पाकिस्तानी सेना ने मंगलवार को पुंछ के केजी सेक्टर में नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पार भारतीय ठिकानों पर गोलीबारी करके संघर्ष विराम समझौते का उल्लंघन किया. इसके बाद भारतीय सेना की कृष्णा घाटी ब्रिगेड के नेतृत्व में नांगी टेकरी बटालियन के जवानों ने जोरदार जवाबी कार्रवाई की और पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब दिया है. इस मामले में अभी और जानकारी की प्रतीक्षा है.
इससे पहले, कठुआ के पंजतीर्थी इलाके में आतंकवादियों के साथ गोलीबारी के बाद सुरक्षाबलों ने तलाशी और घेराबंदी अभियान तेज कर दिया था.
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भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के नेतृत्व में एक संयुक्त अभियान में खुफिया सूचनाओं के आधार पर कठुआ के पंजतीर्थी इलाके में कई सर्विलांस और एंबुश लगाए गए हैं.
31 मार्च की रात को संदिग्ध गतिविधि का पता चलने के बाद अभियान तेज हो गया, जिसके बाद फिर से मुठभेड़ शुरू हो गई.
मुठभेड़ के बाद सुरक्षाकर्मियों ने 1 अप्रैल की सुबह तेजी से तलाशी अभियान शुरू किया. यह अभियान अभी भी जारी है और सुरक्षाबल क्षेत्र में कड़ी चौकसी बरत रहे हैं.
भारतीय सेना की राइजिंग स्टार कोर ने 31 मार्च को कहा, "खुफिया सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई करते हुए कठुआ के पंजतीर्थी क्षेत्र में भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ द्वारा कई सर्विलांस और एंबुश लगाए गए. 31 मार्च की रात को संदिग्ध गतिविधि देखी गई, जिसके कारण गोलीबारी हुई. 1 अप्रैल को सुबह होते ही सर्च एंड डेस्ट्रॉय ऑपरेशन शुरू किया गया है. यह अभियान अभी भी जारी है."
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