विज्ञापन
This Article is From Jan 01, 2020

सरकार ने तीन माह पहले कराया निकाह, अब पत्नी के घर वाले कह रहे- योजना के पैसे मिलेंगे तब विदाई होगी!

मध्यप्रदेश में मुख्यमंत्री कन्या विवाह एवं निकाह योजना के तहत शादी करने वाले जोड़ों को कई महीनों बाद भी पैसे नहीं मिले

सरकार ने तीन माह पहले कराया निकाह, अब पत्नी के घर वाले कह रहे- योजना के पैसे मिलेंगे तब विदाई होगी!
प्रतीकात्मक फोटो.
  • विभाग को 29,200 जोड़ों को बांटने के लिए सिर्फ 65 करोड़ रुपये मिले
  • नवविवाहितों को 153 करोड़ रुपये दोने हैं, सरकार की माली हालत खराब
  • शिवराज सरकार कंगाली की स्थिति में राज्य को सौंपकर गई थी : कांग्रेस

सत्ता में आने से पहले मध्यप्रदेश की कांग्रेस सरकार ने कई वायदे किए थे, लेकिन अब कई योजनाओं में पैसों की कमी आड़े आ रही है. यहां तक कि मुख्यमंत्री कन्या विवाह एवं निकाह योजना के तहत शादी करने वाले जोड़ों को भी कई महीनों से पैसे नहीं मिले हैं. शिवराज सरकार सामूहिक विवाह-निकाह के लिए 28,000 रुपये देती थी, कांग्रेस सरकार ने इसे बढ़ाकर 51 हजार रुपये कर दिया. यह और बात है कि मोहम्मद सद्दाम जैसे कई जोड़ों को शादी के महीनों बाद भी यह रकम नहीं मिली है. सद्दाम की शादी तीन महीने पहले सेंट्रल लाइब्रेरी में सामूहिक निकाह कार्यक्रम में हुई थी. अब वे कह रहे हैं कि उनकी पत्नी के घर वाले कह रहे हैं योजना के पैसे मिलेंगे तब दुल्हन की विदाई होगी.
     
दरअसल समस्या तिजोरी की है. सामाजिक न्याय विभाग को 29,200 जोड़ों को बांटने के लिए सिर्फ 65 करोड़ रुपये मिले हैं. फिलहाल मुख्यमंत्री विवाह योजना के अंतर्गत 26,500 दूल्हनों और मुख्यमंत्री निकाह योजना के तहत 1900 लड़कियों को भुगतान होना है. नवविवाहितों को 153 करोड़ रुपये दिए जाने हैं, लेकिन सरकार की माली हालत खराब है, इसलिए राशि नहीं दी जा रही.
      
कांग्रेस प्रवक्ता शहरयार खान का कहना है कि ''पिछली शिवराज सरकार कंगाली की स्थिति में राज्य को सौंप कर गई थी. कमलनाथ सरकार अब जल्द ही बचे हुए कुछ लोग हैं, उनकी राशि को खातों में ट्रांसफर कर देगी.'' वहीं पूर्व सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि ''एक साल हो गए, मुख्यमंत्री ने बड़े-बड़े पोस्टर तो लगवा लिए, बेटियों की शादी भी हुई, लेकिन उन्हें पैसे नहीं मिले. मुझे लगता है इससे ज्यादा वादाखिलाफी वाली सरकार इस प्रदेश को नहीं मिली.''

चल रही थी रस्में, सभी थे तैयार... फिर हुआ कुछ ऐसा कि बिना फेरे लिए दूल्हा हुआ फरार     

वैसे इससे पहले नगरपालिका ने इस पैसे के भुगतान के लिए शौचालय के साथ सेल्फी तक की शर्त जोड़ दी थी, पैसे फिर भी नहीं मिले. सामाजिक कल्याण विभाग अब पैसे दो किश्तों में देने की सोच रहा है क्योंकि सूत्रों के मुताबिक अनुपूरक बजट में भी पूरे पैसे नहीं मिले. इस योजना में हर जोड़े को 51 हजार रुपये दिए जाते हैं, तीन हजार रुपये सामूहिक विवाह कार्यक्रम पर खर्च होते हैं, जबकि 48 हजार रुपये दूल्हन के बैंक खाते में जाते हैं.

लालच में 11 जोड़ों ने शादीशुदा होते हुए भी मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में की शादी, मामला दर्ज

VIDEO : नशेड़ी पतियों को सबक सिखाने के लिए खास तोहफा

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Fund Crunch, Kanya Vivah Yojana, Madhya Pradesh
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com