विज्ञापन
This Article is From Apr 05, 2026

फ्रांस के नागरिक को चीन ने दे दी फांसी, 16 साल पुराने केस की सजा टाइमिंग में है बड़ा मैसेज

2010 से सजा पाए कैदी को इस समय सजा देना बहुत बड़ा मैसेज देता है. इसे चीन के बयान से समझा जा सकता है. चीन ने कहा कि उसने 'राष्ट्रीयता के आधार पर आरोपियों के साथ भेदभाव नहीं किया.'

फ्रांस के नागरिक को चीन ने दे दी फांसी, 16 साल पुराने केस की सजा टाइमिंग में है बड़ा मैसेज
चीन और फ्रांस के संबंध कभी खट्टे तो कभी मीठे हो जाते हैं, लेकिन चीन के इस फैसले से संबंध अब खराब हो सकते हैं.
  • चान थाओ फौमी को 2010 में 10 करोड़ युआन के मादक पदार्थों के कारोबार में भूमिका के लिए मृत्युदंड सुनाया गया था
  • चीन ने स्पष्ट किया कि वह राष्ट्रीयता के आधार पर आरोपियों के साथ भेदभाव नहीं करता और कड़ी कार्रवाई जारी रखेगा
  • इस सजा की टाइमिंग महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे चीन ने वैश्विक स्तर पर अपनी सशक्त और अडिग स्थिति का संदेश दिया है

चीन ने रविवार को मादक पदार्थों की तस्करी के आरोप में 2010 में मौत की सजा पाए एक फ्रांसीसी नागरिक को फांसी दिए जाने की पुष्टि की. चीन ने कहा कि उसने राष्ट्रीयता के आधार पर आरोपियों के साथ भेदभाव नहीं किया. फ्रांस स्थित चीनी दूतावास ने 62 वर्षीय चान थाओ फौमी को 20 साल जेल में बिताने के बाद फांसी दिए जाने की जानकारी दी. चीन मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कानूनों को सख्ती से लागू करने वाले दुनिया के सबसे कठोर देशों में से एक है. उसने कई तस्करी के दोषी विदेशी नागरिकों को फांसी दी है, लेकिन फांसी की सजाओं के आंकड़े जारी नहीं करता है.

चान पर क्या लगे आरोप

चान का जन्म दक्षिणी शहर ग्वांगझू में हुआ था, लेकिन बाद में उन्होंने फ्रांस की नागरिकता प्राप्त कर ली. उन्हें 2005 में मादक पदार्थों की तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किए गए 89 संदिग्धों में से एक माना जाता है, जिन्हें 2007 में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी. 2010 में, उनके गृह नगर की एक अदालत ने उन्हें 10 करोड़ युआन (15 मिलियन डॉलर) के मादक पदार्थों के कारोबार में उनकी भूमिका के लिए मृत्युदंड दिया. इस कारोबार में चीन में बड़ी मात्रा में क्रिस्टल मेथम्फेटामाइन का निर्माण, परिवहन और व्यापार किया जाता था. चीन में मृत्युदंड की सीमा 50 ग्राम (1.8 औंस) हेरोइन या मेथम्फेटामाइन है, लेकिन आमतौर पर इससे कहीं अधिक मात्रा में तस्करी करने पर ही मृत्युदंड दिया जाता है.

Latest and Breaking News on NDTV

Photo Credit: Bloomberg News

फ्रांस ने क्या कहा

  1. फ्रांस ने कहा है कि चीन ने मादक पदार्थों की तस्करी के दोषी एक फ्रांसीसी नागरिक को 15 वर्षों से अधिक समय तक मृत्युदंड की प्रतीक्षा में रखने के बाद फांसी दे दी है. फ्रांसीसी विदेश मंत्रालय ने शनिवार देर रात एक बयान में कहा कि 62 वर्षीय चान थाओ फौमी को दक्षिणी चीनी शहर ग्वांगझू में फांसी दे दी गई, हालांकि फ्रांसीसी अधिकारियों ने दया याचिकाएं दायर की थीं. मंत्रालय ने यह नहीं बताया कि सजा कब दी गई. 
  2. मंत्रालय के बयान में "घबराहट" व्यक्त की गई और कहा गया: "हमें विशेष रूप से खेद है कि चान के बचाव पक्ष को अंतिम अदालती सुनवाई में शामिल होने की अनुमति नहीं दी गई, जो उनके अधिकारों का उल्लंघन है. हम उनके परिवार के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करते हैं, जिनके दुख में हम उनके साथ हैं."

सजा देकर चीन ने क्या मैसेज दिया

2010 से सजा पाए कैदी को इस समय सजा देना बहुत बड़ा मैसेज देता है. इसे चीन के बयान से समझा जा सकता है. चीन ने कहा कि उसने 'राष्ट्रीयता के आधार पर आरोपियों के साथ भेदभाव नहीं किया.' मतलब साफ है कि चीन के लिए फ्रांस का नागरिक होना या मामले फ्रांस का पार्टी होना कोई महत्व नहीं रखता. उसे जो करना है, वो करके रहेगा. साफ है चीन ने पूरी दुनिया को मैसेज दे दिया है कि उसे अब कोई रोक नहीं सकता. अब तक ऐसे अमेरिका ही व्यवहार किया करता था. मगर वो भी डिप्लोमेसी के जरिए मैनेज हो जाता था, पर चीन ने तो साफ कर दिया कि उसे कोई रोकने वाला नहीं.

Latest and Breaking News on NDTV

सजा की टाइमिंग क्यों महत्वपूर्ण

इस सजा की टाइमिंग भी बहुत महत्व रखती है. ईरान युद्ध से पहले तक यूरोप अमेरिका की छत्रछाया में था. फ्रांस से दुश्मनी मोल लेने का मतलब था पूरे नाटो से दुश्मनी मोल लेना. मगर ईरान युद्ध के बाद अमेरिका खुद नाटो को बेइज्जत कर रहा है. नाटो को समाप्त बता रहा है. ऐसे में चीन को ये क्लियर हो गया है कि अगर अभी वो फ्रांस के नागरिक को फांसी दे देता है तो फ्रांस बयान जारी करने से ज्यादा कुछ नहीं कर पाएगा और उसके सर्वशक्तिशाली होने का मैसेज पूरे दुनिया में जाएगा.

ये भी पढ़ें-

युद्ध की तैयारी? जर्मनी में अब पुरुषों को लंबी विदेश यात्राओं की सूचना सेना को देनी होगी

भारत ने सात साल में पहली बार ईरान से तेल खरीदा, अब पेमेंट में भी नहीं है प्रॉब्लम

ईरान-अमेरिका की दुश्मनी: कितनी गहरी, कितनी पुरानी, महज एक फैसले ने बनाया जानी दुश्मन

F-15E फाइटर जेट में सवार अमेरिकी ईरान में पकड़ा गया तो 1979 वाला हाल होगा या 2016 वाला

भारत को लेकर पाकिस्तानी रक्षा मंत्री के इस डर का कारण क्या है, क्या कुछ हुआ है या होने वाला है

ईरान का बदला: अमेरिका के पैट्रियट डिफेंस सिस्टम को मार गिराने का दावा, जानिए क्यों ये बड़ी बात

फ्रांस ने फेंका ऐसा पासा सही पड़ा तो अमेरिका-चीन-रूस को देगा टक्कर, भारत की अहम भूमिका

अंतरिक्ष से ऐसी दिखती है अपनी पृथ्वी, 1969 के बाद 2026 में ली गई तस्वीर, दोनों में कितना अंतर

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
China, France, China France New Conflict, China Executes French Citizen, China Execution Timing Message
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com