Work from Home: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खाड़ी क्षेत्र के बिगड़ते हालात और ऊर्जा सप्लाई को लेकर बढ़ती चिंता के बीच देशवासियों से ईंधन बचाने और वर्क फ्रॉम होम यानी घर से काम अपनाने की अपील की है. इस अपील के बाद शार्क टैंक इंडिया के जज और People Group व Shaadi.com के संस्थापक अनुपम मित्तल ने तुरंत कदम उठाया. उन्होंने 13 मई को X (ट्विटर) पर बताया कि उनकी कंपनी ने अपने करीब 500 कर्मचारियों के लिए हफ्ते में एक दिन वर्क फ्रॉम होम कंपलसरी कर दिया है.
प्रधानमंत्री मोदी की अपील के कुछ समय बाद ही यह कदम उठाया गया. उन्होंने लोगों से कहा था कि बिना जरूरत बाहर जाना कम करें, ईंधन बचाएं और मीटिंग्स के लिए ऑनलाइन तरीकों को अपनाएं. इसकी वजह ईरान‑अमेरिका के बीच बढ़ता तनाव और होरमुज जलडमरूमध्य में हो रही दिक्कतें हैं, जिससे ऊर्जा सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ रही है.
अनुपम मित्तल ने अपने ट्वीट में कहा कि उन्होंने पहले इस बारे में ज्यादा नहीं सोचा था, लेकिन अगर 500 कर्मचारी हफ्ते में एक दिन घर से काम करें, तो साल भर में करीब 30,000 लीटर पेट्रोल की बचत हो सकती है. उन्होंने बताया कि अब हर बुधवार को कंपनी में वर्क फ्रॉम होम रहेगा. प्रधानमंत्री मोदी का यह सुझाव खाड़ी संकट के चलते खर्च कम करने और बचत बढ़ाने की बड़ी योजना का हिस्सा है. उन्होंने लोगों से यह भी कहा कि अनावश्यक विदेश यात्राएं टालें और सोना खरीदने जैसे गैर‑जरूरी खर्चों से बचें.
Kabhi socha nahin, but 1 day remote for 500 employees means 30 k liters of petrol saved a year. Wed r now WFH 🇮🇳
— Anupam Mittal (@AnupamMittal) May 13, 2026
मित्तल के इस बयान के बाद हाइब्रिड वर्क कल्चर और प्रोडक्टिविटी को लेकर ऑनलाइन चर्चा शुरू हो गई. एक यूजर ने कहा, “इससे काम की प्रोडक्टिविटी कम हो जाएगी. ऑफिस इसलिए होते हैं ताकि लोग साथ बैठकर प्रोफेशनल तरीके से काम कर सकें.” इस पर मित्तल ने जवाब दिया, “हो सकता है इससे काम और बेहतर हो जाए, क्योंकि हफ्ते के बीच में रोजाना आने-जाने से राहत मिलती है.”
हाइब्रिड वर्क को लेकर अलग-अलग राय
एक अन्य व्यक्ति ने पूछा कि क्या हाइब्रिड वर्क से सच में प्रोडक्टिविटी पर असर पड़ता है या फिर बड़ी कंपनियां इसे बहाना बनाकर इसका विरोध करती हैं, जबकि शहरों में ट्रैफिक की समस्या बढ़ रही है. इस पर मित्तल ने कहा, “यह कंपनी और स्थिति पर निर्भर करता है, लेकिन अगर कभी हाइब्रिड वर्क पर गंभीरता से विचार करने का सही समय है, तो वह अभी है.” उन्होंने आगे कहा, “मुझे लगता है कि भविष्य में ज्यादातर कंपनियां हफ्ते में दो दिन घर से काम करवाएंगी. हालांकि, किसी संकट या बड़े बदलाव के समय फिर से ऑफिस से काम करना जरूरी हो सकता है.”
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