझोड़ी, नल्लेझरी गांव के लोग जुटे. कइयों की आंख में आंसू थे. वे दुआएं देते हुए नहीं थक रहे थे. दूसरे दिन जब वह कार में सवार होकर अपने घर पन्ना के लिए रवाना हुए तो भयंकर बारिश हो रही थी. लोगों ने कार रोककर आशीर्वाद दिया. उनमें 55 साल की पुसली बाई बैगा (अम्मा) ने अपनी साड़ी के पल्लू में बांध के रखे 20 रुपये भी दिए.
दुल्हन को साइकिल पर बैठाने वाले डीएसपी की पत्नी की पोस्ट हुई थी वायरल
बता दें कि संतोष कुमार पटेल मूल रूप से मध्य प्रदेश के पन्ना जिले के अजयगढ़ अंतर्गत देवगांव के रहने वाले हैं. 29 नवंबर 2021 को उनकी शादी रोशनी पटेल से हुई थी. शादी के बाद देवी पूजन की परंपरा निभाने के लिए संतोष पटेल अपनी दुल्हन को साइकिल पर बैठाकर निकले थे, जिसकी तस्वीरें भी खूब चर्चा में रही थीं. अब सोशल मीडिया पर पोस्ट करके उनकी पत्नी ने मध्य प्रदेश सरकार से उनके तबादले की गुहार लगाई थी. इत्तेफाक से दो दिन बाद ही उनका तबादला हो गया.
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