Iran Israel War: अमेरिका (US) यह अच्छी तरह से जानता है कि ईरान (Iran) के मिसाइल हमले के बाद इज़रा/ल (Israel) जवाबी कार्रवाई करेगा. इसके लिए वह इजरायल का साथ भी देने को तैयार है. हालांकि, उसने इजरायल के लिए एक लक्ष्मण रेखा भी खींच दी है.अमेरिका ने इजरायल को संदेश दिया है कि वो ईरान के परमाणु संयंत्रों पर हमला न करे.अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने ईरान द्वारा लगभग 200 बैलिस्टिक मिसाइलें दागे जाने के बाद बुधवार को अपने G7 समकक्षों के साथ परामर्श किया और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के लिए एक स्पष्ट लाल रेखा निर्धारित कर दी.
मीटिंग में और क्या हुआ?
इस बड़ी मीटिंग के बाद बाइडेन ने कहा कि हम सभी सात लोग सहमत हैं कि इजरायल को प्रतिक्रिया देने का अधिकार है, लेकिन उन्हें एक सीमा में ही प्रतिक्रिया देनी चाहिए. हालांकि, यह सीमा कितनी होगी, इस बारे में बाइडेन ने कुछ नहीं बताया. सभी पक्ष जानते हैं कि ईरान के परमाणु या तेल संसाधनों के खिलाफ कोई भी जवाबी हमला मध्य पूर्व को और भी अधिक अराजकता की ओर ले जाएगा, लेकिन ऐसा लगता है कि इज़रायल ने अभी तक कोई निर्णय नहीं लिया है. विदेश विभाग ने कहा कि अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने यह संदेश देने के लिए अपने फ्रांसीसी, ब्रिटिश, जर्मन और इतालवी समकक्षों से मुलाकात की.
-
NDTV WORLD SUMMIT 2026 : कृति सेनन को बिकिनी सीन करने में क्यों लगे 12 साल? -
ब्रिटेन के हरियाणवी मेयर तुषार कुमार ने बताया कैसे गरीबों की मदद ने जिताया चुनाव -
टैक्स सिर्फ कमाई पर लगे, पूरी रकम पर नहीं..."F&O ट्रेडर्स के नुकसान पर बोले Zerodha को-फाउंडर निखिल कामत -
जिस शशि थरूर को सुनती है पूरी दुनिया, संसद में वह किसे सुनना पसंद करते हैं? खुद खोला राज -
रुपये की गिरती कीमत पर RBI गवर्नर का बड़ा बयान, कोई फिक्स लेवल नहीं, जानिए क्या है रिजर्व बैंक का एक्शन प्लान -
टाटा संस की शेयर बाजार में लिस्टिंग अनिवार्य? RBI गवर्नर ने NDTV समिट में बताया ये क्यों है जरूरी -
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके?
दुनिया में डर का माहौल
वाशिंगटन से लेकर दुनिया भर में फिलहाल डर का माहौल है, क्योंकि अधिकारी यह देखने के लिए इंतजार कर रहे हैं कि क्या नेतन्याहू घरेलू स्तर पर कार्रवाई करने के दबाव में अपने देश के कट्टर दुश्मन से लड़ाई करने के लिए ईरान में और अधिक गहराई तक हमला करेंगे? पिछले सप्ताह लेबनान में ईरान समर्थित हिजबुल्लाह के नेता की हत्या करके उसे गंभीर झटका देने और गाजा पट्टी में हमास को परास्त करने के बाद क्या नेतन्याहू इससे भी बड़ा कदम उठाएंगे? यह लाख टके का प्रश्न है. बुधवार को, पूर्व इजरायली प्रधानमंत्री नफ्ताली बेनेट ने ईरान की परमाणु सुविधाओं को नष्ट करने के लिए एक निर्णायक हमले का आह्वान किया था.
अमेरिका ये नहीं चाहता
बुधवार को अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने कहा कि वाशिंगटन ने कुछ समय के लिए स्पष्ट कर दिया है कि हम मध्य पूर्व में पूर्ण जंग नहीं देखना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि इजरायल को जवाब देने का अधिकार है... और हम उनके साथ इस बात पर चर्चा जारी रखेंगे कि वह प्रतिक्रिया कैसी होगी, लेकिन हम ऐसी कोई कार्रवाई नहीं देखना चाहते जिससे पूर्ण क्षेत्रीय युद्ध हो. मिलर ने ऐसी किसी भी धारणा का खंडन किया कि वाशिंगटन का अब अपने सहयोगी पर प्रभाव नहीं है.
टूसी ने कहा अप्रैल में बाइडेन ने तुरंत नेतन्याहू को बुलाकर इज़रायल के लिए वाशिंगटन के समर्थन के साथ ही उसे सीमित हमले के लिए राजी कर लिया था. इस बार, व्हाइट हाउस ने अब तक ऐसी कोई पहुंच नहीं बनाई है.अब सब कुछ इज़रायल की प्रतिक्रिया पर निर्भर करता है. नेतन्याहू और ईरान दोनों बहुत बड़ा जुआ खेल रहे हैं.
j
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं