Nipah Virus Update: देश में एक बार फिर निपाह वायरस को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है. पश्चिम बंगाल में निपाह वायरस के दो मामले सामने आने के बाद स्वास्थ्य एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गई हैं. इसी कड़ी में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल रिसर्च (NIMR) ने कोलकाता के दक्षिणी हिस्से में स्थित अलीपुर चिड़ियाघर में मौजूद चमगादड़ों की जांच शुरू कर दी है. इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि कहीं ये चमगादड़ निपाह वायरस के वाहक (Carrier) तो नहीं हैं.
क्यों हो रही है चमगादड़ों की जांच?
निपाह वायरस को एक ज़ूनोटिक बीमारी माना जाता है, यानी यह वायरस जानवरों से इंसानों में फैल सकता है. वैज्ञानिक अध्ययनों के अनुसार, फल खाने वाले चमगादड़ (Fruit Bats) इस वायरस के प्राकृतिक होस्ट माने जाते हैं. इसी वजह से जब भी किसी इलाके में निपाह के मामले सामने आते हैं, तो सबसे पहले चमगादड़ों की जांच की जाती है.
-
रुपये की गिरती कीमत पर RBI गवर्नर का बड़ा बयान, कोई फिक्स लेवल नहीं, जानिए क्या है रिजर्व बैंक का एक्शन प्लान -
टाटा संस की शेयर बाजार में लिस्टिंग अनिवार्य? RBI गवर्नर ने NDTV समिट में बताया ये क्यों है जरूरी -
मैं कर्म में विश्वास करता हूं... NDTV वर्ल्ड समिट में तुषार ने बताया किन वजहों से जीता यूके में मेयर का चुनाव -
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
बिकिनी सीन करने में कृति सेनन को क्यों लगे 12 साल? बोलीं- 6-7 साल पहले ऐसा नहीं कर पातीं -
AI एक्ट्रेस टिली नॉरवुड को पसंद है ये बॉलीवुड फिल्म, कृति सेनन के सामने सुनाया फेमस डायलॉग -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके? -
NDTV World Summit 2026: हॉकी चैंपियन नेहा गोयल का बड़ा खुलासा! दर्द में भी जीत का जश्न
अलीपुर चिड़ियाघर में क्या हुआ?
सूत्रों के मुताबिक, NIMR की एक विशेषज्ञ टीम ने गुरुवार और शुक्रवार की सुबह अलीपुर चिड़ियाघर में मौजूद चमगादड़ों से ब्लड सैंपल और स्वैब सैंपल इकट्ठा किए. यह पूरी प्रक्रिया सुबह तड़के पूरी की गई, ताकि आम लोगों और चिड़ियाघर में आने वाले पर्यटकों को किसी तरह की असुविधा न हो. टीम ने सूरज निकलने से पहले अपना काम खत्म कर लिया और वहां से लौट गई.

RT-PCR टेस्ट से होगी पुष्टि
चमगादड़ों से लिए गए सैंपल्स को RT-PCR (Reverse Transcription Polymerase Chain Reaction) टेस्ट के लिए भेजा गया है. यह वही टेस्ट है, जिसका इस्तेमाल कोरोना जैसी गंभीर बीमारियों की पहचान में किया गया था. इस जांच में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी (NIV) और भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) राज्य के स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर काम कर रहे हैं. इसके अलावा, राज्य का वन विभाग भी इस पूरी प्रक्रिया में सहयोग कर रहा है.
क्यों चुना गया अलीपुर चिड़ियाघर?
कोलकाता शहर में अलीपुर चिड़ियाघर ही एक ऐसा स्थान है, जहां बड़ी संख्या में चमगादड़ पाए जाते हैं. इससे पहले उत्तर 24 परगना जिले के मध्यमग्राम, बारासात और बशीरहाट इलाकों में भी चमगादड़ों की जांच की जा चुकी है. अब कोलकाता में भी एहतियातन यह कदम उठाया गया है.
वन विभाग की अनुमति क्यों जरूरी?
राज्य के प्रधान मुख्य वन संरक्षक और मुख्य वन्यजीव वार्डन संदीप सुंद्रियाल के अनुसार, चमगादड़ों को पकड़ने और उनके सैंपल लेने के लिए वन विभाग की अनुमति जरूरी होती है. स्वास्थ्य विभाग ने इसके लिए औपचारिक अनुरोध किया था, जिसे वन विभाग ने मंजूरी दे दी.
नतीजों में लगेगा थोड़ा वक्त
अधिकारियों का कहना है कि जांच के नतीजे आने में अभी कुछ दिन लग सकते हैं. तब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाएगा कि अलीपुर चिड़ियाघर के चमगादड़ निपाह वायरस से संक्रमित हैं या नहीं. इसी बीच विशेषज्ञ टीम शनिवार को नदिया जिले में भी इसी तरह चमगादड़ों के सैंपल इकट्ठा करने जा रही है.

निपाह वायरस के हालिया मामले
यह पूरी कवायद तब शुरू हुई, जब पश्चिम बंगाल में निपाह वायरस के दो मामले सामने आए. इन मामलों की पुष्टि AIIMS कल्याणी स्थित VRDL लैब में हुई थी. दोनों संक्रमित व्यक्ति नर्स हैं और फिलहाल एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है.
हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि आम लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन सतर्क रहना बेहद जरूरी है. सरकार और स्वास्थ्य एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं