- डोंबिवली पश्चिम के मोठागांव इलाके में प्रभु करकड़े ने अपने दोस्त विशाल कदम की हत्या की थी.
- विवाद के दौरान प्रभु ने विशाल की बेरहमी से पिटाई कर उसकी मौत का कारण बना दिया था.
- हत्या के बाद प्रभु ने शव को मकान मालिक संदेश म्हात्रे की मदद से सुनसान इलाके में फेंक दिया था.
महाराष्ट्र के डोंबिवली से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक युवक ने अपने ही दोस्त की हत्या करने के करीब 20 दिन बाद पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया. आरोपी का दावा है कि वारदात के बाद उसे लगातार अपने मृत मित्र के सपने आने लगे थे, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान हो गया और आखिरकार अपना जुर्म कबूल कर लिया.
डोंबिवली पश्चिम के मोठागांव इलाके में हुए विशाल कदम हत्याकांड में नया खुलासा हुआ है. मृतक विशाल कदम (42) और आरोपी प्रभु करकड़े करीबी दोस्त थे. पुलिस के अनुसार, दोनों एक साथ शराब पी रहे थे, तभी किसी बात को लेकर उनके बीच कहासुनी हो गई. विवाद बढ़ने पर प्रभु ने विशाल की बेरहमी से पिटाई कर दी, जिससे उसकी मौत हो गई.
हत्या के बाद प्रभु करकड़े घबरा गया और उसने अपने मकान मालिक संदेश म्हात्रे की मदद ली. दोनों ने मिलकर विशाल के शव को एक बोरी में रखा और कोपर रोड स्थित खाड़ी के पास सुनसान इलाके में फेंक दिया, ताकि घटना का कोई सुराग न मिले.
हालांकि वारदात को छिपाने की कोशिश के बावजूद आरोपी अपराधबोध से पीछा नहीं छुड़ा सका. बताया जा रहा है कि पिछले 20 दिनों से उसे नींद नहीं आ रही थी और मृत दोस्त बार-बार उसके सपनों में दिखाई दे रहा था. इसी मानसिक दबाव और डर के चलते प्रभु सीधे ठाणे क्राइम ब्रांच की सेंट्रल यूनिट पहुंचा और पूरी घटना पुलिस को बता दी.
आरोपी के कबूलनामे के बाद पुलिस ने प्रभु करकड़े और शव ठिकाने लगाने में मदद करने वाले संदेश म्हात्रे को गिरफ्तार कर लिया. दोनों को कल्याण कोर्ट में पेश किया गया, जहां अदालत ने उन्हें चार दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया. फिलहाल विष्णुनगर पुलिस हत्या के पीछे की असल वजह और मकान मालिक की भूमिका की गहराई से जांच कर रही है.
ये भी पढें : हाई कोर्ट ने 'फटकार' नहीं लगाई, वीडियो BMC ने हटाया... दीया मिर्जा मामले पर बोले CM फडणवीस
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं