भारत की निशानेबाज ईशा सिंह ने सोमवार को एशियाई खेल 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में सिल्वर मेडल अपने नाम कर लिया. अत्यधिक दबाव के बीच ईशा ने गजब के मानसिक संतुलन का परिचय दिया. प्रतियोगिता के दौरान उन्हें कई बार कठिन शूट-ऑफ का सामना करना पड़ा, लेकिन उन्होंने अपनी एकाग्रता नहीं खोई और दृढ़ संकल्प के साथ दूसरा स्थान हासिल कर देश को गौरवान्वित किया. एशियन गेम्स में ईशा का यह तीसरा सिल्वर मेडल है।. इससे पहले उन्होंने हांग्जो 2023 में 10 मीटर एयर पिस्टल व्यक्तिगत और टीम स्पर्धाओं में सिल्वर मेडल जीता था. ईशा ने 580-22x के स्कोर के साथ आठवें स्थान पर रहते हुए मुश्किल से फाइनल के लिए क्वालीफाई किया था. हालांकि, मेडल राउंड शुरू होते ही भारतीय खिलाड़ी ने उस शुरुआती संघर्ष को पीछे छोड़ दिया और फाइनल की शुरुआत अपने पांच शॉट्स में पांच परफेक्ट हिट्स के साथ की.
एलिमनेशन राउंड में उतार-चढ़ाव
शुरुआती दौर में वह लीडर्स में बनी रहीं, लेकिन टॉप पर मुकाबला बार-बार कड़ा होता रहा। चीन की जिओ जियारुइक्सुआन लगातार परफेक्ट सीरीज के साथ आगे बढ़ गईं, जबकि उत्तर कोरिया की किम ह्योन सुक भी मेडल की दौड़ में मजबूती से बनी रहीं. एलिमिनेशन राउंड में और भी उतार-चढ़ाव आए. तीन हिट्स के बाद ईशा स्टैंडिंग में नीचे खिसक गईं, लेकिन उन्होंने शानदार वापसी करते हुए 5/5 का स्कोर किया और खुद को मुकाबले में बनाए रखा. जब वियतनाम की ट्रिन्ह थू विन्ह बाहर हुईं, तो भारतीय खिलाड़ी का मेडल पक्का हो गया.
Japan: India's Esha Singh clinches a Silver medal in the women's 25m pistol individual event
— IANS (@ians_india) September 28, 2026
She says, "I am really happy with the way everything went. I'm so grateful for this medal, I'm so grateful for the whole experience that I went through..." pic.twitter.com/hkWA32VDLW
शूट-ऑफ से हुआ फैसला
इसके बाद ब्रॉन्ज मेडल के लिए मुकाबला ईशा और किम के बीच शूट-ऑफ के एक असाधारण क्रम में बदल गया, क्योंकि दोनों 34 हिट्स पर बराबरी पर थीं. दोनों शूटर्स ने शुरुआत में तीन-तीन हिट्स किए, जिससे एक और शूट-ऑफ की स्थिति बन गई. एक तकनीकी रुकावट ने तनाव और बढ़ा दिया, जिसके बाद सिंगल-शॉट की स्थिति के साथ मुकाबला फिर से शुरू हुआ. आखिरकार ईशा ने बाजी मारी और ब्रॉन्ज मेडल की स्थिति पक्की की और गोल्ड के लिए जिओ से मुकाबला करने का हक हासिल किया.
इस वजह से संतोष करना पड़ा सिल्वर से
फाइनल मुकाबला भी उतना ही रोमांचक रहा. जिओ और ईशा के बीच सिर्फ एक हिट का अंतर था, तभी भारतीय खिलाड़ी ने चार हिट्स लगाकर एक और शूट-ऑफ की स्थिति बना दी. इसके बाद दोनों शूटर्स ने चार-चार हिट्स किए, जिससे मुकाबला एक और शूट-ऑफ में चला गया. गोल्ड मेडल बस मिलने ही वाला था कि ईशा ने दो हिट किए, जबकि शियाओ ने तीन हिट किए, जिससे भारतीय खिलाड़ी को सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा. उनके कुल स्कोर 38 तक पहुंचे, जो 2023 में हांग्जो एशियन गेम्स में चीन की लियू रुई द्वारा बनाए गए 38 हिट के गेम्स रिकॉर्ड के बराबर था.
अभी वर्ल्ड नंबर-1 एक हैं ईशा
इस मेडल के साथ ईशा की तेजी से बढ़ती उपलब्धियों की सूची में एक और कामयाबी जुड़ गई है. भारतीय खिलाड़ी के नाम अभी महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल का वर्ल्ड रिकॉर्ड है. उन्होंने मई में म्यूनिख वर्ल्ड कप में 43 हिट किए थे और वह अभी वर्ल्ड नंबर एक भी हैं. ईशा का सिल्वर मेडल भारत के लिए शूटिंग रेंज में एक रोमांचक सुबह का समापन था, जो टीम फाइनल में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद आया. टीम फाइनल में एक जरूरी टारगेट चूकने के कारण भारतीय महिलाएं पांचवें स्थान पर रहीं. भारतीय टीम में दो बार की ओलंपिक मेडलिस्ट मनु भाकर, एशियन गेम्स की सिल्वर मेडलिस्ट ईशा सिंह और कई बार की एशियन गेम्स की मेडलिस्ट राही सरनोबत शामिल थीं.प्रिसिजन और रैपिड इवेंट्स में उनका कुल स्कोर 1727-56x रहा और एक और मेडल हाथ से निकल गया.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं