विज्ञापन
This Article is From Jan 27, 2023

उन्‍नाव रेप केस : दिल्‍ली हाईकोर्ट ने कुलदीप सिंह सेंगर की अंतरिम जमानत की अवधि घटाई

उन्नाव दुष्कर्म मामले में पीड़िता द्वारा अपने आदेश को वापस लेने की याचिका दायर करने के बाद न्यायमूर्ति मुक्ता गुप्ता और न्यायमूर्ति पूनम ए बंबा की खंडपीठ ने शुक्रवार को अपने पहले के आदेश में संशोधन किया.

उन्‍नाव रेप केस : दिल्‍ली हाईकोर्ट ने कुलदीप सिंह सेंगर की अंतरिम जमानत की अवधि घटाई
उन्नाव बलात्कार मामले में निचली अदालत के फैसले को चुनौती देने संबंधी सेंगर की अपील उच्च न्यायालय में लंबित है

नई दिल्‍ली: उत्‍तर प्रदेश के उन्‍नाव रेप केस में आरोपी कुलदीप सेंगर की अंतरिम जमानत की अवधि दिल्‍ली हाईकोर्ट ने घटा दी है. 16 जनवरी, 2023 को, दिल्ली उच्च न्यायालय ने भाजपा से निष्कासित नेता कुलदीप सिंह सेंगर को अपनी बेटी की शादी में शामिल होने के लिए 27 जनवरी से 10 फरवरी तक अंतरिम जमानत दी. इसके बाद उन्नाव दुष्कर्म मामले में पीड़िता द्वारा आदेश को वापस लेने की याचिका कोर्ट में दायर की, इसके बाद ये फैसला लिया गया है; 

उन्नाव दुष्कर्म मामले में पीड़िता द्वारा अपने आदेश को वापस लेने की याचिका दायर करने के बाद न्यायमूर्ति मुक्ता गुप्ता और न्यायमूर्ति पूनम ए बंबा की खंडपीठ ने शुक्रवार को अपने पहले के आदेश में संशोधन किया. उच्च न्यायालय ने बलात्कार के मामले में अंतरिम जमानत रद्द करने के अनुरोध संबंधी याचिका पर केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के निष्कासित नेता कुलदीप सिंह सेंगर से बुधवार को जवाब मांगा.  उच्च न्यायालय ने उत्तर प्रदेश के उन्नाव में 2017 में एक नाबालिग लड़की से बलात्कार करने के जुर्म में उम्र कैद की सजा काट रहे, सेंगर को उनकी बेटी की शादी में शामिल होने के लिए 16 जनवरी को अंतरिम जमानत दी थी.

अदालत में मौजूद पीड़िता ने अपने आवेदन में कहा कि उसे और उसके परिवार को खतरा है और उसे सूचना मिली है कि रिहा होने के बाद सेंगर उन्हें कथित तौर पर नुकसान पहुंचा सकता है. पीड़िता ने 16 जनवरी के उस आदेश को वापस लेने का अनुरोध किया है, जिसमें सेंगर को बलात्कार के मामले में अंतरिम जमानत दी गई थी. सीबीआई के वकील ने अदालत को बताया कि सेंगर को अभी रिहा नहीं किया गया है और उसे 27 जनवरी को रिहा किया जायेगा. सेंगर ने पहले अदालत को सूचित किया था कि शादी आठ फरवरी को होगी. सीबीआई के वकील ने कहा कि एजेंसी ने एक स्थिति रिपोर्ट दायर की है और यह पाया गया है कि विवाह समारोहों के लिए दो हॉल बुक किए गए हैं.

पहले के आदेश को संशोधित करते हुए, अदालत ने कहा कि गोरखपुर में 30 जनवरी (तिलक) और 8 फरवरी को लखनऊ में दो मुख्य समारोह हैं. संशोधित आदेश के अनुसार, सेंगर को तिलक समारोह में भाग लेने के लिए 27 जनवरी से 30 जनवरी तक अंतरिम जमानत मिलती है, जिसके बाद वह पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर देगा. अदालत ने अपने नए आदेश में कहा, "और 6 फरवरी, 2023 को उसे आठ फरवरी को होने वाली अपनी बेटी की शादी में शामिल होने के लिए फिर से रिहा किया जाएगा और 10 फरवरी, 2023 को पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर देगा."

उन्नाव बलात्कार मामले में निचली अदालत के फैसले को चुनौती देने संबंधी सेंगर की अपील उच्च न्यायालय में लंबित है. उसने निचली अदालत के दिसंबर, 2019 के उस फैसले को रद्द करने का अनुरोध किया है, जिसमें उन्हें दोषी ठहराया गया था. सेंगर ने 2017 में लड़की का अपहरण कर उसके साथ दुष्कर्म किया था. तब वह नाबालिग थी।

लेखक के बारे में
img
तिलकराज
पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Unnao Rape Case, Delhi High Court, Kuldeep Sengar, Kuldeep Sengar Bail
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com