- ज़ेलेंस्की ने कहा कि यूक्रेन में चुनाव तभी हो सकते हैं जब रूस 60 दिनों के लिए युद्धविराम स्वीकार करे
- ट्रंप ने यूक्रेन के रूसी तेल रिफाइनरियों पर हमलों की आलोचना करते हुए ज़ेलेंस्की की जगह नए नेता की मांग की थी
- ज़ेलेंस्की ने कहा कि अगर यूक्रेन के एनर्जी सेक्टर पर हमले नहीं हों तो रूसी रिफाइनरियों पर भी हमले नहीं करेंगे
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को एक छोटे से बयान में कहा कि रूस और यूक्रेन एक-दूसरे के एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमले रोकने पर सहमत हो गए हैं. उन्होंने अपने 'ट्रुथ सोशल' नेटवर्क पर लिखा, "अभी से रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध में 'एनर्जी सीज़फ़ायर' (ऊर्जा क्षेत्र में युद्ध-विराम) लागू हो गया है. दोनों पक्ष इस पर सहमत हो गए हैं. इसे तोड़ें नहीं!" उन्होंने इसके बारे में और कोई जानकारी नहीं दी.
कैसे शुरू हुई ये बात
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर ज़ेलेंस्की ने रविवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की उस मांग को खारिज कर दिया जिसमें उन्हें बदलने की बात कही गई थी, लेकिन उन्होंने कहा कि अगर रूस 60 दिनों के लिए युद्धविराम (सीज़फायर) के लिए सहमत हो जाए तो उनका देश चुनाव करा सकता है. दोनों नेताओं के बीच तनाव एक बार फिर तब बढ़ गया जब ट्रंप ने शुक्रवार को घोषणा की कि वह नवंबर में होने वाले अमेरिकी मध्यावधि चुनावों से पहले ईंधन की कीमतें कम करने में मदद के लिए बड़ी मात्रा में रूसी डीजल पर लगे प्रतिबंधों में ढील देंगे.
जेलेंस्की पर भड़के थे ट्रंप
शनिवार को ट्रंप ने रूसी तेल रिफाइनरियों पर यूक्रेन के हमलों को लेकर ज़ेलेंस्की की आलोचना की. उन्होंने तर्क दिया कि इन हमलों के कारण डीजल की कीमतें बढ़ी हैं और यूक्रेन की जनता को सलाह दी कि ज़ेलेंस्की की जगह किसी ऐसे नेता को लाया जाए जो युद्ध को खत्म कर सके. ज़ेलेंस्की ने रविवार को एबीसी न्यूज़ को दिए एक टीवी इंटरव्यू में कहा, "सबसे पहले, राष्ट्रपति ट्रंप का पूरा सम्मान करते हुए, मैं यह कहना चाहता हूं कि किसी नेता को चुनना हमारे समाज और हमारे लोगों का काम है."
फिर जेलेंस्की ने रखी शर्त
ज़ेलेंस्की ने कहा कि उन्होंने ट्रंप की टीम से कहा था कि अगर वे सच में चाहते हैं कि यूक्रेन चुनाव कराए — जो 2022 में रूस के हमले के बाद से पहला चुनाव होगा — तो "कृपया पुतिन से कहें कि वे हमें दो महीने, यानी 60 दिनों का पूर्ण युद्धविराम दें, और हम चुनाव करवा लेंगे." इसके साथ ही आज ज़ेलेंस्की ने X पर कहा, "अगर रूस हमारे एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमले बंद कर देता है, तो यूक्रेन भी रूसी ऑयल रिफाइनरियों पर हमले रोकने के लिए तैयार होगा. तनाव कम करने के किसी भी कदम के लिए दोनों तरफ से पहल होनी चाहिए और उसके लिए ठोस गारंटी भी होनी चाहिए."
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