कुछ दिनों मुझे पेट में काफी तेज दर्द हुआ, जिसके बाद मेरे पेट का अल्ट्रासाउंट हुआ. इस दौरान मुझे पता चला कि मुझे ग्रेड-2 फैटी लिवर की शिकायत है. फैटी लिवर की शिकायत होने के बाद मेरे अंदर खानपान को लेकर कई तरह के सवाल उठते हैं, जिनमें कुछ ड्राईफ्रूट्स भी हैं. दरअसल, फैटी लिवर होने पर डॉक्टर सबसे पहले खानपान को सही करने की सलाह देते हैं.
ऐसे में मेरे मन में भी ये खाने-पीने की चीजों को लेकर जानने की उत्सुकता हुई. इसमें काजू भी शामिल है. काजू, जिन्हें मैं पहले से ही आदत के तौर पर खाती हूं, उसे लेकर मेरे मन में सवाल उठा क्या काजू को भी इस स्थिति में खाना बंद करना चाहिए? चलिए यहां पूरे विस्तार से समझते हैं कि क्या फैटी लिवर में काजू खा सकते हैं या नहीं?
क्या काजू फैटी लिवर में नहीं खाना चाहिए?
काजू और लिवर की सेहत को जोड़ने वाली अधिकतर रिसर्च इनडायरेक्ट हैं. इन रिसर्च में बताया गया है कि फैटी लिवर में काजू पूरी तरह से न खाने की सलाह नहीं दी जाती है. इसे आप कुछ मात्रा में खा सकते हैं. हालांकि, इस बात का ध्यान रखें कि इसे सीमित मात्रा में खा सकते हैं. इससे आपके लिवर को फायदा ही पहुंचता है. लेकिन इस बात का ध्यान रखें अपने डाइट में अचानक से किसी बदलाव से पहले डॉक्टर की सलाह लेना बिल्कुल भी न भूलें.
काजू खाने के क्या फायदे हो सकते हैं?
एंटी-ऑक्सीडेंट्स से भरपूर: काजू का अगर आप नियमित रूप से सेवन करते हैं, तो इससे कई तरह के जरूरी एंटीऑक्सीडेंट्स प्राप्त होते हैं, तो शरीर में फ्री-रेडिकल्स के असर को कम कर सकती है. इससे लिवर को नुकसान पहुंचाने वाले कोशिकाओं से भी सुरक्षित रहा जा सकता है.
काजू में होते हैं हेल्दी फैट: कुछ रिसर्च कहता है कि काजू में मोनोअनसैचुरेटेड फैट होता है, जो मुख्य रूप से ओलिक एसिड होता है. ये हेल्दी फैट आपको कोलेस्ट्रॉल लेवल को बेहतर करता है.
वजन करता है कम: अगर आप रोजाना लगभग 30 ग्राम काजू खाते हैं, तो वेट लॉस नें भी मदद मिल सकती है. क्योंकि इससे आपका पेट लंबे समय तक भरा रहता है, जो बार-बार भूख लगने की परेशानी को कम कर सकता है.
ये भी पढ़ें - फैक्ट्री में कैसे बनती है असली काजू कतली? देखिए अंदर का हाल
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं