- हांगकांग की 32 मंजिला आठ टावरों वाली इमारतों में लगी आग में मरने वालों की संख्या बढ़कर 94 हो गई है
- तीन लोग गिरफ्तार हैं जिनमें निर्माण कंपनी के दो डायरेक्टर और एक इंजीनियरिंग कंसल्टेंट शामिल हैं
- आग के समय अलार्म काम नहीं कर रहा था और तेज हवा ने आग को तेजी से फैलने में मदद की थी- प्रत्यक्षदर्शी
Hong Kong tower fire: हांगकांग में ऊंची इमारतों में लगी आग से मरने वालों की संख्या बढ़कर 94 हो गई है. 2,000 अपार्टमेंट वाले इस बिल्डिंग कॉम्प्लेक्स में कुल 8 टावर हैं और हर टावर 32 मंजिला है. इन 8 में से 7 टावरों में 40 घंटों तक भीषण आग जलती रही. अब आग को लगभग बुझा लिया गया है लेकिन फायर फाइटर्स शुक्रवार, 28 नवंबर को भी एक-एक अपार्टमेंट में जाकर तलाशी ले रहे हैं. इस उम्मीद में कि शायद कोई जीवित मिल जाए. हांगकांग के नेता जॉन ली ने गुरुवार की सुबह कहा था कि अभी भी 279 निवासियों से संपर्क नहीं हो पाया है. यानी मौत का आंकड़ा अभी बहुत बढ़ सकता है.
अभी के बड़े अपडेट्स
- एक सरकारी प्रवक्ता ने शुक्रवार को AFP को बताया कि आग बुझाने का अभियान समाप्त हो गया है. अभी तक के अपडेट के अनुसार मरने वालों की संख्या 94 हो गई है और कई लोग अभी भी लापता हैं.
- दर्जनों लोग घायल हैं और 4,800 निवासियों में से लगभग 900 को अस्थायी शेल्टर में ले जाया गया है.
- अधिकारी इस बात की जांच कर रहे हैं कि इमारतों के बाहरी हिस्से के रेनोवेशन में इस्तेमाल की जा रही निर्माण सामग्री, जाल और बांस के मचान में आग क्यों लग गई.
- अधिकारियों ने हत्या के संदेह में तीन लोगों, एक निर्माण कंपनी के 2 डायरेक्टर और एक इंजीनियरिंग कंसल्टेंट को गिरफ्तार किया है.
- अधिकारियों ने कहा कि उन्हें संदेह है कि खिड़कियों को नुकसान से बचाने के लिए इस्तेमाल की जा रही प्लास्टिक फोम पैनल जैसी कुछ सामग्रियां आग रोकने के मानकों को पूरा नहीं करती हैं. तेज हवाओं ने आग की लपटों को फैलने में मदद की.
लोगों ने बताया आखिर हुआ क्या था?
CNN की रिपोर्ट के अनुसार आग लगे आधा घंटा गुजर चुका था, आग बढ़ती जा रही थी और उसने बगल की इमारत को अपनी चपेट में ले लिया था. लेकिन इसके बावजूद वान को इनकी भनक तक नहीं लगी. वह अपने घर में टेलीविजन देखता रहा. उसके आगे कौन सी आफत आने वाली है, उसे उस खतरे के बारे में कोई जानकारी नहीं थी. यहां तक कि जब उसने बाहर चीखें और दूर से सायरन बजने की आवाज भी सुनी, तो उसे लगा कि यह तो हांगकांग में आम तौर पर दोपहर में होता रहता है. लेकिन फिर जब उसने लोगों को मदद के लिए चिल्लाते हुए सुना तो वह अपने आठवीं मंजिल के अपार्टमेंट की खिड़की से बाहर देखने के लिए उठा. उसने CNN को बताया, "जैसे ही मैंने खिड़की खोली, मैंने धुआं देखा."
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तब तक दोपहर के 3:15 बज चुके थे और आग को लगे 30 मिनट वक्त गुजर गया था. फायर फाइटर घटनास्थल पर पहुंच गए थे, लेकिन आग पहले ही दूसरे टावर ब्लॉकों में फैल चुकी थी. इन सभी में रेनोवेशन हो रहा था. वे सभी बांस के मचान से ढके हुए थे. आग की लपटें 31 मंजिला ऊंची इमारतों में फैल चुकी थीं और एक-एक कर जले हुए बांस बाहर से गिर रहे थे.
अलार्म भी काम नहीं कर रहा था?
CNN की रिपोर्ट के अनुसार 40 साल के एक अन्य निवासी (जिनका सरनेम औ था) ने कहा कि उनके परिवार को आग की गंध आई थी और उन्होंने अपनी दीवारों के बाहर बांस के मचान के जलने और गिरने की आवाज सुनी थी. लेकिन इसके बावजूद उनकी इमारत का अलार्म नहीं बजा.
AFP की रिपोर्ट के अनुसार क्वांग पुई-लुन ने कहा कि वह 41 साल से यहां रह रहे थे और हर दिन दोपहर करीब 2 बजे टहलने के लिए नीचे जाते हैं. क्वांग ने कहा, "जैसे ही मैं बाहर निकला, मैंने धुआं देखा." वह तुरंत घर भागे और अपने पड़ोसियों को चेतावनी देने के लिए दरवाजे पीटने लगे. उन्होंने कहा, "मैंने उनसे सीढ़ियों से भागने के लिए कहा. हम एक साथ नीचे उतरे, इसलिए उन्हें डर नहीं लगा."
उन्हें अपना लगभग हर सामान घर में छोड़ना पड़ा. उन्होंने कहा, "सौभाग्य से मुझे मेरा बटुआ और बैग मिल गया. मैं अपनी पत्नी के साथ रहता हूं, इसलिए हम साथ बाहर आ गए." उन्होंने कहा कि उनके नीचे आने तक भी फायर डिपार्टमेंट और एम्बुलेंस नहीं पहुंची थीं. क्वांग ने कहा, "वे उतने तेज नहीं थे. हम उनसे तेज थे... हम सड़क पार करके सामुदायिक केंद्र की ओर पहुंचे, फिर रेस्क्यू करने वाली गाड़ियां जल्दी-जल्दी पहुंचने लगीं."
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