राजस्थान में नवगठित भारतीय जनता पार्टी की सरकार को सोमवार को करारा झटका देते हुये विपक्षी कांग्रेस प्रत्याशी रुपिन्दर सिंह कुन्नर ने करणपुर विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र से प्रदेश सरकार के मंत्री तथा भाजपा उम्मीदवार सुरेन्द्रपाल सिंह टीटी को 11283 मतों से पराजित हरा दिया है. निर्वाचन आयोग ने यह जानकारी दी. राजस्थान के कारणपुर विधानसभा सीट के लिये पांच जनवरी को हुए मतदान में सोमवार को सत्तारूढ दल को करारा राजनीतिक झटका लगा जब उसके मंत्री चुनाव हार गए.
आयोग ने बताया कि करणपुर से कुन्नर ने टीटी को 11283 मतों के अंतर से हराया है. कांग्रेस प्रत्याशी के निधन के कारण इस सीट पर चुनाव स्थगित कर दिया गया था . इस सीट पर बाद में पांच जनवरी को मतदान हुआ था जिसकी गिनती सोमवार को हुई.
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निर्वाचन विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी के अनुसार कांग्रेस प्रत्याशी रुपिंदर सिंह को 94,950 वोट मिले जबकि टीटी को 83,667 वोट मिले. तीसरे नंबर पर रहे आम आदमी पार्टी प्रत्याशी पिरथीपाल सिंह को 11940 वोट मिले.
इस जीत के साथ ही राज्य की 200 सीटों वाली विधानसभा में कांग्रेस के विधायकों की संख्या बढ़ कर 70 हो गई है. प्रदेश में सत्तारूढ़ भाजपा के 115 विधायक हैं.
इस हार को लगभग एक महीने पहले ही सत्ता में आने वाली भाजपा के लिए करारा राजनीतिक झटका माना जा रहा है. सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने करणपुर सीट से चुनाव लड़ रहे सुरेन्द्रपाल सिंह टीटी को 30 दिसंबर को बतौर राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) मंत्रिपरिषद में शामिल किया था.
उन्हें कृषि विपणन विभाग, इंदिरा गांधी नहर विभाग तथा अल्पसंख्यक मामलात एवं वक्फ विभाग दिया गया था.
टीटी के लिए यह लगातार दूसरी हार है. साल 2018 में हुए पिछले विधानसभा चुनाव में वह तीसरे स्थान पर रहे थे.
प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि इलाके की जनता ने भाजपा को सबक सिखाया है. गहलोत ने 'एक्स' (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, 'करणपुर की जनता ने भारतीय जनता पार्टी के अभिमान को हराया है. चुनाव के बीच प्रत्याशी को मंत्री बनाकर आचार संहिता और नैतिकता की धज्जियां उड़ाने वाली भाजपा को जनता ने सबक सिखाया है.''
श्रीकरणपुर में कांग्रेस प्रत्याशी श्री रुपिन्दर सिंह कुन्नर को जीत की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। यह जीत स्व. गुरमीत सिंह कुन्नर के जनसेवा कार्यों को समर्पित है।
— Ashok Gehlot (@ashokgehlot51) January 8, 2024
श्रीकरणपुर की जनता ने भारतीय जनता पार्टी के अभिमान को हराया है। चुनाव के बीच प्रत्याशी को मंत्री बनाकर आचार संहिता…
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि यह जनादेश भाजपाई तानाशाही एवं अलोकतांत्रिक नीति पर करारा तमाचा है.
उन्होंने ‘एक्स' पर लिखा, ‘‘जब देश की संवैधानिक संस्थाएं अपना दायित्व भूल जाएं, तब जनता की अदालत में न्याय होता है. करणपुर की स्वाभिमानी जनता-जनार्दन को कोटिश: प्रणाम. करणपुर का यह जनादेश भाजपाई तानाशाही एवं अलोकतांत्रिक नीति पर करारा तमाचा है.'
पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने भी कांग्रेस उम्मीदवार को जिताने के लिए क्षेत्र के मतदाताओं का आभार जताया.
उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, 'मुझे खुशी है कि करणपुर की स्वाभिमानी जनता ने कांग्रेस की रीति-नीति और विचारधारा पर विश्वास जता कर प्रगति, खुशहाली और अपने सुरक्षित भविष्य को चुना है.'
राज्य में विधानसभा की 200 में से 199 सीटों के लिए 25 नवंबर को मतदान हुआ. इसका परिणाम तीन दिसंबर को घोषित किया गया. इसमें भाजपा को 115 व कांग्रेस को 69 सीटें मिलीं. भजनलाल शर्मा ने 15 दिसंबर को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी.
उल्लेखनीय है कि करणपुर गंगानगर सीट पर कांग्रेस प्रत्याशी और तत्कालीन विधायक गुरमीत सिंह कुन्नर के निधन के कारण चुनाव स्थगित कर दिया गया था.
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