केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को यमुना की सफाई को लेकर एक अहम बैठक की. इस बैठक में कई बड़े फैसले लिए गए. बैठक के दौरान अमित शाह ने कहा कि साफ और स्वच्छ यमुना का संकल्प जल्द से जल्द पूरा करना है.
इस बैठक में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता भी मौजूद थीं. बैठक में अमित शाह ने कहा कि दिल्ली, हरियाणा और उत्तर प्रदेश की सरकारें और संबंधित मंत्रालय यमुना की सफाई के लिए टुकड़ों में नहीं बल्कि टीम भावना से काम करें.
-
NDTV WORLD SUMMIT 2026 : कृति सेनन को बिकिनी सीन करने में क्यों लगे 12 साल? -
ब्रिटेन के हरियाणवी मेयर तुषार कुमार ने बताया कैसे गरीबों की मदद ने जिताया चुनाव -
टैक्स सिर्फ कमाई पर लगे, पूरी रकम पर नहीं..."F&O ट्रेडर्स के नुकसान पर बोले Zerodha को-फाउंडर निखिल कामत -
जिस शशि थरूर को सुनती है पूरी दुनिया, संसद में वह किसे सुनना पसंद करते हैं? खुद खोला राज -
रुपये की गिरती कीमत पर RBI गवर्नर का बड़ा बयान, कोई फिक्स लेवल नहीं, जानिए क्या है रिजर्व बैंक का एक्शन प्लान -
टाटा संस की शेयर बाजार में लिस्टिंग अनिवार्य? RBI गवर्नर ने NDTV समिट में बताया ये क्यों है जरूरी -
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके?
मीटिंग के बाद केंद्रीय जलशक्ति मंत्री सीआर पाटिल ने NDTV से कहा कि जनवरी 2028 तक यमुना पूरी तरह से साफ हो जाएगी. उन्होंने यह भी कहा कि 8 जून 2028 तक पाकिस्तान को सिंधु नदी के जल की एक बूंद भी नहीं मिलेगी.
यह भी पढ़ेंः दिल्ली में सामान्य से 147% ज्यादा बारिश, फिर भी यमुना 'जहरीली' ही; DPCC की नई रिपोर्ट में सामने आया खौफनाक सच
कैसे होगी यमुना साफ? प्लान तैयार
इस बैठक में यमुना की सफाई के लिए कुछ अहम फैसले लिए गए हैं. अमित शाह ने कहा कि दिल्ली की डेयरियों के वेस्टेज को यमुना में जाने से रोकने के लिए दिल्ली नगर निगम (MCD) और राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (NDDB) के बीच MoU साइन होगा, जो इसे गोबर गैस और खाद में तब्दील करेगा.
उन्होंने यह भी कहा कि NDDB मॉडल के तहत डेयरी और गौशालाओं का गोबर सीधे गैस और खाद प्लांट तक पहुंचेगा और साथ ही यमुना किनारे के कचरे का वैज्ञानिक प्रबंधन होगा.
शाह ने कहा कि यमुना नदी में आने वाले नालों की डीसिल्टिंग का काम तेजी से चल रहा है। इस साल 28.57 लाख MT में से 97% गाद निकाली जा चुकी है और बाकी 15 जून तक निकाल ली जाएगी. उन्होंने निर्देश दिया कि गाद का इस्तेमाल अलग-अलग विनिर्माण परियोजनाओं में किया जाए, जिससे बारिश में ये गाद बहकर वापस यमुना में न जाए.
यह भी पढ़ेंः दिल्ली-फरीदाबाद से मिनटों में पहुंचेंगे नोएडा एयरपोर्ट, बन रहा 10 लेन का नया एक्सप्रेसवे, आगरा जाना भी होगा आसान

59 नए STPs बनाए जाएंगे
उन्होंने बताया कि यमुना की सफाई के लिए सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) बनाए जा रहे हैं. शाह ने कहा कि दिल्ली, हरियाणा और यूपी में अब तक 129 STP बन चुके हैं और 2027 तक 59 नए STPs और बनाए जाएंगे.
उन्होंने निर्देश दिया कि STPs, औद्योगिक वेस्टेज और सभी नालों के डिस्चार्ज को अच्छे से मॉनिटर किया जाए. उन्होंने कहा कि सिर्फ संतोषजनक नहीं, बल्कि सटीक परिणाम आने चाहिए.
हर 20 दिन में होगी समीक्षा
गृह मंत्री अमित शाह ने कहा यमुना का कायाकल्प करने वाले सभी प्रोजेक्ट्स के लिए एक डिटेल्ड एक्शन प्लान और उन्हें पूरा करने की डेडलाइन तय की जाए. उन्होंने यह भी कहा कि यमुना प्रोजेक्ट के तहत हो रहे काम की प्रगति की समीक्षा हर 20 दिन में की जानी चाहिए.
यह भी पढ़ेंः दिल्ली में गहराया जल संकट! यमुना का जलस्तर गिरने से थमा पानी का उत्पादन; जानिए कैसे निपटेगी सरकार
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं