Share Market Today:पिछले पांच दिनों से शेयर बाजार में जारी शानदार तेजी पर आखिरकार आज ब्रेक लग गया है. हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन यानी शुक्रवार, 19 जून को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत बड़ी गिरावट के साथ हुई है. ग्लोबल मार्केट से मिल रहे मिले-जुले संकेतों के बीच बाजार खुलते ही सेंसेक्स 700 अंकों से ज्यादा टूट गया, वहीं निफ्टी भी लाल निशान में कारोबार कर रहा है.
सुबह 9 बजकर 15 मिनट के करीब सेंसेक्स 0.97% यानी 747.08 अंक की भारी गिरावट के साथ 76,662.90 के स्तर पर आ गया.निफ्टी 50 भी 0.86% यानी 208.75 अंक टूटकर 23,959.25 के स्तर पर कारोबार करता दिखा.
निफ्टी IT इंडेक्स 6% लुढ़का, रियल्टी और मेटल भी डूबे
सेक्टर के लिहाज से देखें तो आज बाजार को नीचे खींचने में आईटी सेक्टर का सबसे बड़ा हाथ रहा.एक्सेंचर की खराब चेतावनी के बाद Nifty IT इंडेक्स करीब 6% तक टूट गया. वहीं, मिड और स्मॉल-कैप आईटी - टेलीकॉम इंडेक्स में भी 2% से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई.आईटी के अलावा रियल्टी, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, फाइनेंशियल सर्विसेज, मेटल्स, ऑटो और एफएमसीजी (FMCG) इंडेक्स भी गिरावट के साथ लाल निशान में कारोबार कर रहे हैं.
निवेशकों के ₹2 लाख करोड़ स्वाहा
एक्सेंचर के कमजोर नतीजों और कमेंट्री का असर इस कदर था कि शुक्रवार को ट्रेडिंग शुरू होने के महज कुछ ही मिनटों के भीतर सेंसेक्स में लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैपिटलाइजेशन करीब ₹2 लाख करोड़ घट गया. बीएसई (BSE) पर लिस्टेड सेंसेक्स कंपनियों की कुल वैल्यूएशन ₹4,77,60,908 करोड़ से घटकर ₹4,75,65,708 करोड़ पर आ गई. ग्लोबल कंसल्टिंग दिग्गज एक्सेंचर के खराब आउटलुक के कारण टेक्नोलॉजी शेयरों में चौतरफा बिकवाली देखने को मिली, जिसने बाजार खुलते ही निवेशकों की वेल्थ से करीब ₹2 लाख करोड़ साफ कर दिए और पूरे आईटी सेक्टर को नीचे धकेल दिया.
फार्मा और हेल्थकेयर को मिला सहारा
बाजार की इस गिरावट के बीच निवेशकों ने सुरक्षित माने जाने वाले फार्मा (Defensive Sectors) में खरीदारी की. इसके चलते निफ्टी फार्मा 0.47%, हेल्थकेयर इंडेक्स 0.40% और मिड-स्मॉल हेल्थकेयर इंडेक्स 0.38% की बढ़त के साथ हरे निशान में टिके हुए हैं.
टूट गया पिछले 5 दिनों की तेजी का सिलसिला
आज की इस गिरावट के साथ ही बाजार की लगातार पांच सत्रों से जारी आतिशबाजी थम गई है. आपको बता दें कि पिछले पांच कारोबारी दिनों में भारतीय बाजार ने कमाल का प्रदर्शन किया था, जहां निफ्टी 50 करीब 4.3% और सेंसेक्स लगभग 4.8% चढ़ा था.
अगर बीते दिन यानी गुरुवार की बात करें, तो बाजार लगातार पांचवें दिन हरे निशान में बंद हुआ था. गुरुवार को सेंसेक्स 254.36 अंक (0.33%) की बढ़त के साथ 77,409.98 पर बंद हुआ था, जबकि निफ्टी 82.30 अंक (0.34%) चढ़कर 24,168 के स्तर पर बंद होने में कामयाब रहा था.
एशिया के अन्य बाजारों में तेजी, कच्चे तेल में राहत
एक तरफ जहां भारतीय बाजारों में गिरावट है, वहीं दूसरी तरफ एशिया के अन्य बाजारों से अच्छे संकेत देखने को मिले हैं. सियोल (साउथ कोरिया) के 'कोस्पी' (Kospi) इंडेक्स ने टेक कंपनियों के दम पर शुक्रवार को एक और नया रिकॉर्ड बनाया है. अमेरिका और ईरान के बीच हुए समझौते के बाद होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में ट्रैफिक दोबारा शुरू होने से कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में गिरावट का रुख जारी रहा, जिससे वैश्विक बाजारों को सहारा मिला.
हालांकि, इस हफ्ते अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा साल के अंत से पहले ब्याज दरें बढ़ाए जाने की अटकलें तेज हुई थीं, लेकिन एशियाई निवेशकों ने उसे दरकिनार कर खरीदारी की.
अमेरिकी बाजार में शानदार तेजी
एशियाई बाजारों को अमेरिकी बाजार (Wall Street) से भी मजबूत संकेत मिले थे. बीते सत्र में टेक-हैवी नैस्डैक (Nasdaq) इंडेक्स लगभग दो प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ था, जिसमें अमेजन, अल्फाबेट (गूगल) और एनवीडिया जैसी दिग्गज टेक कंपनियों का बड़ा योगदान रहा.
इसके अलावा टोक्यो का निक्केई 225, वेलिंगटन और मनीला के बाजारों में भी तेजी रही. हालांकि, सिडनी और सिंगापुर के बाजारों में छुट्टी के कारण कम वॉल्यूम के बीच मामूली गिरावट देखी गई, जबकि हांगकांग, शंघाई और ताइपे के बाजार बंद रहे.
ये भी पढ़ें- एक्सेंचर के झटके से लहूलुहान हुआ IT सेक्टर, इन्फोसिस 8.5% तक टूटा, लाखों कर्मचारियों की बढ़ी धड़कनें
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं