यदि आप भी केदारनाथ धाम में दर्शन के लिए जा रहे हैं, तो ये आपके लिए बहुत जरूरी खबर है. केदारनाथ धाम में दर्शन की व्यवस्था को लेकर बड़ा बदलाव किया गया है. अब यहां मंत्री हो या आम श्रद्धालु, सभी को “सुगम दर्शन” के लिए ₹1100 की पर्ची कटवानी होगी. बदरी-केदार मंदिर समिति (BKTC) के इस फैसले के बाद धाम में नई बहस छिड़ गई है. खास बात यह है कि इस व्यवस्था का असर अब पंडा-पुरोहितों और उनके यजमानों पर भी पड़ेगा, जिससे वर्षों से चली आ रही परंपराओं में बदलाव देखने को मिलेगा.
रोहित डिमरी की रिपोर्ट...
नई व्यवस्था क्यों लागू की गई?
बीकेटीसी की ओर से जारी निर्देश के अनुसार यह नई व्यवस्था इसलिए लागू की गई है ताकि केदारनाथ यात्रा को ज्यादा व्यवस्थित और सुरक्षित बनाया जा सके. हर साल बढ़ती भीड़, मौसम की मार और लंबी कतारों के कारण श्रद्धालुओं को काफी परेशानी होती थी. इन्हीं समस्याओं को कम करने के लिए यह फैसला लिया गया है.
-
NDTV World Summit 2026 | 'भारत की तरक्की से नेपाल को भी फायदा', नेपाल के वित्त मंत्री ने क्यों कहा? -
AI ने बनाया प्लान और इंसान ने दबाया हमले का बटन, ईरानी स्कूल में 156 मौतों पर पूर्व CIA चीफ ने कही ये बात -
इस साल के अंत तक भारत आ सकते हैं नेपाली पीएम बालेन शाह, नेपाल के वित्तमंत्री डॉ स्वर्णिम वाग्ले ने दी जानकारी -
NDTV World Summit | 'AI का डर समझिए, लेकिन...' तकनीक पर BAPS के Brahmavihari Swamiji की बड़ी बात -
पारंपरिक सेना, टैंक और बंकर सब बेकार! NDTV World Summit में पूर्व CIA चीफ का दावा- AI बना देगा युद्ध -
"डर है कहीं इंसान मशीनों की तरह न सोचने लगें", NDTV World Summit में BAPS के ब्रह्मविहारी स्वामीजी -
नोबेल विजेताओं जैसी दिमागी ताकत और पलक झपकते ही मौत! CIA के पूर्व प्रमुख ने AI युद्ध पर दी सबसे खौफनाक चेतावनी -
'एक दिमाग में लाखों आइंस्टाइन से बेहतर है एक हृदय में लाखों बुद्ध',AI के सवाल पर BAPS के ब्रह्मविहारी स्वामीजी -
PM मोदी ने याद दिलाई 12 लाख तक की आय पर टैक्स छूट, बोले- 'जो मिला वो हजम...ऐसे नहीं चलता!' -
NDTV World Summit 2026: Zerodha बंद हो जाए तो क्या करेंगे? निखिल कामत ने बताया ₹10 लाख वाला बिजनेस प्लान
₹1100 में मिलेगा “सुगम दर्शन”
नई व्यवस्था के तहत श्रद्धालुओं को ₹1100 का शुल्क देकर तय समय पर “सुगम दर्शन” की सुविधा दी जाएगी. इससे लोगों को घंटों लाइन में खड़े रहने की परेशानी से राहत मिलेगी. खासतौर पर बुजुर्ग, महिलाएं और बीमार श्रद्धालुओं के लिए यह व्यवस्था राहत देने वाली मानी जा रही है.
पंडा-पुरोहितों पर भी लागू होंगे नियम
इस फैसले की सबसे ज्यादा चर्चा इसलिए हो रही है क्योंकि अब यह नियम पंडा-पुरोहितों और उनके यजमानों पर भी लागू होगा. पहले पारंपरिक तौर पर कई लोगों को सीधा दर्शन मिल जाता था, लेकिन अब उन्हें भी तय प्रक्रिया के तहत पर्ची कटवानी होगी. इसे बीकेटीसी की ओर से व्यवस्था पर सख्ती बढ़ाने के तौर पर देखा जा रहा है.
वीआईपी कल्चर पर लगेगी लगाम
नई एसओपी को लेकर यह भी कहा जा रहा है कि इससे वीआईपी कल्चर पर काफी हद तक रोक लगेगी. अब रसूख या सिफारिश से नहीं, बल्कि तय नियम और शुल्क के आधार पर ही दर्शन का मौका मिलेगा. यानी अब बाबा के दरबार में सबके लिए एक जैसा नियम लागू होगा.
लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रिया
इस फैसले पर लोगों की राय अलग-अलग है. कुछ श्रद्धालु इसे बेहतर व्यवस्था और सुरक्षित यात्रा की दिशा में जरूरी कदम मान रहे हैं. वहीं कुछ लोग इसे आस्था पर आर्थिक बोझ बताकर सवाल उठा रहे हैं. सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे को लेकर खूब चर्चा हो रही है.
इन दिनों केदारनाथ में भारी भीड़ उमड़ रही है. ऊपर से बारिश और ठंडी हवाओं के चलते व्यवस्थाएं संभालना चुनौती बन जाता है. ऐसे में बीकेटीसी का यह नया नियम आने वाले समय में यात्रा की व्यवस्था को बदल सकता है.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं