
भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने इंग्लैंड के लंबे दौरे की शुरुआत से पहले कहा कि अच्छे खिलाड़ियों को एक शृंखला में खराब प्रदर्शन के आधार पर बाहर नहीं किया जाना चाहिए और उन्हें फार्म में वापसी का मौका मिलना चाहिए।
धोनी ने इंग्लैंड पहुंचने के बाद पहले संवाददाता सम्मेलन में कहा, मेरा मानना है कि खिलाड़ियों का समर्थन करना महत्वपूर्ण है। यह मायने नहीं रखता कि वह कप्तान है या बल्लेबाज या गेंदबाज। भारतीय टीम 2011 के निराशाजनक दौरे को भुलाकर शुक्रवार को लीस्टरशर के खिलाफ तीने दिवसीय अभ्यास मैच से सकारात्मक शुरुआत करने की कोशिश करेगी।
धोनी से जब इंग्लैंड के कप्तान एलिस्टेयर कुक के बारे में पूछा गया, जिनकी खराब फार्म के कारण उनकी टीम को श्रीलंका के खिलाफ शृंखला गंवानी पड़ी, तो भारतीय कप्तान ने कहा, प्रत्येक खिलाड़ी बुरे दौर से गुजरता है और आपको सही समय पर खिलाड़ी का पक्ष लेने की जरूरत पड़ती है, क्योंकि जब आप बड़ी पारियां खेलते हैं उस समय तो हर कोई आपके साथ होगा। उन्होंने कहा, मीडिया के लिए भी यह जरूरी है वह समझे कि पिछली बार जब हम यहां आए थे तब उसने कैसा प्रदर्शन किया था और उसके बारे में क्या लिखा गया था।
उन्होंने कहा, इन सबसे मदद मिलती है, लेकिन जिन खिलाड़ियों ने ऐसी परिस्थितियों में क्रिकेट नहीं खेली है उनके लिए परिस्थितियों से जल्द से जल्द तालमेल बिठाना महत्वपूर्ण है। हम पहले टेस्ट मैच से 15 से 20 दिन पहले यहां पहुंच गए हैं, जिससे निश्चिततौर पर मदद मिलेगी।
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं