- झांसी में एक रिटायर्ड रेलकर्मी रामसिंह ने अपनी लिव-इन पार्टनर प्रीति की पैसों की मांग से तंग आकर हत्या कर दी.
- आरोपी ने शव को नीले बक्से में रखकर जलाया और राख को नदी में बहा दिया, जबकि हड्डियां दूसरी पत्नी के घर भिजवाईं.
- घटना का खुलासा लोडर चालक जयपाल की सतर्कता से हुआ, जिन्होंने यूपी-112 को संदिग्ध गतिविधि की सूचना दी.
उत्तर प्रदेश के झांसी से सामने आई यह सनसनीखेज वारदात किसी रूह कंपा देने वाली फिल्म की पटकथा जैसी लगती है, जहां एक रिटायर्ड रेलकर्मी ने प्रेम, धोखे और लालच के चक्रव्यूह में फंसकर अपनी लिव-इन पार्टनर की नृशंस हत्या कर दी. झांसी के एसपी सिटी प्रीति सिंह के अनुसार, मृतका के पूर्व पति की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है. पुलिस ने आरोपी के बेटे नितिन समेत दो लोगों को हिरासत में ले लिया है, जिनसे पूछताछ की जा रही है. मुख्य आरोपी रामसिंह फिलहाल फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की तीन टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं.
शव को एक नीले बक्से में रखकर जला दिया
हत्या के बाद सबूत मिटाने की कोशिश रिटायर्ड रेलकर्मी रामसिंह परिहार, जो पहले से ही दो शादियां कर चुका था, पिछले कुछ समय से प्रीति नामक महिला के साथ लिव-इन रिलेशन में रह रहा था. पुलिस के अनुसार, प्रीति लगातार पैसों की मांग कर रही थी, जिससे तंग आकर रामसिंह ने 8 जनवरी को उसकी हत्या कर दी. हत्या के बाद आरोपी ने क्रूरता की सारी हदें पार कर दीं. आरोपी ने शव को एक नीले बक्से में रखकर जला दिया. सबूत मिटाने के उद्देश्य से उसने राख को बोरियों में भरकर नदी में बहा दिया, जबकि बक्से में बची हड्डियों और अवशेषों को ठिकाने लगाने के लिए अपने बेटे नितिन की मदद से उसे दूसरी पत्नी के घर भिजवा दिया.
लोडर चालक की सतर्कता से खुला राज
इस घटना का खुलासा तब हुआ जब लोडर चालक जयपाल को बक्से से आ रही दुर्गंध और रामसिंह की संदिग्ध गतिविधियों पर शक हुआ. जयपाल ने तुरंत यूपी-112 को सूचना दी. सूचना मिलते ही शहर कोतवाली पुलिस फूटा चोपड़ा मोहल्ले में रामसिंह की दूसरी पत्नी गीता के घर पहुंची. जब बक्से को खोला गया, तो उसमें मानव हड्डियों के अवशेष और कोयला देख पुलिस के भी होश उड़ गए. फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए और अवशेषों को जांच के लिए भेजा है.
आरोपी रामसिंह का पारिवारिक जीवन विवादों से भरा रहा है. करीब 30 साल पहले पहली पत्नी को छोड़ने के बाद वह दूसरी पत्नी गीता के साथ रहने लगा था. दूसरी पत्नी की बहू ने बताया कि रामसिंह ने साजिश के तहत अपने बेटे नितिन और उसके दोस्तों को सामान उठाने के बहाने बुलाया और इस खूनी बक्से को घर तक पहुंचाया. पड़ोसियों ने भी पुष्टि की कि पिछले तीन-चार दिनों से रामसिंह लकड़ियां इकट्ठा कर रहा था और इलाके में कुछ जलने की अजीब दुर्गंध भी आ रही थी, जिसे लोगों ने ठंड के कारण जलाए गए अलाव का धुआं समझा.
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