Paracetamol for Kids: हमारे आसपास बहुत से लोग ऐसे हैं जो बच्चे को बुखार, खांसी या जुकाम लगने पर डॉक्टर के पास जाने की बजाय खुद ही दवा पिलाने लगते हैं. आपको बता दें कि ऐसा करना आपके बच्चे के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकता है. दवा की गलत डोज देने की वजह से बच्चे की जान भी जा सकती है. डॉक्टरों के मुताबिक बच्चों को दवा देते समय सबसे ज्यादा ध्यान डोज पर देना चाहिए. भारत में पैरासिटामोल, खांसी की दवा, उल्टी की दवा और कई सिरप-ड्रॉप्स अलग-अलग कंसंट्रेशन में मिलते हैं, लेकिन उनके नाम लगभग एक जैसे होते हैं. इसी वजह से माता-पिता अक्सर गलत मात्रा दे देते हैं, जिससे बच्चा ओवरडोज का शिकार हो जाता है.
डॉ. प्रो. गीतांजलि बी. के Journal of Pharmacology and Pharmacotherapeutics (Sep 2011) ने अपने एडिटोरियल में भी चेतावनी दी गई है कि गलत दवा या गलत मात्रा देना बच्चे के सेहत के लिए गंभीर खतरा बन सकता है.
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एक्सपर्ट्स बताते हैं, कि कई मामलों में बच्चे कोमा में चले जाते हैं, उन्हें दौरे पड़ते हैं या सांस लेने में परेशानी होने लगती है, सिर्फ ओवरडोज की वजह से. इसलिए माता-पिता से अपील की जाती है कि जल्दबाजी में बच्चों को कोई भी दवा न दें.
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क्यों होती हैं इतनी गलतियां? (Why Are There So Many Mistakes?)
भारत में कई दवाओं के नाम एक जैसे होने के बावजूद उनकी स्ट्रेंथ और कंपोजिशन अलग होते हैं. इसलिए प्रिस्क्रिप्शन को ठीक से पढ़ना बेहद जरूरी है, दवा का नाम, कंपोजिशन, स्ट्रेंथ और डोज हमेशा चेक करें. दवा का लेबल और एक्सपायरी डेट भी जरूर देखें.
आम गलतियां जो बच्चों को खतरे में डाल देती हैं | Common Mistakes That Put Children at Risk
डोमस्टल सस्पेंशन vs डोमस्टल ड्रॉप्स: सस्पेंशन की जगह ड्रॉप्स देने से 10 गुना डोज दे दी जाती है, जो बेहद खतरनाक है. डोमपेरिडोन में ओवरडोज और साइड इफेक्ट्स का हाई रिस्क होता है.
सिनारेस्ट के कई वर्जन: सिनारेस्ट ड्रॉप्स, सिरप, AF ड्रॉप्स, AF सिरप, इन सभी का कंपोजिशन अलग है. सरकार के नए आदेश के अनुसार, 4 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए यह दवाएं अलाउड नहीं हैं.
मैक्सट्रा ड्रॉप्स और सिरप: दोनों का कंपैरिजन अलग है, और इन्हें भी 4 साल से छोटे बच्चों को नहीं देना चाहिए.
एम्ब्रोडिल के कई फॉर्मूलेशन: एम्ब्रोडिल सिरप, ड्रॉप्स, एम्ब्रोडिल S, एम्ब्रोडिल D हर एक अलग है.
क्रोसिन के अलग स्ट्रेंथ: क्रोसिन ड्रॉप्स, क्रोसिन 120, क्रोसिन 240, P500 - सबमें पैरासिटामोल की मात्रा अलग होती है.
एक साथ 2–3 खांसी-जुकाम के सिरप देना- इससे एक ही कंपाउंड की ओवरडोज हो जाती है, जो बच्चे के लिए बहुत खतरनाक है.
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