IPS मोतिउर रहमान को श्योपुर एसपी (पुलिस अधीक्षक) नियुक्त किया है. 2018 बैच के IPS अधिकारी रहमान एसपी सुधीर कुमार अग्रवाल की जगह लेंगे. यूपीएससी में ऑल इंडिया 154वीं रैंक लाने वाले IPS रहमान मई 2026 से रीवा स्थित 9वीं वाहिनी विशेष सशस्त्र बल के सेनानी पद पर पदस्थ थे. बिहार के मुजफ्फरपुर में जन्में और भागलपुर में पले-बढ़े मोतिउर रहमान ने क्लास 6th में ही तय कर लिया था कि उन्हें UPSC क्रैक करना है. आइए, जानते हैं उनकी सफलता की कहानी, जो सिविल सेवा की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए एक बड़ी मिसाल है.
छठी कक्षा में ही तय कर लिया था- बनना है IPS
मोतिउर रहमान के अनुसार, जब वे 6th क्लास में थे, तब साल 2004 में उनके मौसी के बेटे IPS बने थे. भाई के चयन के बाद घर में लोगों का आना-जाना बढ़ गया, उन्हें ज्यादा मान-सम्मान मिलने लगा, तो 11-12 साल की उम्र में ही उन्होंने ठान लिया था कि उन्हें भी यूपीएससी क्रैक कर भाई की तरह अधिकारी बनना है. बचपन के इसी सपने को पूरा करने के लिए उन्होंने लगातार कड़ी मेहनत की और साल 2018 में ऑल इंडिया 154वीं रैंक हासिल की.

Sheopur sp motiur rahman: श्योपुर के नए एसपी मोतिउर रहमान.
वेल एजुकेटेड है परिवार IPS मोतिउर रहमा का परिवार
IPS मोतिउर रहमान के परिवार में शुरू से ही पढ़ाई का माहौल रहा है. उनके पिताएस.एम. साजिद इलाहाबाद बैंक से मैनेजर रह चुकी हैं, जबकि मां डॉ. तबस्सुम परवीन भागलपुर के सुंदरवती महिला कॉलेज में अर्थशास्त्र विभाग की एचओडी रही हैं. उनकी दो बहनें डॉक्टर हैं और बड़े भाई टीसीएस में इंजीनियर हैं.

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इग्नू से आईपीएस तक
श्योपुर के नए एसपी मोतिउर रहमान की पढ़ाई की बात करें तो भागलपुर के माउंट असीसी स्कूल से 10वीं-12वीं करने के बाद उन्होंने इग्नू से पॉलिटिकल साइंस में ग्रेजुएशन की डिग्री ली. इसके बाद 2014 से जामिया मिल्लिया इस्लामिया में रहकर यूपीएससी की तैयारी की. साल 2018 में यूपीएसी की रिजल्ट आया तो ऑल इंडिया 154वीं रैंक के साथ मोतिउर रहमान वो सपना पूरा हो गया जो उन्होंने छठी क्लास में देखा था.
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