अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी तीन दिवसीय चीन यात्रा से लौटते ही बड़ा दावा किया है. ट्रंप के मुताबिक, उनके और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच इस बात पर पूरी सहमति बनी है कि ईरान को किसी भी कीमत पर परमाणु हथियार नहीं बनाने दिया जाना चाहिए. इसके साथ ही दोनों नेता इस बात पर भी सहमत हैं कि हॉर्मुज स्ट्रेट का रास्ता तुरंत खोला जाना चाहिए.
चीन से रवाना होने के बाद अपने आधिकारिक विमान 'एयरफोर्स वन' में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने शी जिनपिंग के साथ हुई बंद कमरे की बातचीत के कई राज खोले. ट्रंप ने दावा किया कि चीन के राष्ट्रपति ईरान के परमाणु कार्यक्रम के सख्त खिलाफ हैं. हालांकि, चीन की तरफ से इस पर अब तक कोई आधिकारिक और आक्रामक बयान सामने नहीं आया है.
ट्रंप ने और क्या कहा?
राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि हॉर्मुज स्ट्रेट पर फिलहाल अमेरिका का पूरा नियंत्रण है. अमेरिकी नौसेना की ओर से की गई आर्थिक और समुद्री नाकेबंदी के कारण ईरान को हर दिन भारी वित्तीय चोट पहुंच रही है.
जिनपिंग भी ऐसा मानते हैं: ट्रंप
ट्रंप ने शी जिनपिंग की तारीफ करते हुए कहा, "मेरे मन में उनके लिए बहुत सम्मान है. ईरान के मुद्दे पर वे दृढ़ता से मानते हैं कि उनके पास परमाणु हथियार नहीं होने चाहिए. उन्होंने यह बात बहुत मजबूती से कही. वह यह भी चाहते हैं कि ईरान हॉर्मुज जलमार्ग को खोले. जैसा कि जिनपिंग ने कहा, अगर वे रास्ता बंद करेंगे, तो आप उन्हें बंद कर देंगे. और यह सच है, खाड़ी पर हमारा नियंत्रण है और पिछले ढाई हफ्तों में ईरान कोई बिजनेस नहीं कर पाया है."
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