- बृहन्मुंबई नगर निगम चुनाव में शिवसेना (उद्धव) और भारतीय जनता पार्टी के बीच मुख्य मुकाबला माना जा रहा है
- उद्धव ठाकरे ने दावा किया कि इस बार शिवसेना (उद्धव) गुट का महापौर बनने जा रहा है मुंबई में
- राज ठाकरे से गठबंधन करने पर उद्धव ने कहा कि इससे उन्हें कोई नुकसान नहीं हुआ बल्कि छवि को फायदा मिला है
बृहन्मुंबई नगर निगम चुनाव (BMC) की तारीखों के करीब आते ही मुंबई में राजनीति और तेज होने लगी है. इस बार का चुनाव शिवसेना बनाम भारतीय जनता पार्टी का माना जा रहा है. हालांकि, दूसरे दल भी इस चुनाव में अपनी जीत का दावा जरूर कर रहे हैं. इस चुनाव को लेकर एनडीटीवी इंडिया ने शिवसेना (उद्धव) गुट के प्रमुख उद्धव ठाकरे से खास बातचीत की. इस दौरान उन्होंने दावा किया कि इस बार के चुनाव में मुंबई में उनकी पार्टी का महापौर बनने जा रहा है.उन्होंने कहा कि मुंबई की जनता इस बार पहले से ही मन बना चुकी है कि शिवसेना (उद्धव) पार्टी से ही महापौर बनाना है.
इस खास बातचीत के दौरान उद्धव ठाकरे ने बीजेपी पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि बीजेपी ने हर चुनाव में हिंदू-मुस्लिम ही किया है. उनके पास काम के नाम पर दिखाने के लिए कुछ नहीं है. जबकि अगर हमारी बात की जाए तो हमने मुंबई की सेवा में काफी कुछ किया है. मैं तो बीजेपी वालों से पूछना चाहता हूं कि कोरोना काल में वो क्या कर रहे थे. उन्होंने आम लोगों को मजधार में छोड़ दिया था. बीजेपी की नीतिया देश के लिए खतरनाक हैं. बीजेपी कई दलों को खत्म करना चाहती है.
राज ठाकरे से गठबंधन करने से हमे नुकसान नहीं
उद्धव ठाकरे ने राज ठाकरे से गठबंधन को लेकर भी अपनी बात रखी. उन्होंने कहा कि सबको लगता है कि राज से गठबंधन करना सही नहीं था लेकिन आप मुझसे पूछें तो राज से गठबंधन करने से हमें कोई नकुसान नहीं हुआ है. हमें इसका फायदा ही हुआ है. हमारी छवि को कोई नुकसान नहीं होगा. सारे लोग मुझे जानते हैं. मुंबई में राज ठाकरे ने भी काफी काम किया है. हमने कभी किसी भाषा का विरोध नहीं किया है. कई जगह पर तो सिर्फ शक पर हत्या कर दी जाती है. बीजेपी दूध में शक्कर की जगह नमक की तरह काम कर रही है. हम सिर्फ हमारा न्याय मांग रहे हैं. मराठी व्यक्ति कहीं जाकर गुंडागर्दी नहीं करते हैं.
मराठीवाद पर चुनाव लड़ना जरूरी है
उद्धव ठाकरे ने कहा कि मराठीवाद पर चुनाव लड़ना इसलिए जरूरी है कि पहले तो मुंबई के ऊपर गुजरात भी अपना अधिकार मांग रहा था. उस दौरन बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतरा था. कई लोगों ने शहादत दी थी उसके बाद ही मुंबई महाराष्ट्र को मिला था. देवेंद्र फडणवीस हिंदू और मराठी में भेद करने लगे हैं. हमारी लड़ाई इसी मानसिकता के साथ है. हम इसके ही खिलाफ हैं.बीजेपी में असली लोग तो रहे ही नहीं है सब बाहर के लोगों को उन्होंने लिया है. जब ऊपर का एक पोल हिल जाएगा तो पूरा बंगाल ढह जाएगा.
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