- USS Gerald R. Ford, दुनिया का सबसे बड़ा एयरक्राफ्ट कैरियर, क्रोएशिया के स्प्लिट शहर पहुंच गया है
- यह दौरा निर्धारित पोर्ट विजिट और मेंटेनेंस का हिस्सा है, जिसमें स्थानीय अधिकारियों की मेजबानी शामिल होगी
- जहाज हाल ही में ग्रीस के क्रीट बेस से रवाना हुआ था, जहां पहले इसमें आग लगने की घटना हुई थी
दुनिया का सबसे बड़ा एयरक्राफ्ट कैरियर USS Gerald R. Ford, जो कि मिडिल ईस्ट युद्ध अभियानों का हिस्सा रहा है. शनिवार को क्रोएशिया के शहर स्प्लिट पहुंच गया. अमेरिकी दूतावास ने एक बयान में भी इसकी जानकारी दी. शनिवार सुबह AFP के पत्रकारों ने जहाज को बंदरगाह की ओर बढ़ते हुए देखा. अमेरिकी दूतावास के अनुसार, यह दौरा एक “निर्धारित पोर्ट विजिट और मेंटेनेंस” का हिस्सा है. इस दौरान USS Gerald R. Ford स्थानीय अधिकारियों और प्रमुख नेताओं की मेजबानी करेगा.

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क्रीट से रवाना हुआ था एयरक्राफ्ट कैरियर
USS Gerald R. Ford इस सप्ताह की शुरुआत में ग्रीस के क्रीट स्थित नेवल बेस से रवाना हुआ था. इससे पहले जहाज एक बार फिर उसी बेस पर लौटा था, जब उसमें लगी आग की घटना सामने आई थी. 12 मार्च को जहाज के लॉन्ड्री रूम में आग लग गई थी, जिसमें दो अमेरिकी नाविक घायल हो गए थे. अमेरिकी सेना के मुताबिक, इस आग से करीब 100 बेड को नुकसान पहुंचा. USS Gerald R. Ford और एक अन्य अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर Abraham Lincoln ने ईरान से जुड़े अभियानों में अहम भूमिका निभाई.
फरवरी के अंत में अमेरिका और इज़राइल ने ईरान के खिलाफ बड़े पैमाने पर हवाई अभियान शुरू किया था, जिसके लिए मिडिल ईस्ट में भारी सैन्य तैनाती की गई थी। Ford की वापसी से क्षेत्र में अमेरिकी बलों के लिए एक खालीपन पैदा हुआ है.
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करीब नौ महीने से समुद्र में तैनात
USS Gerald R. Ford करीब नौ महीनों से समुद्र में तैनात है. इस लंबे मिशन के दौरान जहाज ने कैरेबियन क्षेत्र में भी अमेरिकी अभियानों में हिस्सा लिया, जहां ड्रग तस्करी से जुड़े जहाजों पर हमले किए गए और प्रतिबंधित टैंकरों को रोका गया और वेनेजुएला के नेता निकोलस मादुरो से जुड़े मामलों में कार्रवाई की गई. समुद्र में तैनाती के दौरान जहाज को टॉयलेट सिस्टम से जुड़ी गंभीर समस्याओं का भी सामना करना पड़ा. अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, जहाज में बार-बार क्लॉग की समस्या और शौचालयों के बाहर लंबी कतारें लगने की खबरें सामने आईं.
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