विज्ञापन
Story ProgressBack

PM मोदी ने रात 2:30 बजे किया था फ़ोन : कोविड के डरावने दौर में कैसे मिला था सामाजिक कार्यकर्ता को हौसला

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर 'मोदी स्टोरी' नाम के हैंडल पर पूर्व विधायक और सामाजिक कार्यकर्ता जितेंद्र सिंह संटी का एक वीडियो नजर आ रहा है, जिसमें वह बता रहे हैं कि कैसे कोविड महामारी के दौरान पीएम मोदी का एक कॉल उनके लिए रात 2.30 बजे, उनके हौसले को बढ़ाने वाला बन गया था.

Read Time: 4 mins
PM मोदी ने रात 2:30 बजे किया था फ़ोन : कोविड के डरावने दौर में कैसे मिला था सामाजिक कार्यकर्ता को हौसला
कोविड महामारी के दौरान जितेंद्र सिंह शंटी को पीएम मोदी का फोन आया था.

पीएम नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) को एक सख्त छवि वाले नेता के तौर पर सभी जानते हैं. लेकिन, उनके दूसरे पहलू के बारे में कम ही लोगों को पता है. उनके काम करने का तरीका, लोगों के साथ संबंधों को निभाने का तरीका, लोगों के बारे में ख्याल रखने का तरीका हो या फिर किसी भी चीज पर उनकी बारीक नजर हो, इस पहलू के बारे में कम ही लोग जान पाते हैं. ऐसे में दिल्ली के एक सामाजिक कार्यकर्ता (Social Activist) ने उनके इस दूसरे पहलू के बारे में खुलकर बात की.

Advertisement

दरअसल, पीएम मोदी (PM Modi) के बारे में उनके साथ काम करने वाले लोग कई बार बताते रहते हैं कि वह किस तरह से उनका ख्याल रखते हैं. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण हों या फिर केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी, दोनों ने बताया था कि कैसे बुरे वक्त में पीएम मोदी उनके साथ खड़े रहे और उनका ख्याल रखा. वैसे ही दिल्ली के सामाजिक कार्यकर्ता ने भी पीएम मोदी के इस पहलू के बारे में बताया है.

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर 'मोदी स्टोरी' नाम के हैंडल पर पूर्व विधायक और सामाजिक कार्यकर्ता जितेंद्र सिंह संटी का एक वीडियो नजर आ रहा है, जिसमें वह बता रहे हैं कि कैसे कोविड महामारी के दौरान पीएम मोदी का एक कॉल उनके लिए रात 2.30 बजे, उनके हौसले को बढ़ाने वाला बन गया था.

Advertisement

बता दें कि महामारी के सबसे कठिन समय में जब कोविड से मौत के बाद किसी व्यक्ति के परिजन भी अपने स्वजन का दाह संस्कार करने नहीं आ रहे थे. उस वक्त दिल्ली में एक सामाजिक कार्यकर्ता जितेंद्र सिंह संटी दिन-रात लावारिस लाशों का अंतिम संस्कार खुद करा रहे थे. उन्होंने बताया कि तब कोविड के उस भयानक दौर में जो भी फोन मेरे पास आ रहे थे, वह इसलिए आ रहे थे कि संटी जी संस्कार थोड़ा जल्दी करवा दीजिए.

Advertisement

उन्होंने बताया कि सीमापुरी के श्मशान घाट में लाशें बड़ी संख्या में आनी शुरू हो गई थीं. ऐसे में 21 दिन वह घर नहीं गए. जहां वह रहते थे, वहां उनके पड़ोसी इस बात पर आपत्ति जताते थे कि आप दिन भर श्मशान घाट में रहते हैं, ऐसे में आप अपने साथ वायरस लेकर घर आएंगे. जितेंद्र सिंह संटी ने बताया कि जब वह रात के ढाई बजे श्मशान में लाशों का अंतिम संस्कार कर रहे थे तब उनके ड्राइवर ने बताया कि सर, एक फोन आ रहा है और वह कह रहे हैं कि वह पीएमओ से बोल रहे हैं.

Advertisement

संटी ने आगे बताया कि उन्होंने अपने ड्राइवर से कहा कि मेरे हाथ गंदे हैं तो तुम फोन मेरे कान पर लगा दो. उन्होंने आगे बताया कि फोन पर दूसरी तरफ से आवाज आई संटी जी मैं आपको टीवी पर देख रहा हूं. सारा देश आपके साथ है. जो आप सेवा कर रहे हैं, लावारिस लाशों की, इसी तरह से डटकर आप सेवा करते रहिए.

Advertisement

संटी ने आगे कहा कि मैंने उनसे पूछा कि सर, आप कौन बोल रहे हैं? उन्होंने कहा कि दूसरी तरफ से आवाज आई, मैं नरेंद्र मोदी बोल रहा हूं. संटी ने बताया कि वह आश्चर्य में थे कि देश के प्रधान सेवक रात के ढाई बजे एक आम व्यक्ति को फोन कर रहे हैं और उसका हौसला बढ़ा रहे हैं.

संटी ने आगे कहा कि तब समझ में आया कि वह कितनी बारीकी से चीजों को देखते हैं. देश की उनको इतनी चिंता है. वह मेरे लिए सीखने की और ज्ञान की बात थी कि इंसान कितने भी बड़े ओहदे पर पहुंच जाए उसे अपनी जमीन नहीं छोड़नी चाहिए.

ये भी पढ़ें : प्रेमी के साथ घर से भागने जा रही महिला ने कर डाली अपने ही बच्चों की हत्या, गिरफ़्तार

ये भी पढ़ें : "अनुचित, भ्रामक" : सैनिक स्कूलों को लेकर कांग्रेस के आरोप पर केंद्र सरकार

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
डार्क मोड/लाइट मोड पर जाएं
Our Offerings: NDTV
  • मध्य प्रदेश
  • राजस्थान
  • इंडिया
  • मराठी
  • 24X7
Choose Your Destination
Previous Article
पुणे पोर्श मामला : ड्राइवर को बदलने की भी की गई कोशिश - पुलिस 
PM मोदी ने रात 2:30 बजे किया था फ़ोन : कोविड के डरावने दौर में कैसे मिला था सामाजिक कार्यकर्ता को हौसला
Explainer : धरती को प्यासा बनाता सूरज! दक्षिण में सूखे की आहट, खत्म होने की कगार पर सैकड़ों जलाशय
Next Article
Explainer : धरती को प्यासा बनाता सूरज! दक्षिण में सूखे की आहट, खत्म होने की कगार पर सैकड़ों जलाशय
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com
;