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Nida Khan Arrest: सादी वर्दी में 20 पुलिसवाले, चार दिन की निगरानी, निदा खान को पकड़ने के लिए नासिक पुलिस ने ऐसे फैलाया था जाल

Nida Khan Arrest: नासिक में टीसीएस धर्म परिवर्तन मामले में फंसी निदा खान अब क्राइम ब्रांच के कब्जे में है. निदा को पकड़ने के लिए नासिक पुलिस का ऑपरेशन जान आप भी हैरान रह जाएंगे.

Nida Khan Arrest: सादी वर्दी में 20 पुलिसवाले, चार दिन की निगरानी, निदा खान को पकड़ने के लिए नासिक पुलिस ने ऐसे फैलाया था जाल
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  • नासिक पुलिस ने TCS धर्मांतरण मामले की मुख्य आरोपी निदा खान छत्रपति संभाजीनगर के किराए के फ्लैट से अरेस्ट
  • निदा खान पर धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर करने, यौन शोषण और धार्मिक शिक्षा देने जैसे गंभीर आरोप लगे हैं
  • गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण और सादे कपड़ों में 20 जवानों की टीम के साथ गुप्त निगरानी रखी
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नासिक:

नासिक के टीसीएस कांड की आरोपी निदा खान अब पुलिस गिरफ्त में है. निदा खान पर धर्म परिवर्तन, यौन शोषण सहित कई मामलों को लेकर 40 FIR दर्ज हो चुकी हैं. निदा खान बीती रात नासिक पुलिस के जाल में आखिरकार फंस गई जिसके बाद उससे जुड़े सारे राज अब बाहर आएंगे. खबर है कि निदा को लेकर नासिक पुलिस कोर्ट भी जा सकती है. निदा टीसीएस धर्मांतरण केस में एक मुख्य चेहरा थी तो उसे पकड़ने के लिए नासिक पुलिस ने भी सारी सावधानी बरती. 20 पुलिसवाले सादी वर्दी में रहे और पिछले चार दिनों से उस पर नजर रखे हुए थे. आइए जानते हैं निदा खान के अरेस्ट की पूरी कहानी. 

कैसे हुई गिरफ्तारी?

फरार निदा खान छत्रपति संभाजीनगर के नारेगांव स्थित कौसर कॉलोनी में अपने एक रिश्तेदार के किराए के फ्लैट में छिपी हुई थी. गिरफ्तारी से बचने के लिए वह पिछले 3-4 दिनों से अपने माता-पिता, भाई और मौसी के साथ वहां रुकी हुई थी. जानकारी के अनुसार, उसके साथ कुल 5 और लोग थे. निदा खान संभाजीनगर के कुछ वकीलों के संपर्क में थी और हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत की अर्जी दाखिल करने की तैयारी कर रही थी. बता दें कि टीसीएस ने निदा खान को सस्पेंड कर रखा है. 

नासिक पुलिस को तकनीकी विश्लेषण के जरिए उसके ठिकाने का पता चला. पुलिस ने 20 से अधिक जवानों की एक टीम तैनात की थी, जो सादे कपड़ों में पिछले 3-4 दिनों से उस इलाके की रेकी कर रहे थे. इस पूरी कार्रवाई के दौरान पुलिस ने खाकी वर्दी या पुलिस वाहनों का इस्तेमाल नहीं किया, ताकि निदा को भनक न लगे और वह फिर से फरार न हो जाए.

सूत्रों के अनुसार, पिछले एक महीने में निदा ने गिरफ्तारी से बचने के लिए नाशिक, ठाणे, भिवंडी, मुंब्रा और छत्रपति संभाजीनगर जैसे शहरों में शरण ली थी. गुरुवार देर रात उसे सूतगिरणी चौक स्थित न्यायाधीश के निवास पर पेश किया गया. नाशिक पुलिस ने वहां से उसकी ट्रांजिट रिमांड हासिल की. निदा खान को एक विशेष वाहन से नाशिक ले जाया गया है. आज नासिक कोर्ट में पेश किया जाएगा, अब पुलिस उससे इस साजिश के अन्य पहलुओं, जैसे कि उसे मिल रही मदद और उसके अंतरराष्ट्रीय संपर्कों के बारे में गहन पूछताछ करेगी.

निदा खान पर लगे थे ये आरोप 

निदा खान की गिरफ्तारी के बाद की तस्वीर भी सामने आई है. निदा खान को नाशिक क्राइम ब्रांच की टीम ने संभाजीनगर से गिरफ्तार किया गया था.निदा खान पर आरोप है कि उन्होंने पीड़िता को धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर किया. उसे बुर्का दिया गया और "मुहम्मद पैगंबर का पवित्र जीवन" नामक पुस्तक पढ़ने के लिए दी गई थी. निदा ने कथित तौर पर पीड़िता के मोबाइल में इस्लामिक एप्लिकेशन इंस्टॉल किए और उसे लगातार इंस्टाग्राम रील्स, यूट्यूब लिंक और वीडियो भेजे ताकि उसे धार्मिक शिक्षा दी जा सके.इन वीडियो के स्रोत की जांच अभी बाकी है. आरोप है कि निदा पीड़िता को अपने घर ले जाकर नमाज पढ़ना और हिजाब और बुरखा पहनने का तरीका सिखाती थी.

मुख्य आरोपी दानिश शेख ने पीड़िता के शैक्षणिक और महत्वपूर्ण दस्तावेज अपने कब्जे में ले लिए थे. जांच के अनुसार, वे 'मालेगांव पार्टी' के माध्यम से पीड़िता का नाम बदलने की प्रक्रिया शुरू करने वाले थे. जांच में सामने आया है कि आरोपी दानिश और तौसिफ, पीड़िता को नौकरी के बहाने मलेशिया में 'इमरान' नामक व्यक्ति के पास भेजने की तैयारी में थे। इस अंतरराष्ट्रीय लिंक की गहराई से जांच होना बाकी है. पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि क्या निदा खान को इस अपराध को अंजाम देने के लिए कोई बाहरी वित्तीय मदद या फंडिंग मिली थी. FIR दर्ज होने के बाद निदा को किसने शरण दी और कंपनी से ट्रांसफर होने के बाद भी वह अन्य आरोपियों के साथ किस तरह संपर्क में थी, इसकी जांच लंबित है.

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निदा खान की अग्रिम ज़मानत याचिका रद्द हुई थी

अभियोजन पक्ष ने तर्क दिया था कि यदि आरोपी को जमानत मिलती है, तो वह प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से शिकायतकर्ता और गवाहों पर दबाव डाल सकती है, जिससे निष्पक्ष जांच और गवाही प्रभावित होगी.पुलिस को संदेह है कि निदा खान ने अन्य महिलाओं के साथ भी इसी तरह के कृत्य किए होंगे. यदि उसे जमानत दी जाती है, तो अन्य संभावित पीड़ित शिकायत दर्ज कराने के लिए आगे नहीं आएंगे.

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