Prasar Bharati Denied For FIFA WC Telecast Rights:
IPL के बाद भारतीय खेलप्रेमियों को फ़ुटबॉल का डोज़ मिलनेवाल है. 11 जून से शुरू होनेवाले वर्ल्ड कप के लिए फ़ैन्स ने अपनी ख़ास तैयारियां शुरू कर दी हैं. लेकिन बड़ी फ़िक्र टीवी पर मैच को दिखाये जाने को लेकर बरक़रार है. अबतक ये तय नहीं हो पाया है कि कौन-सा ब्रॉडकास्टर भारत में फ़ुटबॉल वर्ल्ड कप टीवी पर दिखायेगा. ये हालत तब है जब सिर्फ़ तीन हफ्तों में वर्ल्ड कप फुटबॉल शुरू होनेवाला है और भारत में करोड़ों लोग ये टूर्नामेंट ज़रूर ज़रूर देखते हैं.
प्रसार भारती ने भी पल्ला झाड़ा
ताजा खबर के मुताबिक प्रसार भारती ने दिल्ली हाई कोर्ट से कहा है कि भारत में FIFA वर्ल्ड कप के राइट्स लेने की जिम्मेदारी उसकी नहीं है. प्रसार भारती के इस रूख़ ने फ़ुटबॉल के सबसे बड़े समारोह के शुरू होने से पहले भारतीय फैंस के मैच देखने को लेकर बेचैनी और बढ़ा दी है.
FIFA वर्ल्ड कप 2026 के 12 जून को शुरू होने में अब तकरीबन तीन हफ़्ते का वक्त बचा है, लेकिन भारतीय फुटबॉल फैंस को अभी भी नहीं पता कि वे टूर्नामेंट कहां देख पाएंगे. पब्लिक ब्रॉडकास्टर प्रसार भारती ने ब्रॉडकास्टिंग की रेस से खुद को एक तरह से आधिकारिक तौर पर अलग कर लिया है. प्रसार भारती ने दिल्ली हाई कोर्ट को बताया है कि भारत में FIFA वर्ल्ड कप के राइट्स हासिल करने के लिए वो जिम्मेदार नहीं है. ऐसे में फ़ुटबॉल के पारंपरिक प्रेमी और GenZ इस वर्ल्ड कप को देखने को लेकर पसोपेश में हैं.
IPL ख़त्म होते ही भारतीय खेलप्रेमियों के लिए क्रिकेट का डोज़ भारत बनाम अफ़ग़ानिस्तान क्रिकेट सीरीज़ से तो शुरू हो जाएगा. लेकिन इसी बीच दुनिया भर के फ़ुटबॉलप्रेमियों की तरह भारतीय फ़ैन्स भी फ़ुटबॉल के रंग में रंग जाएंगे.
भारत की FIFA रैंकिंग 135 के पार
भारत में फ़ुटबॉल को ज़ाहिर तौर पर क्रिकेट जैसी लोकप्रियता हासिल नहीं है. भारत की FIFA रैंकिंग पुरुषों में 136 और महिलाओं में 69 है, भारत ने अबतक कभी फ़ुटबाल वर्ल्ड कप में हिस्सा भी नहीं लिया है. लेकिन वर्ल्ड कप के क़रीब सवा महीने हर दफ़ा भारत में फ़ुटबॉल फ़ीवर ज़रूर रहता है. ना सिर्फ़ गोवा, केरल, कर्नाटक, कोलकाता और पंजाब, बल्कि पूरे देश में फ़ुटबॉल का बुख़ार सापञ तौर पर महसूस किया जा सकता है.
48 टीमें 100 से ज़्यादा मैच
ये फ़ुटबॉल वर्ल्ड कप कई मायनों में एक नयेपन के साथ दुनिया भर में देखा जाएगा. दुनिया का ये सबसे लोकप्रिय टूर्नामेंट पहली बार तीन देशों के 16 शहरों में (कनाडा, मेक्सिको और अमेरिका) में खेला जाएगा. 11 जून से 19 जुलाई के बीच चलनेवाले इस टूर्नामेंट में पहली बार 32 के बजाए 48 टीमें हिस्सा लेंगी.
पिछले कई दशकों से भारतीय फ़ुटब़ल फ़ैन्स टीवी पर वर्ल्ड कप फ़ुटबॉल का लुत्फ़ उठाते रहे हैं. लेकिन हैरान करवनेवाली बात है कि फ़ीफ़ा-FIFA इस बार भारत में कोई ब्रॉडकास्टर खरीददार अबतक सुनिश्चित नहीं कर पाया है.
ये हालात तब हैं जबकि पिछली दफ़ा 2022 कतर वर्ल्ड कप के दौरान भारत में सभी प्लैटफ़ॉर्म पर 74.5 करोड़ लोगों ने वर्ल्ड कप का लुत्फ़ उठाया था. इससे ज़्यादा सिर्फ़ चीन में फुटबॉल फ़ैन्स ने वर्ल्ड कप फ़ुटबॉल मैच में बतौर दर्शक भागीदारी की थी. दरअसल टीवी पर वर्ल्ड कप देखनेवालों की फ़ेहरिस्त में भारत दुनिया के टॉप 10 देशों में (तकरीबन 8.4 करोड़) शामिल रहता है.
पिछली दफ़ा अपने डिजिटल प्लैटफॉर्म पर फ़ीफ़ा वर्ल्ड कप फ़ुटबॉल के लिए JioCinema 60 मिलियन डॉलर की रकम खर्च की थी. फ़ीफ़ा को उम्मीद थी कि वो भारत में 100 मिलियन डॉलर (तकरीबन 965 करोड़ रुपये) की रकम हासिल कर सकेगा. भारत में फुटबॉल स्ट्रीमिंग की कीमत भी बहुत ज़्यादा नहीं होती है. ज़्यादातर GenZ इंग्लिश प्रीमियर लीग के मैच देखती तो है लेकिन इसे भी 1500 करोड़ रुपये से कम की कमाई हो पाती है.
मध्यरात्रि को होंगे मैच
इसबार तकरीबन दो हफ़्ते पहले तक फ़ुटब़ल वर्ल्ड कप के मीडिया राइट्स भारत में बिक नहीं पाये हैं. एक्सपर्ट्स के मुताबिक इसकी एक बड़ी वजह है अमेरिका, कनाडा और मेक्सिको में होनेवाले मैचों की टाइमिंग. मसलन 9 जुलाई को फुटब़ल वर्ल्ड कपका फ़ाइनल भारतीय समय के मुताबिक 12:30 बजे रात या तड़के साढ़े 12 बजे शुरू होगा. इस वक्त मैच देखना भारतीय दर्शकों के लिए आसान नहीं. वर्ल्ड कप के 104 मैचों (72 लीग, 32 फ़ाइनल सहित नॉआउट) में से सिर्फ़ 14 मैच मध्यरात्रि से पहले शुरू हो पायेंगे.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं