Migraine Problem In Women: आज की तेज रफ्तार जिंदगी में महिलाओं के बीच माइग्रेन की समस्या तेजी से बढ़ती नजर आ रही है. यह केवल साधारण सिरदर्द नहीं होता, बल्कि एक ऐसा दर्द है जो बार-बार होता है और काफी परेशान कर देता है. इसमें सिर के एक हिस्से में धड़कन जैसा दर्द महसूस होता है. कई बार इसके साथ मितली, उल्टी, चक्कर और तेज रोशनी या आवाज से परेशानी भी होती है. काम और घर की जिम्मेदारियों के बीच महिलाएं अक्सर अपनी सेहत को नजरअंदाज कर देती हैं, जिससे यह समस्या धीरे-धीरे गंभीर रूप ले सकती है.
महिलाओं में माइग्रेन के पीछे क्या हैं कारण? (Causes Of Migraine In Women)
हॉर्मोनल बदलाव- (Harmonal Change)
महिलाओं में माइग्रेन का सबसे बड़ा कारण हॉर्मोनल बदलाव माना जाता है. पीरियड्स, प्रेग्नेंसी और मेनोपॉज के दौरान शरीर में हार्मोन का स्तर बदलता रहता है, जो माइग्रेन को ट्रिगर कर सकता है. इसके अलावा तनाव भी एक बड़ा कारण है. लगातार मानसिक दबाव और चिंता दिमाग पर असर डालते हैं, जिससे सिरदर्द बढ़ सकता है.

यह भी पढ़ें- Low Sugar Breakfast: ब्लड शुगर कंट्रोल में रखना है तो सुबह खाएं ये 8 हेल्दी चीजें
नींद की कमी- (Lack Of Sleep)
नींद की कमी भी माइग्रेन को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाती है. देर रात तक जागना और पर्याप्त आराम न मिलना शरीर के संतुलन को बिगाड़ देता है. वहीं, आज के समय में मोबाइल और लैपटॉप का ज्यादा इस्तेमाल भी इस समस्या को बढ़ा रहा है. तेज रोशनी और स्क्रीन से निकलने वाली किरणें माइग्रेन को ट्रिगर कर सकती हैं.
खानपान की गलत आदतें- (Wrong Eating Habits)
खानपान की गलत आदतें भी इसके लिए जिम्मेदार हैं. लंबे समय तक खाली पेट रहना, ज्यादा जंक फूड खाना, कैफीन का अधिक सेवन करना या पानी कम पीना भी माइग्रेन को बढ़ा सकता है. कई बार तेज खुशबू या मौसम में बदलाव भी इस दर्द को बढ़ा देते हैं.
माइग्रेन से बचाव के आसान तरीके (Simple Ways To Prevent Migraine)
- माइग्रेन से बचने के लिए सबसे जरूरी है एक संतुलित और नियमित दिनचर्या अपनाना. रोजाना समय पर सोना और कम से कम 7 से 8 घंटे की नींद लेना बहुत जरूरी है.
- तनाव को कम करने के लिए योग और मेडिटेशन को अपनी दिनचर्या में शामिल करें. इससे मन शांत रहता है और माइग्रेन का खतरा कम होता है.
- लंबे समय तक स्क्रीन देखने से बचें और बीच-बीच में आंखों को आराम दें.
- खानपान पर ध्यान दें और समय पर खाना खाएं. ज्यादा देर तक भूखे रहने से बचें.
- साथ ही दिनभर में पर्याप्त मात्रा में पानी पीना भी जरूरी है.
- हल्की एक्सरसाइज और सुबह की सैर भी फायदेमंद हो सकती है.
कब लें डॉक्टर की सलाह?
अगर माइग्रेन का दर्द बार-बार हो रहा है या बहुत तेज हो जाता है, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. समय रहते डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है. अपनी ट्रिगर करने वाली चीजों को पहचानें और उनसे दूरी बनाएं. छोटे-छोटे बदलाव अपनाकर माइग्रेन को काफी हद तक कंट्रोल किया जा सकता है.
Watch Video: महिलाओं में हार्ट अटैक का खतरा क्यों बढ़ रहा है?
(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं