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PM मोदी का एक फोन कॉल घटा सकता है तनाव: भारत में UAE के राजदूत हुसैन मिर्जा

ईरान-इजरायल जंग थमने का नाम नहीं ले रहा है. इस जंग के कारण गल्फ के देशों में जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित हो रहा है. इस बीच भारत में UAE के राजदूत हुसैन मिर्जा ने पीएम मोदी को लेकर एक बड़ा बयान देते हुए कहा कि PM मोदी का एक फोन कॉल तनाव घटा सकता है.

PM मोदी का एक फोन कॉल घटा सकता है तनाव: भारत में UAE के राजदूत हुसैन मिर्जा
UAE के राजदूत ने कहा कि पीएम मोदी का एक फोन कॉल मिडिल ईस्ट में तनाव कम कर सकता है.
  • UAE के राजदूत ने PM मोदी के हस्तक्षेप से संघर्ष शांति की संभावना जताई और भारत-यूएई संबंधों को मजबूत बताया.
  • यूएई का कहना है कि वह ईरान-इजराइल संघर्ष में शामिल नहीं होगा और दोनों पक्षों के साथ संबंध बनाए रखता है.
  • इस संघर्ष का क्षेत्रीय असर बढ़ रहा है, समुद्री व्यापार बाधित हो रहा है, तेल की कीमतों में वृद्धि की आशंका है.
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नई दिल्ली:

इजरायल-अमेरिका और ईरान के जंग में संयुक्त अरब अमीरात भी परेशान है. ईरान की ओर से यूएई में कई जगहों पर मिसाइल और ड्रोन से हमलों किया गया है. जिससे जन-जीवन प्रभावित हुआ है. जंग कब थमेगा... इस पर अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी. लेकिन इस बीच भारत में संयुक्त अरब अमीरात के पहले राजदूत हुसैन हसन मिर्ज़ा अलसयेघ ने पीएम मोदी को लेकर एक बड़ा बयान दिया है. यूएई के राजदूत ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के एक फोन कॉल से स्थिति शांत हो सकती है.

राजदूत बोले- हमारा दोनों पक्षों से संबंध

सोमवार को संयुक्त अरब अमीरात के राजदूत हुसैन हसन मिर्जा ने गल्फ देशों के मौजूदा हालात पर कहा, "ईरान का पड़ोसी होने के बावजूद, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के पास ईरान-इजराइल संघर्ष में शामिल होने का कोई कारण नहीं है. UAE दोनों पक्षों के साथ संबंध बनाए रखता है और अब्राहम समझौते के तहत इजराइल के साथ भी उसकी साझेदारी है."

उन्होंने आगे कहा कि UAE सरकार पहले ही स्पष्ट कर चुकी है कि उसकी धरती का इस्तेमाल किसी भी देश के खिलाफ शत्रुतापूर्ण प्रक्षेपण के लिए नहीं किया जाएगा. हमारा मानना ​​है कि संघर्ष का हिस्सा बनने के बजाय संवाद में भूमिका निभाए. 

यूएई पर हमले चिंताजनक

राजदूत ने आगे कहा कि UAE को निशाना बनाकर की गई मिसाइलें और हमले चिंताजनक हैं, लेकिन पिछले कुछ दिनों में रक्षा प्रणालियां आने वाले खतरों को रोकने में सक्षम रही हैं. UAE नेतृत्व ने स्पष्ट कर दिया है कि देश पर किसी भी हमले को आत्मरक्षा की कार्रवाई माना जाएगा. राजदूत ने इस बात पर जोर दिया कि UAE की मजबूत वैश्विक साझेदारियां हैं, जिनमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत के साथ साझेदारी, चीन और अन्य देशों के साथ संबंध शामिल हैं.

इस संघर्ष पर पूरे क्षेत्र पर असर, बढ़ सकती है तेल की कीमत

UAE के राजदूत ने आगे कहा कि इस संघर्ष का असर पूरे क्षेत्र पर पड़ रहा है, बीमा कंपनियां जहाजों का बीमा करने से कतरा रही हैं और समुद्री व्यापार बाधित हो रहा है. यदि संघर्ष जारी रहता है, तो आने वाले महीनों में तेल की कीमतों में काफी वृद्धि हो सकती है. आर्थिक नुकसान के बावजूद, हवाई अड्डों को बंद करने और उन पर प्रतिबंध लगाने के उपाय मुख्य रूप से सुरक्षा कारणों से लागू किए गए हैं.

PM मोदी का एक फोन कॉल घटा सकता है तनावः यूएई के राजदूत

राजदूत ने संयुक्त अरब अमीरात और भारतीय समुदाय के बीच मजबूत संबंधों पर प्रकाश डाला. संयुक्त अरब अमीरात में रहने वाले लाखों भारतीयों को आश्वस्त किया गया कि देश सुरक्षित है और उनकी उपस्थिति को महत्व देता है उन्होेंने आगे कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि प्रधानमंत्री मोदी द्वारा ईरान और इज़राइल के नेताओं से की गई बातचीत से स्थिति को शांत करने में मदद मिल सकती है. भारत में संयुक्त अरब अमीरात के पहले राजदूत ने स्थिति को शांत करने के लिए भारतीय प्रधानमंत्री से हस्तक्षेप का अनुरोध किया.

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