दाऊद इब्राहिम का भाई इकबाल कासकर गिरफ्तार
- वसूली में फ्लैट लेता था कासकर
- दाऊद इब्राहिम गैंग के एक्टिव होने की सूचना मिली थी
- एक आरोपी वसूली के फ्लैट में ही रह रहा था
मुंबई:
अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम का भाई इकबाल कासकर गिरफ्तार हो गया है. जबरन वसूली के एक मामले में ठाणे पुलिस की एंटी एक्सटॉर्शन सेल ने इकबाल कासकर को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने इकबाल के साथ चार और लोगों को गिरफ्तार किया है. सभी को आज कोर्ट में पेश किया जाएगा. विवादों में रहे एनकाउंटर स्पेशलिस्ट प्रदीप शर्मा ने उसे पूछताछ के लिए गिरफ़्तार किया है. पुलिस सूत्रों के मुताबिक इकबाल पर अपने भाई के नाम से जबरन वसूली करने का आरोप है. ठाणे, उल्हासनगर और डोम्बिवली के बिल्डरों से जबरन वसूली की खबरें आ रही थीं. उन्ही में से एक बिल्डर ने सीधे ठाणे पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह से शिकायत की जिसके बाद ठाणे एंटी एक्सटॉर्शन सेल ने जांच कर कार्रवाई की है और मुंबई के नागपाड़ा से कासकर को गिरफ्तार किया है.
आतंकी घोषित होने के बावजूद दाऊद की संपत्तियों को जब्त करने में कानूनी अड़चनें
ठाणे पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह ने बताया कि सूचना मिली थी कि दाऊद इब्राहिम का गैंग एक्टिव है. पहले हमने कुछ पीड़ितों की पहचान की. उनमें से एक को भरोसे में लेने के बाद मामला दर्ज हुआ. इकबाल कासकर को जब गिरफ्तार किया गया तो वह हसीना पारकर के घर टीवी देखते हुए बिरयानी खा रहा था. पुलिस ने बताया कि उन्होंने पीड़ित से 4 फ्लैट और 3 लाख कैश लिया. एक आरोपी उसी फ्लैट में रह रहा था.एक संदिग्ध ड्रग डीलर को भी पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है. वह घर में साथ था.
पुलिस ने बताया कि इस मामले में मकोका लगाने पर विचार हो रहा है. मामले में दाऊद का सीधा और परोक्ष रूप से हाथ है या नहीं, इसकी भी जांच की जाएगी. इकबाल ड्रग एडिक्ट है. उस एंगल से भी इस केस की जांच होगी. हमें 10 के करीब नाम मिले हैं जिनसे वसूली हुई है. उनमें बिल्डर और ज्वैलर भी हैं. कुछ लोकल नेताओं के नाम भी आ रहे हैं और कुछ नगरसेवल भी हो सकते हैं. धमकी दाऊद इब्राहिम के नाम से दी जा रही थी. इकबाल कासकर खुद भी फोन करके धमकाता था.
ब्रिटेन की लिस्ट में दाऊद इब्राहिम का नाम, 21 उपनामों और पाकिस्तान के 3 पतों का भी जिक्र
दाऊद के भाई इकबाल कासकर को 2003 में दुबई से प्रत्यार्पित किया गया था. आने के बाद उस पर सारा सहारा मामले मे मुकदमा चला, लेकिन सबूत की कमी की वजह से वह बरी हो गया था. इससे पहले, इकबाल कासकर पर 2011 में जानलेवा हमला हुआ था. फायरिंग में इकबाल के ड्राइवर की मौत हो गई थी. दो हमलावरों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था. इनके पास विदेशी हथियार थे.
आतंकी घोषित होने के बावजूद दाऊद की संपत्तियों को जब्त करने में कानूनी अड़चनें
ठाणे पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह ने बताया कि सूचना मिली थी कि दाऊद इब्राहिम का गैंग एक्टिव है. पहले हमने कुछ पीड़ितों की पहचान की. उनमें से एक को भरोसे में लेने के बाद मामला दर्ज हुआ. इकबाल कासकर को जब गिरफ्तार किया गया तो वह हसीना पारकर के घर टीवी देखते हुए बिरयानी खा रहा था. पुलिस ने बताया कि उन्होंने पीड़ित से 4 फ्लैट और 3 लाख कैश लिया. एक आरोपी उसी फ्लैट में रह रहा था.एक संदिग्ध ड्रग डीलर को भी पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है. वह घर में साथ था.
पुलिस ने बताया कि इस मामले में मकोका लगाने पर विचार हो रहा है. मामले में दाऊद का सीधा और परोक्ष रूप से हाथ है या नहीं, इसकी भी जांच की जाएगी. इकबाल ड्रग एडिक्ट है. उस एंगल से भी इस केस की जांच होगी. हमें 10 के करीब नाम मिले हैं जिनसे वसूली हुई है. उनमें बिल्डर और ज्वैलर भी हैं. कुछ लोकल नेताओं के नाम भी आ रहे हैं और कुछ नगरसेवल भी हो सकते हैं. धमकी दाऊद इब्राहिम के नाम से दी जा रही थी. इकबाल कासकर खुद भी फोन करके धमकाता था.
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दाऊद के भाई इकबाल कासकर को 2003 में दुबई से प्रत्यार्पित किया गया था. आने के बाद उस पर सारा सहारा मामले मे मुकदमा चला, लेकिन सबूत की कमी की वजह से वह बरी हो गया था. इससे पहले, इकबाल कासकर पर 2011 में जानलेवा हमला हुआ था. फायरिंग में इकबाल के ड्राइवर की मौत हो गई थी. दो हमलावरों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था. इनके पास विदेशी हथियार थे.
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Dawood Ibrahim, Iqbal Kaskar, Thane Police