- अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच संघर्ष से होर्मुज जलडमरूमध्य में तेल टैंकरों की आवाजाही पूरी तरह ठप है
- 1 मार्च से 11 मार्च के बीच होर्मुज और आसपास के क्षेत्रों में कई तेल टैंकरों और जहाजों पर हमले हुए हैं
- 11 मार्च को ही होर्मुज में तीन अलग-अलग जहाजों पर हमले हुए. एक जहाज तो भारत आ रहा था
अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जंग ने वैश्विक व्यापार और तेल सप्लाई के सबसे महत्वपूर्ण मार्ग होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के लिए गंभीर खतरा पैदा कर दिया है. जंग शुरू होने के बाद से यहां से तेल टैंकरों और जहाजों की आवाजाही ठप है. ईरान की सेना यहां से गुजरने वाले कई जहाजों को निशाना बना चुकी है. यही वजह है कि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के आश्वासन के बावजूद जहाज इस रास्ते से गुजरने की हिम्मत नहीं कर पा रहे हैं. आइए बताते हैं कि जंग शुरू होने के बाद होर्मुज में कब-कब बड़े हमले हुए.
1 मार्च: जंग शुरु होते ही 3 बड़े हमले
- 28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल के हमले शुरू होने के तुरंत बाद 1 मार्च को ओमान के तट से 50 समुद्री मील दूर MKD VYOM नाम के टैंकर पर हमला हुआ, जिसमें एक क्रू मेंबर मारा गया. ये जहाज मार्शल आइलैंड का था.
- इसी दिन जिबराल्टर के झंडे वाले तेल सप्लाई टैंकर 'हरक्यूलिस स्टार' पर यूएई के रास अल खैमाह के पास हमला किया गया. हमले के बाद जहाज पर आग लग गई थी.
- होर्मुज स्ट्रेट में इसी दिन पलाऊ के तेल टैंकर 'स्काईलाइट' पर ओमान के पास हमला किया गया. ओमान की सुरक्षा एजेंसियों ने जहाज पर फंसे चालक दल के सदस्यों को बचाकर निकाला.
2 मार्च: अमेरिकी झंडे वाले टैंकर पर हमला
बहरीन के बंदरगाह पर अमेरिकी झंडे वाले टैंकर Stena Imperative पर दो मिसाइलें दागी गईं, जिससे जहाज में आग लग गई. इसकी वजह से चालक दल को जहाज छोड़ना पड़ा.

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3 मार्चः यूएई के पास 2 जहाजों पर अटैक
मार्शल आइलैंड के क्रूड ऑयल टेंकर लिबरा ट्रेडर और पनामा के गोल्ड ओक नाम के टैंकर पर हमला किया गया. UKMTO के मुताबिक, यूएई के फुजैरा बंदरगाह के पास हुए इन हमलों में जहाजों को मामूली नुकसान पहुंचा.
4 मार्च: होर्मुज जाते कंटेनर पर दागी मिसाइल
माल्टा के फ्लैग वाला कंटेनर शिप सफीन प्रेस्टीज जब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की तरफ बढ़ रहा था, उसी समय उस पर मिसाइल से हमला हुआ. इससे जहाज के इंजन रूम में आग लग गई और क्रू को जहाज छोड़कर भागना पड़ा.
5 मार्चः रिमोट वाली बोट से कंटेनर पर हमला
इराक के खोर अल जुबैर बंदरगाह के पास खड़े सोनांगोल नामीबे नाम के कच्चे तेल के टैंकर को निशाना बनाया गया. अमेरिकी रिप्रजेंटेटिव कंपनी सोनांगोल मरीन सर्विस ने बताया कि ये हमला रिमोट कंट्रोल से चलने वाली विस्फोटकों से लदी ईरानी बोट के जरिए किया गया.
6 मार्च: ओमान के पास टगबोट पर अटैक
होर्मुज जलडमरूमध्य में एक टगबोट पर उस वक्त हमला हुआ, जब वह 4 मार्च के हमले में क्षतिग्रस्त सफीन प्रेस्टीज पर काम कर रही थी. ये हमला ओमान के उत्तर में 6 समुद्री मील दूर हुआ.
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7 मार्चः सऊदी अरब के पास ड्रोन हमला
सऊदी अरब के जुबैल के पास एक जहाज पर संदिग्ध ड्रोन हमला किया गया. UKMTO ने थर्ड पार्टी सूत्रों के हवाले से बताया कि हमले के बाद चालक दल के अधिकांश सदस्यों को जहाज से उतार दिया गया.
11 मार्च: एक ही दिन में 3 जहाजों पर हमले
- बुधवार को होर्मुज में हमलों में तेजी आई. थाईलैंड के मयूरी नारी नाम के जहाज पर प्रोजेक्टाइल से हमले के बाद आग लग गई. ये जहाज भारत के कांडला बंदरगाह आ रहा था.
- दूसरा हमला यूएई के रास अल खैमाह के पास जापान के 'वन मेजेस्टी' कंटेनर शिप पर हुआ. इससे जहाज को मामूली नुकसान की खबर है.
- तीसरा हमला दुबई के तट से 50 मील दूर मार्शल आइलैंड के जहाज 'स्टार ग्विनिथ' पर किया गया. इससे जहाज के बाहरी हिस्से को नुकसान पहुंचा, हालांकि क्रू मेंबर सुरक्षित बताए गए हैं.
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