UP Politics: उत्तर प्रदेश में भाजपा नेत्री के सनसनीखेज आरोपों से हड़कंप मच गया है. उन्होंने महोबा जिला अध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा पर बेहद गंभीर और संगीन आरोप लगाते हुए दावा किया कि जिला उपाध्यक्ष पद के बदले उन पर हमबिस्तर होने का अनैतिक दबाव बनाया गया. वहीं, जिला अध्यक्ष ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे छवि धूमिल करने की साजिश बताया है. मामला पुलिस अधीक्षक तक पहुंच गया है, क्योंकि नेत्री ने जिला अध्यक्ष के खिलाफ तहरीर दी है.
नई जिला कार्यकारिणी के गठन के बाद से ही पार्टी के भीतर असंतोष की सुगबुगाहट थी, लेकिन भाजपा नेत्री के फेसबुक लाइव ने इस सुगबुगाहट को एक बड़े सियासी तूफान में बदल दिया है. उन्होंने सीधे तौर पर जिला अध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा पर पद के बदले हमबिस्तर होने का दबाव बनाने का आरोप लगाया है. उनका का कहना है कि जब उन्होंने जिला उपाध्यक्ष पद के लिए बात की तो जिला अध्यक्ष ने उनके सामने ऐसी शर्त रखी जिसे सुनकर वह दंग रह गईं.
लखनऊ साथ चलने का दिया प्रस्ताव
आरोप लगाया है कि जिला अध्यक्ष ने उन्हें दिल्ली और लखनऊ साथ चलने का प्रस्ताव दिया और बात न मानने पर पद से हटाने या पार्टी से बाहर करने की धमकी दी. उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी के दो अन्य बड़े पदाधिकारी जिला महामंत्री और जिला उपाध्यक्ष भी उन पर जिला अध्यक्ष की बात मानने का दबाव बना रहे थे.
'पति को जेल भिजवाने की मिली धमकी'
उन्होंने भावुक होते हुए कहा कि वह वर्षों से पार्टी के लिए समर्पित थीं, लेकिन जब उनके पति को दुष्कर्म के झूठे मामले में जेल भिजवाने की धमकी दी गई, तब उनका सब्र टूट गया और उन्हें फेसबुक लाइव के जरिए अपनी व्यथा जनता के सामने रखनी पड़ी. इसको लेकर भाजपा नेत्री ने एसपी कार्यालय पहुंचकर पूरे मामले से संबंधित प्रार्थना पत्र पुलिस अधीक्षक को सौंपा है. उन्होंने कहा कि मोहनलाल कुशवाहा ने जो मेरे साथ गलत व्यवहार किया, जिसके खिलाफ शिकायत करने आई हूं. उन्होंने मेरे साथ हम बिस्तर होने की डिमांड की थी. मेरे मना करने पर मुझे धमकाया गया.
वहीं, दूसरी ओर इन आरोपों के बाद भाजपा जिला अध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा बचाव की मुद्रा में हैं. उन्होंने सभी आरोपों को पूरी तरह निराधार और मनगढ़ंत करार दिया है. आपको बता दें कि महिला नेत्री पहले ही अपने पद से इस्तीफा दे चुकी हैं, लेकिन उनके द्वारा लगाए गए इन संगीन आरोपों ने महोबा की राजनीति में भूचाल ला दिया है. जहां भाजपा के भीतर अंतर्कलह चरम पर है, वहीं विपक्ष को भी सत्ता पक्ष को घेरने का एक बड़ा मुद्दा मिल गया है.
भाजपा नेत्री ने क्या बताया
भाजपा नेत्री ने बताया कि वह अपनी शिकायत लेकर एसपी कार्यालय पहुंची हैं. उनका आरोप है कि जिला अध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा ने उनके साथ अनुचित व्यवहार किया, जिसके खिलाफ उन्होंने प्रार्थना पत्र दिया है. उन्होंने कहा कि कुछ दिन पहले उन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी बात रखी थी, जिसके बाद उन्हें धमकियां दी गईं कि अगर वह शांत नहीं हुईं तो उनके पति को झूठे दुष्कर्म के मामले में फंसा दिया जाएगा. उन्होंने करीब 10 वर्षों तक पार्टी में कार्य किया और पद की मांग की थी. इस दौरान उनसे पद के बदले अनुचित शर्त रखी गई, जिसे उन्होंने अस्वीकार कर दिया. इसके बाद उनके साथ दुर्व्यवहार और दबाव बनाया गया. उन्होंने करीब 34 दिन पहले अपने पद से इस्तीफा दे दिया था. अब उन्होंने एसपी से पूरे मामले में निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग करते हुए न्याय दिलाने तथा संबंधित पदाधिकारी को पद से हटाने की मांग की है.
जिला अध्यक्ष ने क्या कहा
मोहनलाल कुशवाहा ने अपने बचाव करते हुए अपने ऊपर लगाए गए सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है. उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया के माध्यम से लगाए जा रहे ये आरोप पूरी तरह निराधार और बेबुनियाद हैं. इन आरोपों में किसी भी प्रकार की सच्चाई नहीं है और उनका इससे कोई लेना-देना नहीं है. उन्होंने स्पष्ट किया कि यह उनकी छवि धूमिल करने की कोशिश है. साथ ही उन्होंने इन आरोपों की घोर निंदा करते हुए उनका पूरी तरह खंडन किया है.
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