- ब्रिटिश म्यूजियम के खिलाफ डॉ. यूसुफ अली उस्मान ने कानूनी कार्रवाई की, क्योंकि ऑडियो गाइड उपलब्ध नहीं कराई गई
- डॉ. उस्मान का आरोप है कि म्यूजियम ने समानता कानून का उल्लंघन कर दिव्यांगों के साथ भेदभाव किया है
- बायूक्स टेपेस्ट्री प्रदर्शनी में ऑडियो गाइड की कमी से नेत्रहीन व्यक्ति को जानकारी समझने में कठिनाई हो रही है
एक नेत्रहीन व्यक्ति ने ब्रिटिश म्यूजियम के खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर दी है. सवाल है कि जिस ब्रिटिश म्यूजियम को दुनिया के सबसे बेहतरीन और सबसे व्यापक म्यूजियम में से एक माना जाता है (भले अधिकतर आर्टिफैक्ट्स दूसरे देश से चुराए हों) उसके खिलाफ एक दिव्यांग ने यह कार्रवाई क्यों शुरू की है. दरअसल इस म्यूजियम में 'बायू टेपेस्ट्री' प्रदर्शनी में ऑडियो गाइड की सुविधा नहीं है और इसे इस व्यक्ति ने अपने खिलाफ भेदभाव करार दिया है. यह रिपोर्ट द टेलीग्राम ने छापी है.
क्या है पूरा मामला?
इस कानूनी कार्रवाई को शुरू करने वाले शख्स का नाम डॉ. यूसुफ अली उस्मान है. लीगल फर्म 'ली डे' ने डॉ. यूसुफ की ओर से म्यूजियम को एक कानूनी लेटर भेजा है, जिसमें कहा गया है कि म्यूजियम ब्रिटेन के समानता कानून का पालन करने में विफल रहा है. डॉ. उस्मान की दोनों आंखों की रोशनी जा चुकी है. उन्होंने ब्रिटिश म्यूजियम को फोन करके पूछा था कि क्या लोकप्रिय 'बायू टेपेस्ट्री' शो के लिए ऑडियो गाइड उपलब्ध कराए जाएंगे. लेकिन उन्हें बताया गया कि वे उपलब्ध नहीं हैं.
काम की बात- बायूक्स टेपेस्ट्री (Bayeux Tapestry) लगभग 70 मीटर लंबा और 50 सेंटीमीटर ऊंचा कढ़ाई वाला कपड़ा है. इसमें 1066 में इंग्लैंड पर नॉर्मन कब्जे से जुड़ी घटनाओं को दिखाया गया है. इस अभियान का नेतृत्व विलियम द कॉन्करर ने किया था, जिन्होंने इंग्लैंड के राजा हेराल्ड द्वितीय को चुनौती दी थी और यह अभियान हेस्टिंग्स की लड़ाई के साथ खत्म हुआ था. 11वीं सदी की यह कलाकृति जुलाई में लंदन पहुंची थी और इसकी प्रदर्शनी 10 सितंबर को शुरू हुई है, जिसके सभी टिकट बिक चुके हैं.

डॉ. यूसुफ अली उस्मान ब्रिटिश म्यूजियम पर मुकदमा कर रहे हैं (फोटो- Leigh Day Law)
लीगल फर्म के अनुसार म्यूजियम का कहना है कि गैलरी में आने वाले लोगों की संख्या पर लगी पाबंदियों के कारण, वे प्रोग्राम्ड टूर और इवेंट्स के बजाय खुद से घूमने वाले लोगों को प्राथमिकता देंगे. रिपोर्ट के अनुसार माना जा रहा है कि म्यूजियम का मानना है कि ऑडियो गाइड से उन लोगों की आवाजाही धीमी हो सकती है, जिन्हें प्रदर्शनी देखने के लिए 40-40 मिनट का समय दिया जाता है.

बायूक्स टेपेस्ट्री लगभग 70 मीटर लंबा और 50 सेंटीमीटर ऊंचा कढ़ाई वाला कपड़ा है (फोटो- एएफपी)
डॉ. उस्मान का मानना था कि यह भेदभाव है, क्योंकि वह नॉर्मन विजय की 70 मीटर लंबी गाथा में दी गई जानकारी को नहीं देख या समझ पा रहे थे. अब वह मुआवजे की मांग कर रहे हैं और चाहते हैं कि ब्रिटिश म्यूजियम अपनी नीतियों में बदलाव करे, जिसमें दिव्यांगता के बारे में जागरूकता की ट्रेनिंग देना भी शामिल हो.
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