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Rogan Josh: इस वजह से पड़ा ‘रोगन जोश’ नाम, जानिए कैसे बनी दुनिया की फेमस डिश

Rogan Josh: अगर आप नॉनवेज खाने के शौकीन हैं, तो आपने कभी न कभी रोगन जोश का स्वाद जरूर चखा होगा. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि इस मशहूर डिश का नाम आखिर “रोगन जोश” कैसे पड़ा?

Rogan Josh: इस वजह से पड़ा ‘रोगन जोश’ नाम, जानिए कैसे बनी दुनिया की फेमस डिश
Rogan Josh
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Rogan Josh: अगर आप नॉनवेज खाने के शौकीन हैं, तो आपने कभी न कभी रोगन जोश का स्वाद जरूर चखा होगा. लाल रंग की गाढ़ी ग्रेवी, खुशबूदार मसाले और धीमी आंच पर पका मुलायम मटन इसे बाकी करी से अलग बनाता है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि इस मशहूर डिश का नाम आखिर “रोगन जोश” कैसे पड़ा? इसके नाम के पीछे सिर्फ स्वाद नहीं, बल्कि फारसी भाषा, मुगल इतिहास और कश्मीरी संस्कृति से जुड़ी एक दिलचस्प कहानी छिपी हुई है. यही वजह है कि रोगन जोश आज भी लोगों की सबसे पसंदीदा शाही डिशों में गिना जाता है.

आखिर क्या मतलब होता है ‘रोगन जोश' का?

रोगन जोश नाम फारसी भाषा से निकला माना जाता है. इसमें “रोगन” शब्द का मतलब होता है तेल या घी और “जोश” का मतलब होता है तेज आंच या गर्मी. यानी ऐसी डिश जिसे तेल और मसालों के साथ तेज आंच पर पकाया जाए. पुराने समय में यह डिश फारस से भारत आई और बाद में कश्मीर की रसोई का खास हिस्सा बन गई.

कुछ लोग यह भी मानते हैं कि “रोगन” का मतलब लाल रंग की चमक से भी जुड़ा है, जो इस डिश की पहचान मानी जाती है. यही लाल रंग इसे बाकी मटन करी से अलग और ज्यादा आकर्षक बनाता है.

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कश्मीर से कैसे जुड़ा रोगन जोश?

कश्मीर की पारंपरिक शाही दावत “वज़वान” में रोगन जोश की खास जगह होती है. वज़वान कई तरह की खास नॉनवेज डिशों का बड़ा भोज होता है, जिसमें मेहमानों को बड़े सम्मान के साथ खाना परोसा जाता है. रोगन जोश को इसमें स्वाद और खुशबू की वजह से बेहद खास माना जाता है.

पारंपरिक कश्मीरी तरीके में इसे धीमी आंच पर लंबे समय तक पकाया जाता है ताकि मसाले मटन में अच्छे से घुल जाएं. यही वजह है कि इसका स्वाद बेहद गहरा और अलग महसूस होता है.

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लाल रंग का असली राज क्या है?

कई लोगों को लगता है कि इसका लाल रंग टमाटर से आता है, लेकिन असली रोगन जोश में टमाटर नहीं डाला जाता. इसका रंग कश्मीरी लाल मिर्च और रतनजोत जैसे प्राकृतिक तत्वों से आता है. इससे डिश का रंग भी शानदार बनता है और स्वाद भी खास रहता है.

आज भी क्यों इतना पसंद किया जाता है?

रोगन जोश सिर्फ एक डिश नहीं, बल्कि कश्मीरी परंपरा और शाही खाने की पहचान माना जाता है. आज भी लोग इसे त्योहारों, पार्टियों और खास मौकों पर बनाना पसंद करते हैं. नान, चावल या रोटी के साथ इसका स्वाद लोगों को बार-बार इसे खाने पर मजबूर कर देता है.

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