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भारत की तैयारी पूरी है... मिडिल ईस्ट तनाव पर पीएम मोदी ने संसद में बताई प्लानिंग

PM Modi Lok Sabha speech: पीएम मोदी ने देश को आश्वस्त किया है कि सरकार किसी भी तरह के संकट से निपटने के लिए अपनी तैयारी कर चुकी है और देश में किसी भी फ्यूल क्राइसिस नहीं होगी.

भारत की तैयारी पूरी है... मिडिल ईस्ट तनाव पर पीएम मोदी ने संसद में बताई प्लानिंग
  • PM मोदी ने लोकसभा में मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और भारत पर पड़ने वाले आर्थिक और सुरक्षा प्रभावों की जानकारी दी
  • भारत ने तीन लाख से अधिक नागरिकों को सुरक्षित वापस लाने के लिए मिशन और कंट्रोल रूम सक्रिय किए हैं
  • देश अपनी एलपीजी जरूरत का साठ प्रतिशत आयात करता है, और घरेलू उत्पादन बढ़ाने के प्रयास जारी हैं
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नई दिल्ली:

मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और उसके भारत पर पड़ने वाले असर को लेकर पीएम मोदी ने लोकसभा में देश को जानकारी दी है. पीएम मोदी ने बताया कि मध्य पूर्व में हालात चिंताजनक हैं. इसका लोगों पर विपरीत असर हो रहा है. पूरी दुनिया इस संकट के जल्द हल के लिए अपील कर रही है और भारत के सामने अप्रत्याशित चुनौती है. आर्थिक, राष्ट्रीय सुरक्षा और मानवीय चुनौतियां हैं. इस दौरान पीएम मोदी ने देश को आश्वस्त किया है कि सरकार किसी भी तरह के संकट से निपटने के लिए अपनी तैयारी कर चुकी है और देश में किसी भी फ्यूल क्राइसिस नहीं होगी.

  1. भारतीय मिशन 24*7 काम कर रहे हैं, कंट्रोल रूम सेटअप किए गए हैं. अब तक तीन लाख से ज्यादा लोग भारत लौट चुके हैं. ईरान से एक हजार भारतीय वापस लौटे हैं, इसमें 700 युवा हैं.
  2. युद्ध के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से जहाजों का आना मुश्किल हो गया है. देश अपनी जरूरत का 60% एलपीजी आयात करता है. देश में एलपीजी का प्रोडक्शन बढ़ाया जा रहा है. देश ने पिछले 11 साल में एनर्जी सोर्सेज का डायवर्सिफिकेशन हुआ है.
  3. भारत आज 41 देशों से एनर्जी इम्पोर्ट करता है. सरकार संवेदनशील भी है सतर्क भी है और हर सहायता के लिए तत्पर भी है. कच्चा तेल, गैस और फर्टिलाइजर हॉर्मुज से आती है. युद्ध के कारण चुनौतीपूर्ण हो गया है. हमारा प्रयास रहा कि पेट्रोल-डीजल गैस की सप्लाई पर असर न पड़े
  4. हम 60% गैस आयात करते हैं. हमने घरेलू उत्पादन को प्राथमिकता दी है. पेट्रोल डीजल की सप्लाई सुनिश्चित करने पर काम किया गया है. ऊर्जा सुरक्षा के लिए पिछले एक दशक में उठाए गए कदम प्रभावी रहे हैं. अब 41 देशों से आयात हो रहा है.
  5. कच्चे तेल का भंडारण किया गया है. 53 मिलियन टन का रिजर्व है. जहां से संभव हो वहां से तेल और गैस की सप्लाई होती रही है. ऐसे जहाज सुरक्षित भारत पहुंचे हैं. वैश्विक सहयोगियों के साथ लगातार प्रयास कर रहे हैं.
  6. पिछले एक दशक में इथेनॉल के उत्पादन और ब्लेडिंग पर काम हुआ है. आज पेट्रोल में 20% इथेनॉल की ब्लेंडिंग कर रहे हैं. साढ़े चार करोड़ बैरल हर वर्ष कम आयात करना पड़ रहा है. रेलवे के विद्युतीकरण से लाभ हुआ. मेट्रो का नेटवर्क बढ़ाया गया है.इंटरमिनिस्ट्रियल ग्रुप बनाया गया है. हर दिन बैठक होती है.

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