विज्ञापन

यूपी-बिहार वालों के लिए मराठी अनिवार्य: क्या UP चुनाव के लिए सुपर CM फडणवीस ने पलटा शिवसेना मंत्री का फैसला

मुंबई में बड़े पैमाने पर उत्तर प्रदेश और बिहार के लोग रहते हैं और इनमें से कई अपने गृहराज्यों में मतदाता भी हैं. भले ही मराठी अनिवार्य करने का फैसला शिंदे के मंत्री का था लेकिन सरकार का चेहरा तो बीजेपी के देवेंद्र फडणवीस ही हैं. 

यूपी-बिहार वालों के लिए मराठी अनिवार्य: क्या UP चुनाव के लिए सुपर CM फडणवीस ने पलटा शिवसेना मंत्री का फैसला
महाराष्ट्र सीएम देवेंद्र फडणवीस.
  • महाराष्ट्र में परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने ऑटोरिक्शा चालकों के लिए मराठी भाषा सीखना अनिवार्य कर दिया था.
  • देवेंद्र फडणवीस ने चालकों की नाराजगी देखते हुए मराठी सीखने के लिए एक साल की मोहलत प्रदान की थी.
  • मराठी अनिवार्यता के नियम को लेकर महायुति गठबंधन में बीजेपी और एनसीपी सहित शिव सेना के भीतर भी मतभेद उभरे थे.
मुंबई:

Marathi Compulsory Rule: उत्तर प्रदेश और बिहार में होने वाले चुनाव महाराष्ट्र की राजनीति को भी प्रभावित करते हैं. साल 2020 में जब अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत हुई थी तो महाराष्ट्र में बीजेपी ने इसे सियासी मुद्दा बना दिया था. सुशांत सिंह राजपूत बिहारी थे और उसी साल बिहार में चुनाव थे. सुशांत सिंह ने आत्महत्या नहीं की बल्कि उनकी हत्या करवाई गई, इस थ्योरी को वजन देने के लिये बीजेपी ने अपने नेता नारायण राणे और उनके बेटे नितेश को लगा दिया था. छह साल बाद फिर वैसा ही कुछ हो रहा है. महायुति सरकार में शिव सेना से आने वाले परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने ऑटोरिक्शा और टैक्सी चालकों के लिये मराठी सीखना अनिवार्य कर दिया. नियम के मुताबिक जो चालक मराठी नहीं सीखता उसका परमिट रद्द कर दिया जाता.

लेकिन जब देवेंद्र फ़डणवीस ने देखा कि इस नियम की वजह से उत्तर भारतीयों के बीच नाराजगी की लहर पैदा हो रही है तो उन्होंने सरनाईक का फैसला पलट दिया और चालकों को मराठी सीखने के लिए सीधे एक साल की मोहलत दे दी.

परमिट रद्द करने का भी मिल चुका था नोटिस

परिवहन विभाग ने मुंबई के गैरमराठी ऑटोरिक्शा और टैक्सी चालकों को मोहलत दी थी कि वे 15 अगस्त तक मराठी में बोलचाल करना सीख लें. चालकों को मराठी सिखाने के लिये स्वयंसेवी संस्थाओं की ओर से कक्षाएं भी चलवाईं गयीं. 18 अगस्त से विभाग के अधिकारियों ने मराठी न बोल पाने वाले चालकों के खिलाफ कार्रवाई भी शुरू कर दी. जो मराठी नहीं बोल पाया कि उसे चेतावनी की नोटिस थमाई गई कि महीनेभर में मराठी सीख लो नहीं तो परमिट रद्द हो जायेगा.

Latest and Breaking News on NDTV

मराठी अनिवार्यता पर महायुति में दिखा अंतर्विरोध

मराठी अनिवार्यता के नियम को लेकर सत्ताधारी महायुति गठबंधन में ही अंतर्विरोध नजर आया. बीजेपी और एनसीपी इस नियम के पक्ष में नहीं थे. यहां तक कि खुद शिव सेना के बिहारी नेता संजय निरूपम ने इस मामले में नरमी बरतने की गुहार लगाई. कुछ चलाकों ने बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया. उधर शिव सेना, जो कि सालों पहले भाषाई राजनीति से उठकर सांप्रदायिक राजनीति करने लगी थी, इस नियम पर अमल को लेकर अडिग थी. 

नियम के विरोध में कुछ उपनगरों में चालकों ने अपने वाहन निकालने से इंकार कर दिया तो राज ठाकरे की पार्टी मनसे के कार्यकर्ताओं से उनका टकराव हो गया. पूरा मामला उत्तर भारतीय बनाम मराठी का होने लगा था.

अखिलेश ने भी बोला हमला, फिर फडणवीस ने बदला नियम

मुंबई में बड़े पैमाने पर उत्तर प्रदेश और बिहार के लोग रहते हैं और इनमें से कई अपने गृहराज्यों में मतदाता भी हैं. भले ही मराठी अनिवार्य करने का फैसला शिंदे के मंत्री का था लेकिन सरकार का चेहरा तो मुख्यमंत्री होने के नाते बीजेपी के देवेंद्र फडणवीस ही हैं. 

इस बीच समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने यह आरोप लगाकर जले पर नमक छिड़क दिया कि बीजेपी चालकों के साथ नाइंसाफी कर रही है और अगर उसे भाषावाद की राजनीति करनी है तो वो घोषित करें कि वो गैरमराठियों का वोट नहीं मांगेगी. बीजेपी नेतृत्व को लगा कि विरोधी पार्टियां इस मुद्दे को उनके खिलाफ फरवरी में होने जा रहे उत्तर प्रदेश के चुनावों में भुना सकती हैं. यही वजह है कि आनन-फानन में फडणवीस ने इस फैसले को पलट दिया.

Latest and Breaking News on NDTV

एकनाथ शिंदे की फिर हुई किरकिरी!

इस फैसले को वापस लेकर भले ही बीजेपी को लग रहा हो कि उसने उत्तर भारतीयों की नाराजगी को टाल दिया है लेकिन इससे कहानी में एक नया पेच आ गया है. इससे उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की फजीहत हो गयी है क्योंकि फैसला उन्हीं की पार्टी के एक मंत्री ने लिया था. महाराष्ट्र के सियासी गलियारों में वैसे भी ये चर्चा गर्म है कि अपने कई पूर्व फैसलों को फडणवीस की ओर से पलटे जाने के कारण शिंदे नाराज हैं.

यह भी पढ़ें - मराठी टेस्ट की वजह से मुंबई में ऑटो-टैक्सी की कमी? 2500 ड्राइवरों को नोटिस, हाईकोर्ट जाने की तैयारी

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Marathi, Marathi Compulsory, Marathi Language, Devendra Fadnavis, Marathi Language Controversy
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com