केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा ने रविवार को इस आरोप का खंडन किया कि उनके बेटे आशीष मिश्रा उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में हुई घटना में शामिल थे, जिसमें किसानों की मौत हुई है. उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के तीन कार्यकर्ताओं और एक चालक को वहां विरोध प्रदर्शन कर रहे किसानों में मौजूद ‘‘कुछ तत्वों'' द्वारा पीट-पीट कर मार डाला गया. मंत्री ने यह भी कहा कि प्रदर्शनकारियों ने पहले भाजपा कार्यकर्ताओं के वाहनों पर पथराव किया, जिससे वाहन चालक ने वाहन पर अपना नियंत्रण खो दिया, जिसके चलते यह दुर्घटना हुई.
कुछ विपक्षी नेताओं और किसान यूनियनों ने आरोप लगाया है कि मिश्रा के बेटे ने प्रदर्शन कर रहे किसानों को वाहन से कुचल दिया. मिश्रा ने कहा कि उनका बेटा मौके पर मौजूद नहीं था और इसे साबित करने के लिए उनके पास तस्वीर और वीडियो सबूत हैं. केंद्रीय मंत्री ने कहा, ‘मेरा बेटा (उपमुख्यमंत्री के) कार्यक्रम स्थल पर मौजूद था और वहां हजारों लोग, प्रशासन और पुलिस के अधिकारी भी मौजूद थे.'
-
NDTV WORLD SUMMIT 2026 : कृति सेनन को बिकिनी सीन करने में क्यों लगे 12 साल? -
ब्रिटेन के हरियाणवी मेयर तुषार कुमार ने बताया कैसे गरीबों की मदद ने जिताया चुनाव -
टैक्स सिर्फ कमाई पर लगे, पूरी रकम पर नहीं..."F&O ट्रेडर्स के नुकसान पर बोले Zerodha को-फाउंडर निखिल कामत -
जिस शशि थरूर को सुनती है पूरी दुनिया, संसद में वह किसे सुनना पसंद करते हैं? खुद खोला राज -
रुपये की गिरती कीमत पर RBI गवर्नर का बड़ा बयान, कोई फिक्स लेवल नहीं, जानिए क्या है रिजर्व बैंक का एक्शन प्लान -
टाटा संस की शेयर बाजार में लिस्टिंग अनिवार्य? RBI गवर्नर ने NDTV समिट में बताया ये क्यों है जरूरी -
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके?
उन्होंने कहा कि यह घटना उस समय हुई जब भाजपा के कुछ कार्यकर्ता उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य की अगवानी करने जा रहे थे, जो लखीमपुर खीरी में एक कार्यक्रम में शामिल होने आए थे. उन्होंने कहा, ‘प्रदर्शन कर रहे किसानों में शामिल कुछ तत्वों ने काले झंडे दिखाये और कार पर पथराव किया, जो पलट गई. दो किसान कार के नीचे दब गए और उनकी मौत हो गई. वहां मौजूद कुछ लोगों ने भाजपा के तीन कार्यकर्ताओं और कार चालक को पीट-पीटकर मार डाला.''
मंत्री ने कहा, ‘अगर वह (आशीष) उस कार में होता, तो वह आज जीवित नहीं होता.' मंत्री ने कहा कि दो वाहनों को आग लगा दी गई और उनके चालक को भीड़ ने मार डाला.
यह पूछे जाने पर कि क्या घटना के बारे में कोई खुफिया जानकारी थी, उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन की सूचना थी, उन्होंने इस घटना को "विश्वासघात" करार दिया. उन्होंने कहा कि किसान आंदोलन में असामाजिक तत्व थे, जिन्होंने आंदोलन को हिंसक रूप देने का प्रयास किया.
उन्होंने कहा, ‘किसान संगठन को इस घटना को बहुत गंभीरता से लेना चाहिए, क्योंकि अराजक तत्व देश में अस्थिरता उत्पन्न करने की कोशिश कर रहे हैं. हमें सतर्क रहना होगा और उनकी पहचान करनी होगी.' उन्होंने यह भी दावा किया कि बब्बर खालसा जैसे चरमपंथी संगठनों ने किसानों के प्रदर्शन में घुसपैठ की है. उन्होंने कहा, ‘‘दस से अधिक पार्टी कार्यकर्ता गंभीर रूप से घायल हैं और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है.'
मंत्री के बेटे आशीष मिश्रा ने भी कहा कि वह मौके पर मौजूद नहीं थे. उन्होंने मीडियाकर्मियों से कहा, ‘हमारी कारों में आग लगा दी गई और कार्यकर्ताओं पर हमला किया गया. हमारे कई कार्यकर्ता अभी भी लापता हैं. अगर मैं उन कारों में किसी में होता तो क्या मैं यहां खड़ा होता?'
यूपी के लखीमपुर खीरी में हिंसा, 4 किसानों समेत 8 की मौत
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं